हवा की सेहत खराब करने वालों पर निगम ने कसा शिकंजा

-निर्माण सामग्री सड़क पर रखने पर निगम ने वसूला जुर्माना
-नगर निगम के पांचो जोन में नगर निगम की टीम ने चलाया अभियान
-वायु गुणवत्ता सुधार के लिए निर्माण पर विराम, जन सहभागिता बहुत जरूरी: नगर आयुक्त

गाजियाबाद। सड़क पर खुले में निर्माण सामग्री रखकर वायु गुणवत्ता खराब करने वाले दुकानदारों के खिलाफ नगर निगम ने कार्रवाई शुरू कर दी। शहर में बढ़ते वायु प्रदूषण में सुधार के लिए नगर निगम निरंतर कार्रवाई कर रहा है। वायु प्रदूषण की रोकथाम को नगर निगम ने शहर में खुले में निर्माण सामग्री ईंट, रोड़ी, बदरपुर आदि सामग्री बेचने वालों के खिलाफ अभियान चलाते हुए जुर्माना वसूला है। नगर आयुक्त के निर्देश पर शनिवार को वसुंधरा और मोहन नगर जोन क्षेत्र में निगम टीम ने अभियान चलाते हुए 23 हजार रुपए का जुर्माना वसूला। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने कहा कि वायु गुणवत्ता में सुधार के लिए निर्माण पर रोक लगाने के साथ जन सहभागिता बहुत जरूरी है।

शनिवार को वसुंधरा जोन क्षेत्र के सेक्टर-10 वसुंधरा में खुले में निर्माण सामग्री बेचने वालों से 19 हजार रुपए का जुर्माना वसूला गया। खुले में बेची जा रही निर्माण सामग्री को हटाया गया। मोहन नगर जोन अंतर्गत वार्ड संख्या-37 शालीमार गार्डन विक्रम एंक्लेव में अभियान चलाते हुए 4000 का जुर्माना वसूला गया। इसी के साथ-साथ अन्य जोन में भी खुले में निर्माण सामग्री का विक्रय ना हो। इस पर विशेष ध्यान देते हुए संबंधित दुकानदारों को चेतावनी भी दी गई हैं। वायु गुणवत्ता सुधार के लिए नगर निगम लगातार कार्रवाई कर रहा है।

निरंतर पानी का छिड़काव वायु गुणवत्ता सुधार के लिए बेहद जरूरी है। नगर आयुक्त ने आमजन से अपने घरों के आसपास तथा प्रतिष्ठानों के आसपास सुबह व शाम में पानी का छिड़काव करने के लिए अपील भी की गई है। ग्रेप के नियमों का पालन हो सकें। इसलिए निर्माण विभाग को खुले में निर्माण सामग्री बेचने वालों पर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। शहर में चल रहे निजी निर्माण कार्योंं को भी रुकवाने के लिए भी कहा गया है।