कोरोना के खिलाफ इथोपिया का सख्त कदम
इथोपिया। कोविड-19 (कोरोना वायरस) की रोकथाम के लिए दुनियाभर में हरसंभव प्रयास चल रहे हैं। कोरोना वैक्सीन के लिए इंतजार खत्म नहीं हो रहा है। कोरोना प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन कराने को प्रत्येक देश गंभीर है। इसी क्रम में अब इथोपिया में मास्क पहनने को सख्ती की गई है। इथोपिया में अब मास्क न पहनने पर 2 साल तक जेल की हवा खानी पड़ सकती है। इसके अलावा जुर्माना भी भरना पड़ेगा। अफ्रीका में इथोपिया दूसरी बड़ी आबादी वाला देश है। कोविड-19 (कोरोना वायरस) से निपटने को इथोपिया भी हरसंभव कोशिश कर रहा है। अप्रैल में वहां आपातकाल लागू कर दिया गया था। आपातकाल को सितम्बर में हटाया गया। हालांकि सख्त पाबंदियां अभी भी लागू हैं। इसके तहत सार्वजनिक स्थानों पर मास्क पहनना अनिवार्य है। हालांकि नागरिक बाज नहीं आ रहे हैं। वह निर्धारित नियमों का पालन करने से बच रहे हैं। इसके चलते सरकार को और सख्ती दिखानी पड़ी है। इथोपिया के स्वास्थ्य मंत्री लिआ टेडेज का कहना है कि कोविड-19 (कोरोना वायरस) के प्रति नागरिक सतर्क नहीं रहते तो बीमारी बढ़ जाएगी। इससे देश को भी खतरा उत्पन्न होने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता है। इथोपिया में अब तक कोरोना के 91 हजार केस प्रकाश में आ चुके हैं। करीब 1400 नागरिकों की मौत हो चुकी है। कोरोना वायरस की वजह से इथोपिया ने अगस्त में प्रस्तावित क्षेत्रीय और संसदीय चुनाव को भी स्थगित कर दिया था। इथोपिया की आबादी 11 करोड़ 58 लाख है। देश में कोरोना वायरस के बढ़ते खतरे को देखकर मास्क पहनना बेहद जरूरी कर दिया गया है। ऐसा न करने पर 2 साल तक जल की सजा का प्रावधान किया है। इसके अतिरिक्त जुर्माना भी लगाया जाएगा। सरकार का कहना है कि नागरिकों को महामारी की गंभीरता को समझने की जरूरत है। चूंकि जरा सी लापरवाही जीवन पर भारी पड़ सकती है।
















