- जिला उज्ज्वला समिति का गठन, अमित कुमार तिवारी ने संचालकों को दिए सख्त निर्देश
- ई-केवाईसी के बाद ही लाभार्थियों को मिलेगा उज्ज्वला कनेक्शन
- 31 दिसंबर तक दिवाली विशेष मुफ्त सिलेंडर का वितरण सुनिश्चित
- गैस एजेंसियों को लाभार्थियों तक पारदर्शी और समय पर सेवा देने का निर्देश
- जिला पूर्ति अधिकारी की कार्यशैली से योजना में बढ़ी गति और बढ़ा भरोसा
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत नए कनेक्शन की सुविधा को और प्रभावी बनाने के लिए गाजियाबाद में ‘जिला उज्ज्वला समिति’ का गठन किया गया है। इस समिति की अध्यक्षता जिला पूर्ति अधिकारी अमित कुमार तिवारी ने की है। समिति के गठन के बाद मंगलवार को जिले की सभी गैस एजेंसी संचालकों के साथ बैठकें आयोजित की गईं, जिनमें संबंधित कंपनियों के विक्रय प्रबंधक भी उपस्थित रहे। जिला पूर्ति अधिकारी अमित कुमार तिवारी ने सभी गैस एजेंसी संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि उज्ज्वला योजना के लिए आने वाले सभी आवेदन पहले जाँचे जाएँ और पात्र परिवारों का ई-केवाईसी कर रजिस्ट्रेशन पूर्ण होने के बाद ही नया कनेक्शन जारी किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि उज्ज्वला कनेक्शन प्राप्त करने वाले परिवारों को प्राथमिकता दी जाएगी।
जनपद में वर्तमान में 1,06,262 उज्ज्वला लाभार्थी हैं। जिला पूर्ति अधिकारी ने सभी एजेंसी संचालकों को निर्देशित किया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 के दीवाली के अवसर पर प्रथम मुफ्त सिलेंडर का भरपूर प्रचार-प्रसार किया जाए। इसके साथ ही जिला प्रशासन यह सुनिश्चित करेगा कि सभी लाभार्थियों को 31 दिसंबर तक अधिक से अधिक मुफ्त सिलेंडर उपलब्ध कराए जाएँ।
जिन लाभार्थियों ने अभी तक ई-केवाईसी नहीं कराया है, उन्हें चिन्हित किया जाएगा और शीघ्र ई-केवाईसी कराकर उन्हें मुफ्त सिलेंडर का लाभ दिया जाएगा। यह कदम योजना की पारदर्शिता और लाभार्थियों तक सुविधा पहुँचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। जिला पूर्ति अधिकारी अमित कुमार तिवारी ने लाभार्थियों से अपील की कि वे अपनी संबंधित गैस एजेंसी पर जल्द से जल्द जाकर ई-केवाईसी कराएँ। इससे न केवल वे प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत मिलने वाले मुफ्त सिलेंडर का लाभ प्राप्त कर सकेंगे, बल्कि योजना के तहत अन्य सुविधाओं का भी लाभ उठा पाएंगे। ई-केवाईसी कराना लाभार्थियों के लिए सरल प्रक्रिया है, जिसमें केवल पहचान पत्र और आधार कार्ड की आवश्यकता होती है। जिला अधिकारी ने आश्वासन दिया कि सभी एजेंसियाँ ई-केवाईसी की प्रक्रिया में सहयोग करेंगी और लाभार्थियों को किसी प्रकार की कठिनाई का सामना नहीं करना पड़ेगा।
जिला पूर्ति अधिकारी अमित कुमार तिवारी की सक्रिय और प्रभावी कार्यशैली को योजना के सफल कार्यान्वयन में अहम माना जा रहा है। उन्होंने सुनिश्चित किया कि सभी गैस एजेंसी संचालक योजना के नियमों और दिशा-निर्देशों का पालन करें। उनके नेतृत्व में योजना का लाभ प्रत्येक पात्र परिवार तक पहुँचाने के लिए ठोस रणनीति बनाई गई है। अमित कुमार तिवारी की पहल से न केवल प्रशासनिक प्रक्रियाएँ सुव्यवस्थित हुई हैं, बल्कि लाभार्थियों में योजना के प्रति विश्वास और सहभागिता भी बढ़ी है। उन्होंने सुनिश्चित किया कि योजना के प्रत्येक चरण में पारदर्शिता और समयबद्धता बनी रहे।
मुफ्त सिलेंडर वितरण पर जोर
जिला पूर्ति अधिकारी ने सभी गैस एजेंसी संचालकों को निर्देशित किया कि 31 दिसंबर 2025 तक प्रथम मुफ्त सिलेंडर लाभार्थियों तक पहुँच जाए। उन्होंने कहा कि दिवाली के अवसर पर इसका व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा, ताकि योजना का लाभ अधिकतम नागरिकों तक पहुंचे। संचालकों को यह भी निर्देश दिए गए कि प्रत्येक लाभार्थी को सिलेंडर वितरण की प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखनी होगी और किसी भी प्रकार की अनियमितता की स्थिति में जिला प्रशासन कड़ी कार्रवाई करेगा।
जनभागीदारी और योजना की सफलता
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना का उद्देश्य विशेषकर ग्रामीण और शहरी गरीब परिवारों को साफ और सुरक्षित ईंधन उपलब्ध कराना है। जिले की प्रशासनिक टीम ने इसे समाज के प्रत्येक लाभार्थी तक पहुँचाने के लिए सक्रिय कदम उठाए हैं। जिले की सभी गैस एजेंसियाँ अब ई-केवाईसी के माध्यम से लाभार्थियों को सीधे मुफ्त सिलेंडर उपलब्ध कराएंगी। यह कदम योजना की सफलता और प्रभावशीलता को सुनिश्चित करेगा।
भविष्य की तैयारियाँ और दिशा-निर्देश
जिला पूर्ति अधिकारी ने यह स्पष्ट किया कि सभी गैस एजेंसी संचालकों को लगातार मार्गदर्शन दिया जाएगा और लापरवाही की स्थिति में सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने लाभार्थियों से अपील की कि वे यथाशीघ्र ई-केवाईसी कराएं और 31 दिसंबर तक दिवाली विशेष फ्री सिलेंडर का लाभ अवश्य प्राप्त करें। जिला प्रशासन का लक्ष्य है कि योजना का लाभ हर पात्र परिवार तक सुरक्षित और समय पर पहुंचे और इसके माध्यम से गाजियाबाद जिले में उज्ज्वला योजना के तहत स्वच्छ ईंधन का उपयोग बढ़े।
















