गाजियाबाद में अवैध निर्माण और अनाधिकृत कॉलोनियों की कुंडली तैयार: 10 वर्षों का लेखा-जोखा जुटा रहा जीडीए

– गाजियाबाद विकास प्राधिकरण ने सभी 8 प्रवर्तन जोनों को दिए निर्देश, कार्रवाई की तैयार हो रही जोनवार रिपोर्ट

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) अब पूरे सीमा क्षेत्र में पिछले दस वर्षों में हुए अवैध निर्माण और काटी गई अनाधिकृत कॉलोनियों का ब्योरा जुटा रहा है। वर्ष 2015 से लेकर अब तक कहां-कहां नियमों की धज्जियां उड़ीं और प्राधिकरण द्वारा क्या कदम उठाए गए, इसकी पूरी कुंडली तैयार की जा रही है। इस अहम कार्रवाई की जिम्मेदारी खुद जीडीए उपाध्यक्ष अतुल वत्स ने अपने हाथों में ली है और उनके निर्देश पर सभी आठ प्रवर्तन जोनों के प्रभारी, सहायक अभियंता और अवर अभियंता मैदान में उतर चुके हैं। इस समय जीडीए में प्रदेश शासन के निर्देशों के तहत व्यापक स्तर पर अभियान चलाया जा रहा है, जिसमें अवैध निर्माणों और अनाधिकृत कॉलोनियों को चिन्हित कर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई हो रही है। लेकिन अब तस्वीर और भी व्यापक रूप ले चुकी है। अब सिर्फ वर्तमान नहीं, बल्कि पिछले 10 वर्षों का पूरा लेखा-जोखा तैयार किया जा रहा है।

जीडीए के अनुसार, इस डाटा संग्रह का उद्देश्य भविष्य की सख्त और प्रभावी कार्रवाई को ठोस आधार देना है। गौरतलब है कि जीडीए उपाध्यक्ष अतुल वत्स के नेतृत्व में पिछले एक वर्ष के दौरान 200 से अधिक अनाधिकृत कॉलोनियों और 300 से ज्यादा अवैध निर्माणों को ध्वस्त किया जा चुका है। यही वजह है कि अब पूरे दशक के निर्माण इतिहास को खंगालकर एक बड़ी कार्ययोजना तैयार की जा रही है, जिससे दोबारा इस तरह के निर्माण को जड़ से खत्म किया जा सके। सूत्रों की मानें तो यह जोनवार सूची तैयार होने के बाद शासन को भी सौंपा जाएगा और इसके आधार पर संबंधित दोषियों पर सख्त कार्रवाई तय मानी जा रही है।

प्राधिकरण यह भी सुनिश्चित कर रहा है कि अब कोई भी अवैध कॉलोनी या निर्माण भविष्य में अनुमति के बिना अस्तित्व में न आ सके। इसके लिए नीति स्तर पर बदलाव और निगरानी प्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाया जा रहा है। इस पूरी कवायद से यह साफ हो गया है कि गाजियाबाद विकास प्राधिकरण अब केवल सतही कार्रवाई तक सीमित नहीं रहना चाहता, बल्कि जड़ से अवैध निर्माण की समस्या को खत्म करने की ओर निर्णायक कदम बढ़ा चुका है। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि वर्षों से जारी निर्माण अनियमितताओं के खिलाफ यह कठोर अभियान किस तरह के परिणाम लेकर आता है।

अतुल वत्स
जीडीए उपाध्यक्ष

हमारा लक्ष्य है कि गाजियाबाद को अवैध निर्माणों से मुक्त किया जाए और नागरिकों को सुरक्षित और सुव्यवस्थित आवासीय सुविधाएं प्रदान की जाएं। प्रदेश शासन के निर्देशों के अनुरूप हम पिछले 10 वर्षों में हुए सभी अवैध निर्माण और कॉलोनियों की जोनवार सूची तैयार कर रहे हैं। इससे यह सुनिश्चित होगा कि कोई भी अवैध निर्माण कार्रवाई से बच न सके। अब तक जीडीए द्वारा 200 से अधिक अनाधिकृत कॉलोनियों और 300 से ज्यादा अवैध निर्माण ध्वस्त किए जा चुके हैं, और यह अभियान निरंतर जारी रहेगा। अवैध निर्माणों पर रोक लगाने और शहरी विकास को सुव्यवस्थित करने में मदद मिलेगी।
अतुल वत्स
उपाध्यक्ष, गाजियाबाद विकास प्राधिकरण