मधुबन-बापूधाम में जीडीए ने अवैध निर्माणों पर कसा शिकंजा, सख्त कार्रवाई जारी

-जीडीए प्रवर्तन टीम ने खसरा संख्या-370 पर बिना अनुमति निर्माण सील किया
-उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल के निर्देश पर अवैध निर्माणों के खिलाफ कठोर और निरंतर कार्रवाई

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने मधुबन-बापूधाम क्षेत्र में अवैध निर्माणों पर सख्त कार्रवाई जारी रखी है। जीडीए उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल के निर्देशों के तहत प्रवर्तन जोन-3 के अधिशासी अभियंता योगेश पटेल के नेतृत्व में सहायक अभियंता अनुज कुमार, अवर अभियंता प्रभु नारायण सिंह और अवर अभियंता सतेंद्र सिंह ने टीम के साथ संयुक्त रूप से मधुबन-बापूधाम योजना में अवैध निर्माणों को सील किया। शनिवार को बुनकर मार्ट के पास खसरा संख्या-370 की भूमि पर अमित चौधरी, सूर्या प्रकाश, अजय सिंह, महावरी सिंह, जबर सिंह, ओमकार, जयवीर, जसवीर, उदयवीर सहित अन्य व्यक्तियों ने जीडीए से अनुमति लिए बिना निर्माण कर लिया था। प्रवर्तन टीम ने मौके पर पहुंचकर सभी अवैध निर्माणों पर तत्काल कार्रवाई की और उन्हें सील कर दिया।

सीलिंग के दौरान निर्माणकर्ताओं ने विरोध प्रकट किया, लेकिन जीडीए पुलिस और मधुबन-बापूधाम थाना पुलिस की सक्रियता और तत्परता के चलते स्थिति को नियंत्रित करते हुए कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराई गई। जीडीए प्रवर्तन जोन-3 के प्रभारी ने बताया कि अवैध निर्माणों पर सख्त रुख जारी रहेगा और बिना स्वीकृति किए गए किसी भी निर्माण को सील या ध्वस्त करने में कोई ढील नहीं दी जाएगी। इस कार्रवाई के दौरान सहायक अभियंता, अवर अभियंता, सुपरवाइजर, मेट और स्थानीय पुलिस बल मौजूद थे, जिन्होंने टीम के साथ मिलकर निर्माणकर्ताओं और मौके पर इक_ा हुई भीड़ को नियंत्रित किया।

अधिकारीयों ने बताया कि यह कार्रवाई शहर में नियमों के पालन को सुनिश्चित करने और अवैध कब्जों पर अंकुश लगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। जीडीए अधिकारियों ने कहा कि अवैध निर्माण न केवल शहर की योजना को प्रभावित करते हैं बल्कि आसपास के कानूनी ढांचे और मूलभूत नागरिक सुविधाओं के संचालन में बाधा डालते हैं। उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जो भी व्यक्ति प्राधिकरण से अनुमति लिए बिना निर्माण करता पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

प्रशासन ने यह भी बताया कि मधुबन-बापूधाम क्षेत्र में लगातार निगरानी जारी है और आने वाले दिनों में ऐसे सभी निर्माणों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। अधिकारीयों ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी अवैध निर्माण की सूचना जीडीए या स्थानीय पुलिस को दें, ताकि कार्रवाई को तेज और प्रभावी बनाया जा सके।