-महापौर सुनीता दयाल ने कई वार्डों में नाला, सड़क और सौंदर्यकरण कार्यों का किया शिलान्यास
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। शहर को आधुनिक, सुव्यवस्थित और नागरिकों के लिए अधिक सुविधाजनक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए महापौर सुनीता दयाल ने मंगलवार को लगभग 6 करोड़ 50 लाख रुपये की लागत से होने वाले विभिन्न विकास कार्यों का विधिवत शिलान्यास किया। नाला निर्माण, सड़क सुधार और सेंट्रल वर्ज के सौंदर्यकरण जैसे अहम कार्यों की शुरुआत नारियल फोड़कर कराई गई, जिससे अलग-अलग वार्डों में लंबे समय से चली आ रही समस्याओं के समाधान की उम्मीद जगी है। शिलान्यास कार्यक्रम के दौरान महापौर ने स्पष्ट किया कि शहर के हर कोने तक विकास पहुंचाना उनका संकल्प है। उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में वर्षों से जलभराव, टूटी सड़कों और अव्यवस्थित नालों के कारण नागरिक परेशान थे, वहां प्राथमिकता के आधार पर कार्य कराए जा रहे हैं। इन परियोजनाओं के पूर्ण होने से न केवल यातायात सुगम होगा, बल्कि जल निकासी की समस्या से भी स्थायी राहत मिलेगी। महापौर ने जानकारी दी कि वार्ड-39 में भाटिया रोड स्थित गुरुद्वारे के सामने आरसीसी नाले का नवीनीकरण किया जाएगा। मेरठ तिराहे से गंगाजल रोड होते हुए एनएच-9 तक सेंट्रल वर्ज का सौंदर्यकरण शहर की सुंदरता में चार चांद लगाएगा।
इसके साथ ही वार्ड-27 में आयुर्वेदिक चिकित्सालय से सीवरेज प्लांट तक सड़क के दोनों ओर नाले का निर्माण, प्लांट रोड और डूंडाहेड़ा क्षेत्र में आरसीसी नालों का निर्माण, वार्ड-46 न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी और वार्ड-51 प्रताप विहार में सड़क व नाली निर्माण के कार्य शामिल हैं। इन सभी कार्यों की मांग स्थानीय नागरिक लंबे समय से कर रहे थे, जिस पर संज्ञान लेते हुए त्वरित निर्णय लिया गया। कार्यक्रम के दौरान महापौर सुनीता दयाल ने अधिकारियों और ठेकेदारों को सख्त निर्देश दिए कि निर्माण कार्यों में गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। मानक सामग्री के उपयोग और समयबद्ध कार्य पूर्ण करने पर विशेष जोर देते हुए उन्होंने कहा कि विकास कार्य तभी सार्थक होंगे जब वे टिकाऊ और भरोसेमंद हों। शिलान्यास कार्यक्रम में पार्षद नरेश जाटव, उदित मोहन गर्ग, विनिल दत्त, दयानंद शर्मा, राजेश शर्मा, ऋषभ तिवारी, मद्रासी भाई सहित बड़ी संख्या में स्थानीय जनप्रतिनिधि और नागरिक मौजूद रहे। सभी ने विकास कार्यों की शुरुआत पर संतोष व्यक्त किया और इसे शहर के लिए महत्वपूर्ण कदम बताया।
कार्यक्रम के दौरान महापौर ने मानवीय संवेदनाओं का भी परिचय दिया। उन्होंने अपने निजी संसाधनों से मंगाए गए उच्च गुणवत्ता वाले कोट और कंबल स्थानीय जरूरतमंद लोगों को वितरित किए। कोट और कंबलों की गुणवत्ता और उपयोगिता की लोगों ने खुलकर सराहना की और महापौर के इस कदम को जनसेवा की मिसाल बताया। महापौर सुनीता दयाल ने अंत में कहा कि विकास और जनकल्याण दोनों उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता हैं। आने वाले समय में भी गाजियाबाद में इसी तरह विकास कार्यों की झड़ी लगी रहेगी और शहर को एक बेहतर, स्वच्छ और सुव्यवस्थित स्वरूप दिया जाएगा।















