झारखंड से तस्करी कर गाजियाबाद पहुंचे अंतर्राज्यीय तस्कर को क्राइम ब्रांच की टीम ने दबोचा, 55 लाख की अफीम बरामद

गाजियाबाद। झारखंड से तस्करी कर लाई गई 55 लाख की अफीम समेत अंतर्राज्यीय तस्कर को क्राइम ब्रांच की टीम ने गिरफ्तार किया है। जिसके पास से 2.160 किलो अफीम बरामद किया गया। एडीसीपी क्राइम सच्चिदानंद ने बताया शनिवार को क्राइम ब्रांच प्रभारी अब्दुर रहमान सिद्दीकी की टीम ने मुरादनगर स्टेशन के पास सर्विस रोड से राहुल कुमार डांगी पुत्र मुसाफिर डांगी निवासी ग्राम लैम्बोईया पथेरगडा जिला चतरा झारखण्ड को गिरफ्तार कियाहै। पकड़ा गया आरोपी 12वीं पास है। जो कि खेत में मजदूरी और ट्रैक्टर पर ड्राईवरी कर मुश्किल से ढाई सौ- तीन सौ रुपये रोजाना कमा पता था। इतने कम पैसे में घर का खर्च नहीं चलता था। एडीसीपी क्राइम सच्चिदानंद ने बताया राहुल आर्थिक तंगी से परेशान था, इसी बीच उसकी मुलाकात स्कूल के दोस्त प्रीतम से हुई।

प्रीतम नशीले पदार्थों की डिलीवरी का काम करता था और हर चक्कर पर उसे 20 हजार रुपये मिलते थे। प्रीतम ने राहुल को भी डिलीवरी का काम दिला दिया। वह भी दिल्ली-एनसीआर और पंजाब में एक डिलीवरी के लिए 20 हजार रुपये लेने लगा। राहुल ने पुलिस को बताया कि दो-तीन चक्कर के बाद उसने खुद तस्करी का काम शुरू कर दिया। वह सीधे पार्टियों से ऑर्डर लेकर दिल्ली – एनसीआर और पंजाब में सप्लाई करने लगा। धीरे- धीरे उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और दिल्ली-एनसीआर में उसका नेटवर्क तैयार हो गया। खुद तस्करी कर उसे मोटा फायदा होने लगा। माल सप्लाई करने के लिए पहले ही तय कर लेता था कि माल कब, कहाँ, और कितने बजे पहुंचाना है, सब कुछ तय करने के बाद माल की सप्लाई कर दी जाती थी।

राहुल डिलीवरी के लिए निकलने के बाद किसी से संपर्क नहीं करता था। एडीसीपी ने बताया कि राहुल के मुताबिक इस माल की डिलीवरी गाजियाबाद करने की बात तय हुई थी। राहुल ने बताया कि पिछले कुछ समय से दिल्ली- एनसीआर क्षेत्र में अफीम की माँग बढी है। वह एक वर्ष से तस्करी के काम में लगा हुआ था। तस्करी से होने वाली कमाई से राहुल अच्छे से अपने शौक पूरे करता। पूछताछ के दौरान अभियुक्त ने कई अहम जानकारी भी उपलब्ध कराई हैं। इनपुट पर काम किया जा रहा है, जल्दी ही तस्करी को लेकर कुछ बड़े खुलासे होने की उम्मीद है।