हिंडन खादर में आबकारी विभाग का सर्च ऑपरेशन, शराब माफियाओं पर कसा शिकंजा

-24 घंटे लगातार निगरानी और ऑपरेशन के तहत 400 किलोग्राम लहन व 15 लीटर कच्ची शराब जब्त, झाडिय़ों के बीच छिपा रखी थी शराब
-हरियाणा शराब तस्कर के घर छापेमारी, बॉर्डर पर बढ़ाई निगरानी

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। सर्दियों के मौसम की शुरुआत के साथ ही हिंडन खादर क्षेत्र में अवैध शराब के निर्माण और बिक्री को पूरी तरह खत्म करने के लिए आबकारी विभाग ने एक व्यापक और सघन अभियान शुरू किया है। जिले में शराब माफियाओं के खिलाफ अब कोई ढील नहीं रखी जा रही है। आबकारी विभाग के अधिकारियों ने दिन और रात 24 घंटे के सतत निगरानी तंत्र के माध्यम से अवैध शराब के निर्माण और बिक्री में शामिल माफियाओं को पकडऩे और सलाखों के पीछे भेजने का संकल्प लिया है।
जिला आबकारी अधिकारी संजय कुमार प्रथम ने बताया कि जिले में अवैध शराब के निर्माण, परिवहन और बिक्री के खिलाफ आबकारी विभाग की टीमें लगातार मोर्चा संभाले हुए हैं। उन्होंने कहा कि विभाग ने अपने नेटवर्क और मुखबिर तंत्र की मदद से ऐसे ठिकानों की पहचान की है, जहां माफिया शराब का निर्माण और भंडारण कर रहे थे। अभियान के दौरान आबकारी निरीक्षक अनुज वर्मा की टीम ने मुखबिर की सूचना पर थाना लोनी बोर्डर अंतर्गत बेहटा हाजीपुर में स्थित संदिग्ध स्थान पर दबिश दी, लेकिन वहां कोई अवैध शराब नहीं मिली।

इसके बाद टीम ने अन्य सूचना के आधार पर हिंडन खादर क्षेत्र के रिस्तल एवं जावली में छापेमारी की। इस दौरान झाडिय़ों के बीच छिपाकर रखे गए 400 किलोग्राम लहन और 15 लीटर अवैध कच्ची शराब बरामद की गई। विभाग की टीम ने लहन को मौके पर नष्ट कर दिया और कच्ची शराब को जब्त कर सुरक्षा में रखा।
जिला आबकारी अधिकारी ने बताया कि आबकारी विभाग के इस सघन अभियान से क्षेत्र में माफियाओं के बीच हड़कंप मच गया है। शराब माफिया अब सुरक्षित स्थानों पर भी अपने उत्पादन और भंडारण में संकोच करने लगे हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि अवैध शराब के निर्माण और बिक्री में शामिल कोई भी व्यक्ति नहीं बचेगा और सभी को पकडऩे के लिए लगातार कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने कहा कि आबकारी विभाग न केवल अवैध शराब के निर्माण और बिक्री को रोक रहा है, बल्कि समाज में शराब से होने वाले सामाजिक और स्वास्थ्य संबंधी खतरों को भी कम करने के लिए सक्रिय प्रयास कर रहा है। अधिकारी ने बताया कि माफिया शराब के ठिकानों पर झाडिय़ों में छिपाकर रखते थे ताकि कोई उनकी गतिविधियों का पता न लगा सके। लेकिन आबकारी विभाग ने तकनीकी और लोकल नेटवर्क का उपयोग कर ऐसे ठिकानों की पहचान कर प्रभावी कार्रवाई की। आबकारी विभाग जिले में किसी भी स्थिति में अवैध शराब के कारोबार को बर्दाश्त नहीं करेगा। जिले में विभाग के अधिकारियों ने लगातार जागरूकता अभियान भी चलाया है, ताकि आम जनता शराब माफियाओं की पहचान कर संबंधित जानकारी विभाग को दे सके। मुखबिरों की सूचनाओं के आधार पर किए गए छापे लगातार सफल हो रहे हैं।

संजय कुमार प्रथम ने कहा कि अवैध शराब से जुड़े अपराध समाज और युवा पीढ़ी के लिए खतरा हैं। आबकारी विभाग का उद्देश्य न केवल माफियाओं को सलाखों के पीछे भेजना है, बल्कि अवैध शराब के जाल को पूरी तरह से खत्म कर समाज में सुरक्षा और स्वास्थ्य को बढ़ावा देना भी है। उन्होंने कहा कि विभाग 24 घंटे सतत निगरानी और विशेष ऑपरेशन के जरिए अवैध शराब के निर्माण और बिक्री पर नजर बनाए रखेगा।
जिला आबकारी अधिकारी ने बताया कि विभाग की टीमें हिंडन खादर के अलावा जिले के अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में भी लगातार गश्त और छापेमारी कर रही हैं। इससे अवैध शराब के कारोबार में शामिल लोग अब सुरक्षित नहीं हैं। अधिकारी ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी अवैध शराब उत्पादन या वितरण के मामले की सूचना विभाग को दें, ताकि त्वरित कार्रवाई की जा सके।

जिले में कानून और व्यवस्था बनाए रखने में मदद मिलेगी और समाज में नशे के खिलाफ संदेश भी पहुंचेगा। आबकारी विभाग का यह कदम न केवल शराब माफिया के खिलाफ कड़ा कदम है, बल्कि यह युवाओं और आम नागरिकों को सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण देने की दिशा में भी महत्वपूर्ण साबित होगा। हिंडन खादर क्षेत्र में आबकारी विभाग की यह कार्रवाई अवैध शराब माफियाओं के लिए एक चेतावनी के रूप में देखी जा रही है और जिले में अवैध शराब की जड़ें खत्म करने के प्रयास निरंतर जारी रहेंगे।