-गाजियाबाद पुलिस ने जन-सेवा को बनाया प्राथमिकता, शिकायतकर्ताओं के लिए संवेदनशील व्यवस्था लागू
-पुलिस कमिश्नर जे. रविन्दर गौड़ ने थाने का किया औचक निरीक्षण, दिए त्वरित कार्रवाई और शुद्ध सेवाओं के निर्देश
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। पुलिस कमिश्नर जे. रविन्दर गौड़ ने शनिवार रात विजयनगर थाने का औचक निरीक्षण किया और थाने में कार्यरत पुलिसकर्मियों को निर्देश दिए कि थाने में आने वाले सभी शिकायतकर्ताओं के साथ मृदुल, संवेदनशील और सहयोगात्मक व्यवहार सुनिश्चित किया जाए। इसके साथ ही शिकायतों पर त्वरित, निष्पक्ष और प्रभावी कार्रवाई करने को भी प्राथमिकता दी जाए। निरीक्षण के दौरान पुलिस कमिश्नर ने एसीपी कोतवाली रितेश त्रिपाठी, थाना प्रभारी निरीक्षक धर्मपाल सिंह, इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह और अन्य अधिकारियों से विस्तार से वार्ता की। उन्होंने थाना कार्यालय, सीसीटीएनएस, मिशन शक्ति केंद्र और थाने के अभिलेखों का गहन मूल्यांकन किया।
पुलिस कमिश्नर ने कहा कि यह निरीक्षण केवल औपचारिकता नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य पुलिस कार्यप्रणाली की गुणवत्ता का मूल्यांकन करना, महिला सुरक्षा, शिकायत निवारण तंत्र और थाने में उपलब्ध सुविधाओं की समीक्षा करना है। उन्होंने आदेश दिए कि प्रतिदिन नियमित जनसुनवाई की जाए और थाने में आने वाले आगंतुकों के लिए प्रतीक्षालय की सुविधा, शुद्ध पेयजल, स्वच्छ शौचालय और उचित बैठने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। महिला शिकायतकर्ताओं के लिए अलग शौचालय और मिशन शक्ति केंद्र में परामर्श सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
थाने में लगे सभी सीसीटीवी कैमरे चालू और रिकॉर्डिंग सुरक्षित होनी चाहिए। सभी अभियोगों से संबंधित दस्तावेज, जब्त माल और उपकरणों का सुरक्षित और संगठित रख-रखाव सुनिश्चित किया जाए। मालखाने में सामग्री की सूची अद्यतन रखी जाए और सभी रिकॉर्ड समय-समय पर अपडेट किए जाएं। पुलिस कमिश्नर ने उपनिरीक्षकों को निर्देश दिए कि विवेचना में तथ्यों की गहनता और साक्ष्यों की शुद्धता के साथ समयबद्ध रूप से मुकदमे निस्तारित किए जाएं। उन्होंने कहा कि कमिश्नरेट पुलिस अपनी कार्यप्रणाली को अधिक उत्तरदायी, पारदर्शी और संवेदनशील बनाने की दिशा में लगातार प्रयासरत है।
जे. रविन्दर गौड़ ने अधिकारियों से कहा कि नियमित जनसुनवाई और जनसंवाद की प्रक्रिया को और मजबूत किया जाए ताकि जनता की शिकायतों का शीघ्र समाधान हो और गाजियाबाद में एक आधुनिक, पारदर्शी और जनोन्मुखी पुलिस तंत्र स्थापित किया जा सके। इस अभियान के माध्यम से पुलिसकर्मी न केवल जनता के लिए सुलभ होंगे, बल्कि अपराध और शिकायतों के समाधान में पारदर्शिता और विश्वसनीयता भी सुनिश्चित होगी। पुलिस कमिश्नर का मानना है कि इस पहल से जनता में पुलिस के प्रति विश्वास बढ़ेगा और गाजियाबाद में सुरक्षा और न्याय सुनिश्चित करने की प्रक्रिया और मजबूत होगी।
















