‘ऑपरेशन शिकंजा’ से अवैध शराब माफियाओं में हड़कंप, आबकारी विभाग की ताबड़तोड़ कार्रवाई में दो तस्कर गिरफ्तार

-जिला आबकारी अधिकारी सुबोध श्रीवास्तव के नेतृत्व में रातभर चला अभियान, अवैध कारोबारियों पर कसा शिकंजा
-संयुक्त टीमों की दबिश में भारी मात्रा में अवैध शराब बरामद, तस्करों को भेजा गया जेल
-‘अवैध शराब मुक्त गौतमबुद्ध नगर’ अभियान के तहत लगातार हो रही छापेमारी और टेस्ट परचेजिंग

उदय भूमि संवाददाता
गौतमबुद्ध नगर। जिले में अवैध शराब कारोबारियों के खिलाफ आबकारी विभाग ने एक बार फिर सख्त रुख अपनाते हुए व्यापक अभियान छेड़ दिया है। जिला आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव के नेतृत्व में चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत रात-दिन छापेमारी कर अवैध शराब तस्करों की धरपकड़ की जा रही है। विभाग की लगातार कार्रवाई से शराब माफियाओं में हड़कंप मचा हुआ है और अवैध कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाने की दिशा में महत्वपूर्ण सफलता मिल रही है। जिला आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव ने स्पष्ट किया है कि गौतमबुद्ध नगर की पहचान एक विकसित और आधुनिक जिले के रूप में है तथा किसी भी कीमत पर अवैध शराब कारोबारियों को जिले की छवि खराब नहीं करने दी जाएगी। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि अवैध शराब के निर्माण, परिवहन, भंडारण और बिक्री में संलिप्त लोगों के खिलाफ निरंतर अभियान चलाकर उन्हें कानून के दायरे में लाया जाए। इसी क्रम में शुक्रवार देर रात आबकारी निरीक्षक आशीष पाण्डेय की टीम और थाना ईकोटेक-3 पुलिस की संयुक्त टीम ने विशेष चेकिंग अभियान चलाया।

मुखबिर की सूचना और सघन निगरानी के बाद खेड़ी भनौता कट पेट्रोल पंप से तुस्याना जाने वाले मार्ग पर दबिश दी गई। कार्रवाई के दौरान कुलदीप पुत्र विजेंद्र निवासी खैरपुर को अवैध रूप से शराब बेचते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया। आरोपी के कब्जे से 30 टेट्रा पैक तुस्याना ब्रांड देशी मदिरा बरामद की गई। पूछताछ के बाद आरोपी के खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेज दिया गया। वहीं दूसरी ओर आबकारी निरीक्षक नामवर सिंह की टीम और थाना ईकोटेक प्रथम पुलिस ने भी संयुक्त अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। टीम ने थाना ईकोटेक प्रथम क्षेत्र से मुकेश पुत्र बलबीर को गिरफ्तार किया, जो अवैध रूप से शराब की बिक्री कर रहा था। उसके कब्जे से 106 पव्वे दोस्ताना ब्रांड देशी शराब बरामद की गई। बरामद शराब की कुल मात्रा 21.20 बल्क लीटर बताई गई है। आरोपी को मौके से गिरफ्तार कर कानूनी कार्रवाई पूरी करते हुए जेल भेज दिया गया। आबकारी विभाग की इन लगातार कार्रवाइयों को विभाग द्वारा चलाए जा रहे  ‘अवैध शराब मुक्त गौतमबुद्ध नगर अभियानÓ का हिस्सा माना जा रहा है।

इस अभियान का उद्देश्य न केवल अवैध शराब की बिक्री को रोकना है, बल्कि उन नेटवर्कों को भी ध्वस्त करना है जो अवैध कारोबार के माध्यम से युवाओं और समाज को प्रभावित कर रहे हैं। विभाग का मानना है कि अवैध शराब केवल कानून व्यवस्था के लिए ही नहीं, बल्कि जनस्वास्थ्य के लिए भी गंभीर खतरा है। जिला आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव की कार्यशैली को लेकर विभागीय स्तर पर भी सकारात्मक चर्चा है। वे नियमित रूप से फील्ड में निगरानी कर रहे हैं और स्वयं अभियान की प्रगति की समीक्षा कर रहे हैं। उनके निर्देश पर आबकारी निरीक्षकों और पुलिस के साथ समन्वय बढ़ाकर संयुक्त अभियान चलाए जा रहे हैं, जिससे तस्करों के खिलाफ कार्रवाई और प्रभावी हो रही है। सुबोध कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि जिले में अवैध शराब के कारोबार को किसी भी सूरत में पनपने नहीं दिया जाएगा।

उन्होंने कहा कि विभाग की टीमें दिन और रात लगातार सक्रिय हैं तथा संदिग्ध क्षेत्रों में निगरानी रखी जा रही है। उन्होंने आम नागरिकों से भी अपील की कि यदि कहीं अवैध शराब के निर्माण या बिक्री की जानकारी मिले तो तुरंत विभाग को सूचित करें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके। अभियान के तहत केवल तस्करों के खिलाफ कार्रवाई ही नहीं की जा रही, बल्कि जिले की लाइसेंसी शराब दुकानों पर भी नियमित चेकिंग और टेस्ट परचेजिंग की जा रही है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सभी दुकानें निर्धारित नियमों के अनुसार संचालित हों और किसी प्रकार की अनियमितता न हो।

विभाग की टीमों ने कई दुकानों पर पहुंचकर स्टॉक, बिक्री रजिस्टर और अन्य दस्तावेजों की भी जांच की। आबकारी विभाग की इस सख्त कार्रवाई से जहां अवैध शराब कारोबारियों में खौफ का माहौल है, वहीं आम लोगों ने भी विभाग की मुहिम की सराहना की है। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में भी अभियान और तेज किया जाएगा तथा अवैध कारोबार में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। गौतमबुद्ध नगर को अवैध शराब मुक्त बनाने के लिए विभाग पूरी प्रतिबद्धता और सख्ती के साथ कार्य कर रहा है।