अयोध्या में ध्वजा-रोहण का ऐतिहासिक पर्व: पंचशील प्राइम रोज़ सोसाइटी राममय, श्रद्धा-संगीत और सामाजिक सद्भाव में डूबा पूरा परिसर

-500 वर्षों की तप-आस्था की विजय के उत्सव से गाजियाबाद के लोगों में उमड़ा भावनात्मक ज्वार, समाजसेवी रविंद्र तिवारी की अगुवाई में हुआ भव्य आयोजन

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। अयोध्या में मंगलवार का दिन इतिहास के स्वर्णाक्षरों में लिखे जाने योग्य बन गया, जब लगभग 500 वर्षों के संघर्ष, न्यायिक लड़ाइयों, समाजिक प्रतिबद्धता और करोड़ों हिंदुओं की गहरी आस्था के फलस्वरूप श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में भव्य ध्वजा-रोहण सम्पन्न हुआ। प्रधानमंत्री द्वारा इस अनोखे क्षण की साक्षी बनते हुए ध्वजा-पूजन और ध्वज-रोहण ने पूरे विश्व में बसे सनातन संस्कृति के अनुयायियों के मन को गौरव और भावनात्मक ऊर्जा से भर दिया। अयोध्या में इस अवसर पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए और संपूर्ण नगर को हाई-सिक्योरिटी ज़ोन में तब्दील कर दिया गया। लाखों श्रद्धालु विभिन्न राज्यों से पहुंचकर ‘जय श्रीराम’ के उद्घोष से आसमान को गुंजायमान करते रहे और पूरा शहर दिव्य आध्यात्मिक वातावरण में सराबोर रहा। वहीं गोसाईगंज विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक इंद्रप्रताप तिवारी खब्बू भी इस ऐतिहासिक क्षण के सांक्षी बने। इसी राष्ट्रीय और आध्यात्मिक उल्लास की लहर गाजि़याबाद तक भी पहुंची, जहाँ पंचशील प्राइम रोज सोसाइटी ने इस ऐतिहासिक पल को विशिष्ट स्वरूप में मनाया। अयोध्या के मूल निवासी और समाजसेवी रविंद्र तिवारी, जो वर्तमान में इस सोसाइटी में रहते हैं, उनकी अगुवाई में टॉवर-7 परिसर में इतना भव्य और अनुशासित आयोजन हुआ कि पूरा परिसर मानो अयोध्या की पावन भूमि में बदल गया हो।

कार्यक्रम का शुभारंभ दीप-प्रज्वलन और मंगलाचार से हुआ। इसके बाद वेद-मंत्रोच्चार, हवन, पूजा-अर्चना और भजन-कीर्तन की मधुर ध्वनियों ने वातावरण को पूर्णत: आध्यात्मिक बना दिया। महिलाएँ, वृद्ध, बच्चे और युवा-सभी में उत्साह देखते ही बनता था। ढोल-नगाड़ों की ताल और  ‘जय श्रीराम’ की गूंज ने सोसाइटी को दिव्य ऊर्जा से भर दिया। धार्मिक आस्था के साथ-साथ मानवीय संवेदनाओं का उदाहरण भी देखने को मिला, जब सोसाइटी के सफाईकर्मियों पर पुष्प-वर्षा कर उन्हें सम्मानित किया गया। यह दृश्य देखकर उपस्थित लोगों ने तालियों और हर्ष-ध्वनियों से आयोजन समिति का अभिनंदन किया। इस कार्यक्रम में गोविंदपुरम क्षेत्र के सम्माननीय पार्षद श्री मनोज त्यागी भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि श्रीराम केवल धार्मिक प्रतीक नहीं, बल्कि मर्यादा, सेवा, त्याग, नेतृत्व और राष्ट्र-निष्ठा के आदर्श हैं, जिनसे प्रत्येक व्यक्ति और समाज दिशा प्राप्त करता है। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने सोसाइटी के सेंट्रल पार्क में हाई-मास्ट लाइट का भूमि-पूजन प्रायोजित किया और सोसाइटी मंदिर पर इंडिया-मार्क नल का लोकार्पण भी किया।

इस घोषणा और शुभारंभ का निवासियों ने गर्मजोशी से स्वागत किया और तालियों की गडग़ड़ाहट से पार्षद के संकल्प तथा कार्यों की सराहना की। इस समारोह में सोसाइटी के सदस्य अध्यक्ष नीरज सिंह, उर्वशी, संजय महाजन, अरुण गर्ग, संतोष तिवारी, प्रशांत चौधरी, संजय सिंह, आलोक सिंह, अखिलेश अग्रवाल, संजय गुप्ता, राकेश राय, राजेंद्र चौधरी, एच.पी. त्यागी, बत्रा जी, समय सिंह, भास्कर शर्मा, कौशलेंद्र शुक्ला, सुधीर वर्मा, संजय शर्मा, सुनील शर्मा, एच.पी. त्रिपाठी, सूरजपाल सिंह सहित बड़ी संख्या में महिलाएँ, बच्चे और युवा मौजूद रहे। सभी ने मिलकर इस कार्यक्रम को सफल और ऐतिहासिक बनाने में अपना योगदान दिया। अयोध्या में हुए ध्वजा-रोहण से धार्मिक पर्यटन में आए उभार के कारण स्थानीय व्यापार और रोजगार में भी नए अवसर पैदा हुए हैं।

यह आयोजन केवल उत्सव नहीं, बल्कि सदियों की आस्था, संघर्ष और आध्यात्मिक विजय का प्रतीक है, जो आने वाली पीढिय़ों को सांस्कृतिक गौरव का संदेश देगा। गाजियाबाद की पंचशील प्राइम रोज सोसाइटी में हुआ यह उत्सव न केवल श्रद्धा और उत्साह का संगम था, बल्कि सामाजिक एकता, सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण और मानवीय संवेदना का उत्तम उदाहरण भी बना। पूरा दिन सोसाइटी में कृतज्ञता, भक्ति, उमंग और गौरव की अनुभूतियाँ बनी रहीं और निवासी लंबे समय तक इस अविस्मरणीय दिवस को याद रखेंगे।