विरोध : बजट सत्र में विपक्ष का जमकर हंगामा

सपा-बसपा व कांग्रेस का सदन से वॉकआउट

लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधान मंडल का बजट सत्र गुरुवार से आरंभ हो गया। सदन में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के अभिभाषण के दरम्यान विपक्ष ने जमकर हंगामा किया। सपा-बसपा और कांग्रेस के सदस्यों ने सूबे में बिगड़ती कानून व्यवस्था, नए कृषि कानूनों व डीजल-पेट्रोल के दामों में वृद्धि के खिलाफ काफी शोर-शराबा किया। विपक्ष के सदस्यों ने हंगामा करने के बाद सदन से वॉकआउट कर दिया। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने विधान भवन में विधान सभा तथा विधान परिषद के सदस्यों के सामने अभिभाषण शुरू किया। इस बीच सपा-बसपा व कांग्रेस के सदस्य राज्यपाल के आसन के सामने आकर हंगामा करने लगे। इसके बाद विपक्ष के सदस्यों ने वॉकआउट कर दिया। इसके बावजूद राज्यपाल ने अभिभाषण जारी रखा। राज्यपाल पटेल ने कहा कि कोरोना काल में सरकार ने अच्छा काम किया है। प्रत्येक जनपद में आईसीयू की स्थापना की गई। एक्सप्रेस-वे का निर्माण तेज गति पर चल रहा है। गौतमबुद्ध नगर के जेवर में एशिया से सबसे बड़े एयरपोर्ट का निर्माण हो रहा है। उप्र में तय वक्त पर गेहूं व धान की सरकारी खरीद हुई है। इसके अलावा पुलिस में भर्तियां की गई हैं। अपना अभिभाषण पूरा करने के बाद राज्यपाल आनंदीबेन पटेल विधान भवन से प्रस्थान कर गईं। उधर, सदन में बसपा के 7 बागी विधायकों ने विधान सभा अध्यक्ष से मुलाकात की। इन विधायकों ने अपने बैठने के स्थान के संबंध में जानकारी प्राप्त की। बसपा के पास अब सिर्फ 6 विधायक बचे हैं। वहीं, नेता प्रतिपक्ष रामगोविंद चौधरी ने कहा कि सूबे की कानून-व्यवस्था ध्वस्त हो चुकी है। महिलाओं के खिलाफ अत्याचार बढ़ रहा है। उप्र में जंगलराज कायम है। कांग्रेस विधायक दल की नेता आराधना मिश्रा ने कहा कि उन्नाव की घटना पर सरकार मौन है। वहां पर 2 युवतियों की मौत पर पुलिस लीपापोती कर रही है। सरकार को नैतिकता के आधार पर इस्तीफा दे देना चाहिए।