-जनसुनवाई में प्राप्त हुए 29 संदर्भ, विकास कार्यों पर हुई चर्चा
-अर्थला के निवासियों को जलभराव से मिली निजात
गाजियाबाद। शहर की समस्याओं का निस्तारण और विकास करना नगर निगम की प्राथमिकता है। उसी प्राथमिकता के आधार पर नगर निगम के सभी अधिकारियों की भी शिकायतों के निस्तारण में अपनी प्राथमिकता दिखानी होगी। जनता की समस्याओं का त्वरित निस्तारण ही सरकार का मकसद है। अपनी समस्याओं के निस्तारण के लिए लोग भी नगर निगम इसी उम्मीद से आते है कि अधिकारी उनकी शिकायतों का समाधान करेंगे और अधिकारियों को भी उनके साथ सौम्य व्यवहार करना चाहिए। जिससे उनकी उम्मीद कभी न टूटे। उक्त बातें मंगलवार को निगम मुख्यालय में आयोजित संभव जनसुनवाई की अध्यक्षता करते हुए नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने जन समस्याओं को सुनते हुए निगम अधिकारियों से कहीं। संभव में अधिकांश संदर्भ निर्माण विभाग से प्राप्त हुए। निर्माण विभाग से 10 संदर्भ, डूडा विभाग से 1, स्वास्थ्य विभाग से 3, उद्यान विभाग से 2 प्रकाश विभाग से 2 संपत्ति विभाग से 1 टैक्स विभाग से 1 जलकल विभाग से 4, अतिक्रमण संबंधित 3 अन्य विभाग से 1 संदर्भ प्राप्त हुआ। इस दौरान 29 संदर्भ प्राप्त हुए। संभव में प्राप्त संदर्भों पर अविलंब कार्यवाही के लिए नगर आयुक्त ने उपस्थित अधिकारियों को निर्देश दिए।
संभव के दौरान वार्ड संख्या 14 की पार्षद ओमप्रकाश द्वारा अपने क्षेत्र के विकास कार्यों को लेकर नगर आयुक्त से चर्चा की। अन्य विभागों से भी समन्वय स्थापित कर निर्माण कार्यों में तेजी लाने के लिए निर्णय लिया गया। वार्ड संख्या 24 से पवन कुमार गौतम द्वारा क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों को लेकर धन्यवाद किया गया। वार्ड संख्या 38 पार्षद मनोज पाल एवं निवासियों द्वारा जलभराव से निजात दिलाने के लिए नाला निर्माण और अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए नगर आयुक्त व टीम का धन्यवाद दिया। नगर आयुक्त ने इस दौरान संभव जनसुनवाई में पूर्व में निस्तारण हुए शिकायतों का अधिकारियों से फीडबैक लिया। इस मौके पर अपर नगर आयुक्त अवनिंद्र कुमार, अपर नगर आयुक्त अरुण कुमार यादव, मुख्य अभियंता निर्माण एनके चौधरी, महाप्रबंधक जल विजय नारायण मौर्य, संयुक्त नगर आयुक्त ओमप्रकाश, संपत्ति प्रभारी पल्लवी सिंह, मुख्य कर निर्धारण अधिकारी डॉक्टर संजीव सिन्हा व अन्य टीम उपस्थित रही।

















