मोरटी और अटोर गांव में 26 बीघा में फैली अवैध कॉलोनियों का जीडीए ने बुलडोजर से किया ध्वस्त

-प्रवर्तन टीम ने अवैध निर्माण पर सख्त कार्रवाई की, विरोध करने वालों को पुलिस ने दिया खदेड़

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने अनधिकृत कॉलोनियों और अवैध निर्माण के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रखी है। नवागत जीडीए उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि कोई भी अवैध निर्माण क्षेत्र में नहीं होने दिया जाएगा और सभी अनधिकृत कॉलोनियों को तत्काल हटाया जाए। इसी दिशा में गुरूवार को जीडीए प्रवर्तन टीम ने मोरटी और अटोर गांव के पास लगभग 26 बीघा क्षेत्रफल में फैली दो अवैध कॉलोनियों को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया। इस कार्रवाई का नेतृत्व जीडीए प्रवर्तन जोन-1 के प्रभारी एवं ओएसडी राजीव रत्न सिंह ने किया। टीम में सहायक अभियंता रूद्रेश शुक्ला, अवर अभियंता इम्तियाज अहमद और जीडीए पुलिस बल भी शामिल थे। निरीक्षण और संचालन के दौरान देखा गया कि नई हरनंदीपुरम योजना से सटी अटोर की लगभग 14 बीघा जमीन पर अवैध कॉलोनियों में सड़कें और भूखंडों की बाउंड्रीवाल बनाई गई थीं। खेती की भूमि पर इंटरलॉकिंग टाइल्स लगाकर कमरे और सड़कों का निर्माण किया गया था।

जीडीए टीम ने बुलडोजर से सभी निर्माण को ध्वस्त कर दिया। इस दौरान कॉलोनाइजर और कुछ निर्माणकर्ताओं ने विरोध किया, लेकिन जीडीए पुलिस बल ने उन्हें नियंत्रित करते हुए कार्रवाई को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। अधिकारियों ने चेतावनी दी कि भविष्य में किसी ने भी अवैध कॉलोनी में भूखंड काटने का प्रयास किया तो उनके खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज की जाएगी और कड़ी कार्रवाई की जाएगी। नंद किशोर कलाल ने कहा कि यह कार्रवाई केवल नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए ही नहीं, बल्कि गाजियाबाद के नागरिकों के हित में की जा रही है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि अवैध कॉलोनियों और निर्माणों के खिलाफ कार्रवाई निरंतर जारी रहे और किसी भी क्षेत्र में प्रशासनिक उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि विकास प्राधिकरण की प्राथमिकता है कि शहर में योजनाबद्ध और सुव्यवस्थित आवासीय और औद्योगिक क्षेत्र विकसित किए जाएं।

इसके लिए सभी परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूर्ण करने और जनता को लाभ पहुंचाने के लिए जीडीए अधिकारियों को लगातार सक्रिय रहना होगा। प्रवर्तन टीम ने मोरटी और अटोर क्षेत्र के निरीक्षण के दौरान आसपास की जमीनों पर निगरानी बढ़ा दी है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे अवैध निर्माण की जानकारी तुरंत जीडीए को दें। इस तरह की सूचनाएं अधिकारियों को समय रहते कार्रवाई करने में मदद करेंगी। जीडीए उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल ने कहा कि शहर में अवैध निर्माण और अनधिकृत कॉलोनियों के खिलाफ कार्रवाई से गाजियाबाद की भूमि और पर्यावरण दोनों संरक्षित रहेंगे।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि ध्वस्तीकरण के साथ-साथ लोगों में जागरूकता अभियान भी चलाया जाए, ताकि लोग नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित हों। मोरटी और अटोर गांव की यह कार्रवाई गाजियाबाद में अवैध कॉलोनियों के खिलाफ प्रशासन की सख्ती और प्रतिबद्धता का स्पष्ट उदाहरण है। अधिकारियों ने कहा कि यह अभियान भविष्य में भी निरंतर जारी रहेगा और कोई भी व्यक्ति अवैध निर्माण या कॉलोनी बनाने का प्रयास करेगा, तो उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।