-75वें जन्मदिवस पर गोत्र सहित संकल्प कर की गई पूजा-अर्चना, देशभर में फैली श्रद्धा और भक्ति की लहर
उदय भूमि संवाददाता
रुद्रप्रयाग। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 75वें जन्मदिन का पर्व पूरे देश में सेवा और समर्पण भाव से मनाया जा रहा है। इस अवसर पर विश्व प्रसिद्ध धाम श्री केदारनाथ में बुधवार को विशेष रुद्राभिषेक अनुष्ठान संपन्न हुआ। तीर्थ पुरोहितों ने प्रधानमंत्री मोदी के नाम और गोत्र के साथ संकल्प लेकर विधिवत पूजा-अर्चना की और उनके उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु जीवन तथा राष्ट्र की समृद्धि के लिए भगवान शिव से प्रार्थना की। सुबह से ही बाबा केदारनाथ धाम का वातावरण वैदिक मंत्रोच्चार, घंटा-घडिय़ाल और शंखनाद से गुंजायमान रहा। श्रद्धालुओं की भीड़ ने इस विशेष आयोजन को देखने और उसमें शामिल होने का सौभाग्य पाया। तीर्थ पुरोहितों ने पारंपरिक विधियों के साथ गंगाजल, बेलपत्र, पुष्प और दूध से भगवान शिव का रुद्राभिषेक किया। पूरे मंदिर परिसर में आध्यात्मिक ऊर्जा और श्रद्धा का अनोखा संगम देखने को मिला।
श्री केदार सभा के अध्यक्ष पं. राजकुमार तिवारी ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी जी का जन्मदिन केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि एक संकल्प पर्व है। उन्होंने कहा कि आज उनके नाम गोत्र के साथ रुद्राभिषेक किया गया। यह अनुष्ठान प्रधानमंत्री जी की दीर्घायु और अच्छे स्वास्थ्य की कामना के साथ-साथ पूरे राष्ट्र की प्रगति और विश्व कल्याण के लिए भी किया गया। मोदी जी ने अपने नेतृत्व से भारत को विश्व पटल पर विशेष पहचान दिलाई है। उनकी दृढ़ इच्छाशक्ति और राष्ट्र प्रेम से भारत हर क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छू रहा है। श्रद्धालुओं ने भी इस अवसर पर अपनी भावनाएं व्यक्त कीं। उनका कहना था कि प्रधानमंत्री मोदी ने देश को केवल विकास ही नहीं दिया, बल्कि आध्यात्मिक और सांस्कृतिक गौरव को भी पुनर्जीवित किया है।
श्रद्धालुओं ने कहा केदारनाथ धाम में उनके नाम से रुद्राभिषेक होना केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि पूरे देशवासियों की भावनाओं का प्रतीक है। पूरे आयोजन के दौरान मंदिर परिसर में दीप जलाए गए और भक्ति गीतों का सामूहिक गान हुआ। भक्तों ने प्रधानमंत्री के दीर्घायु जीवन की कामना करते हुए पुष्पांजलि अर्पित की और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से संपूर्ण धाम गुंजायमान हो उठा। श्री केदारनाथ धाम में हुए इस विशेष रुद्राभिषेक ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन को एक आध्यात्मिक और ऐतिहासिक आयाम दिया है। इस आयोजन ने यह संदेश दिया कि राष्ट्र सेवा और जनकल्याण के लिए समर्पित नेता के प्रति जन-जन के मन में अपार श्रद्धा और आस्था है।

















