नाराज नागरिकों का हंगामा, यातायात रोका

दिल्ली-मेरठ रोड पर शव रखकर नारेबाजी

लखनऊ। श्मशान घाट हादसे पर सोमवार को नागरिकों का गुस्सा फूट पड़ा। पोस्टमार्टम के बाद मृतकों के शव आने पर कई घरों में कोहराम मच गया। नाराज नागरिकों ने दिल्ली-मेरठ रोड पर यातायात जाम कर हंगामा किया। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने जैसे-तैसे प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर शांत किया। इस बीच हाईवे पर 4-5 किमी लंबा जाम लगने से वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। जनपद गाजियाबाद के उखलारसी श्मशान घाट में रविवार को हादसा होने से 25 नागरिकों की मौत हो गई। पुलिस ने सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था। पोस्टमार्टम के बाद सोमवार की सुबह मृतकों के शव आने पर कई परिवारों में कोहराम मच गया। हादसे से नाराज नागरिक एकत्र होकर दिल्ली-मेरठ रोड पर पहुंच गए। मुरादनगर में हाईवे पर यातायात बाधित कर दिया गया। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। सप्ताह का पहला दिन होने के कारण हाईवे पर यातायात का दबाव ज्यादा था। जाम लगने से वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। हंगामे की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर शांत कराया। तब जाकर जाम खोला गया। बता दें कि मुरादनगर की घटना पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी दुख जाहिर कर चुके हैं। इस प्रकरण में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर सोमवार को नगर पालिका परिषद की अधिशासी अधिकारी निहारिका सिंह के अलावा अवर अभियंता और सुपरवाइजर को गिरफ्तार कर लिया। ठेकदार की तलाश हो रही है।उधर, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस घटना की जांच का जिम्मा मेरठ मंडलायुक्त अनीसा सी मेश्राम और मेरठ जोन के पुलिस महानिरीक्षक प्रवीण कुमार को सौंपा है। दोनों अधिकारियों ने रविवार की देर रात तक गाजियाबाद में पुलिस-प्रशासनिक अधिकारियों के साथ इस प्रकरण में विचार-विमर्श किया। मंडलायुक्त और आईजी की तरफ से शीघ्र संयुक्त रिपोर्ट मुख्यमंत्री को प्रेषित कर दी जाएगी।