नोएडा एयरपोर्ट : यापल की मनमानी पर चलेगा कार्रवाई का हंटर

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के निर्माण में देरी पर भरना होगा भारी जुर्माना। एयरपोर्ट साइट पर चीफ सेक्रेटरी डीसी मिश्रा करेंगे प्रोजेक्ट की समीक्षा सितंबर के अंत तक एयरपोर्ट से हवाई उड़ान शुरू किया जाना प्रस्तावित है। ऐसे में काम तेजी से करने के बजाय यापल ने हवाई उड़ान शुरू करने की तिथि ही बदल डाली। यापल ने प्रेसनोट जारी कर कहा है कि जेवर एयरपोर्ट फेज-वन का काम पूरा होने और हवाई उड़ान शुरू होने में वक्त लगेगा। यापल ने कहा कि अप्रैल 2025 में हवाई उड़ान शुरू होगी। हवाई उड़ान शुरू होने में सात महीने की देरी को लेकर यापल द्वारा कोई स्पष्ट कारण नहीं बताया गया है साथ ही हवाई उड़ान की तारीख जारी करने से पहले नियाल एवं उत्तर प्रदेश सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों को भी कोई जानकारी नहीं दी गई। यापल की यह मनमानी उस पर भारी पड़ सकता है। एयरपोर्ट निर्माण को लेकर हुए करार में स्पष्ट रूप से उल्लेख है कि यदि उड़ान में कोई देरी होती है तो प्रतिदिन 10 लाख रुपये की दर से जुर्माना लगाया जाएगा।
विजय मिश्रा (उदय भूमि)
ग्रेटर नोएडा। सरकार की प्राथमिकता में शामिल नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्रोजेक्ट को लेकर विकासकर्ता कंपनी यमुना इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्रा. लि. ( यापल) की मनमानी परेशानी का सबब बन रहा है। सितंबर के अंत तक एयरपोर्ट से हवाई उड़ान शुरू किया जाना प्रस्तावित है। ऐसे में काम तेजी से करने के बजाय यापल ने हवाई उड़ान शुरू करने की तिथि ही बदल डाली। यापल ने प्रेसनोट जारी कर कहा है कि जेवर एयरपोर्ट फेज-वन का काम पूरा होने और हवाई उड़ान शुरू होने में वक्त लगेगा। यापल ने कहा कि अप्रैल 2025 में हवाई उड़ान शुरू होगी। हवाई उड़ान शुरू होने में सात महीने की देरी को लेकर यापल द्वारा कोई स्पष्ट कारण नहीं बताया गया है साथ ही हवाई उड़ान की तारीख जारी करने से पहले नियाल एवं उत्तर प्रदेश सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों को भी कोई जानकारी नहीं दी गई। यापल की यह मनमानी उस पर भारी पड़ सकता है। एयरपोर्ट निर्माण को लेकर हुए करार में स्पष्ट रूप से उल्लेख है कि यदि उड़ान में कोई देरी होती है तो प्रतिदिन 10 लाख रुपये की दर से जुर्माना लगाया जाएगा। यानी यापल के समक्ष समय से काम पूरा करने की जिम्मेदारी है या फिर उसे भारी जुर्माना जमा कराना पड़ सकता है। यापल द्वारा काम में की जा रही देरी को लेकर नायल ने भी नाराजगी जताई है। नायल ने इसकी पूरी रिपोर्ट शासन को भी भेजी है। उधर, अगले सप्ताह जेवर स्थित एयरपोर्ट साइट पर चीफ सेक्रेट्री दुर्गा शंकर मिश्रा प्रोजेक्ट को लेकर बैठक करेंगे।
ज्ञात हो कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से हवाई सेवा की शुरूआत सितंबर 2024 के अंतिम सप्ताह में होनी थी। लेकिन एयरपोर्ट डेवलप करने वाली कंपनी यापल द्वारा कहा जा रहा है कि प्रोजेक्ट में कम से कम सात महीने की देरी होगी और अप्रैल 2025 में हवाई उड़ान शुरू होगी। यापल के इस रवैये पर नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट लि. (नियाल) ने नाराजगी जताते हुए कड़ा रूख अख्तियार किया है। विकासकर्ता कंपनी को अतिरिक्त समय देने के बजाए कार्य समय से पूरा नहीं करने पर जुर्माना लगाने की कार्रवाई प्रदेश सरकार द्वारा की जा सकती है। विकासकर्ता कंपनी द्वारा एयरपोर्ट पर की जा रही निर्माण कार्यों को लेकर भी लापरवाही दिखाई जा रही है। बिना नक्शा पास कराये ही कामर्शियल बिल्डिंगों का निर्माण कराया जा रहा है। ऐसे सभी निर्माण कार्य को रोका जाएगा। यापल की कार्यप्रणाली देखकर ऐसा लग रहा है कि वह हवाई उड़ान शुरू करने से अधिक तरजीह कामर्शियल एक्टिविटीज को दे रही है।
यापल के गैरजिम्मेदाराना रवैये और मनमानी को लेकर नियाल के सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह का कहना है कि उनकी संज्ञान में कई बातें आई है उस पर कार्रवाई की जाएगी। एयरपोर्ट प्रोजेक्ट को समय पर पूरा करना प्राथमिकता है। इसको लेकर कोई अतिरिक्त समय नहीं दिया जाएगा। समय से कार्य पूरा न होने पर डेवलपर पर जुमार्ना लगाया जाएगा। एयरपोर्ट परिसर में बिना नक्शा पास कराये होटल, कार्गो टर्मिनल आदि का निर्माण कराये जाने के मामले में नोटिस जारी कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।