कूड़ा कलेक्शन : शासन की बगैर अनुमति के यूजर चार्ज में संशोधन नहीं

-नगर निगम की नागरिकों से अपील, समय से जमा कराएं शुल्क

गाजियाबाद। नगर निगम ने डोर-टू-डोर कलेक्शन की एवज में यूजर्र चार्ज का निर्धारण कर रखा है। यूजर चार्ज का भुगतान करने से अनेक भवन स्वामी कतरा रहे हैं। नगरायुक्त महेंद्र सिंह तंवर ने सभी भवन स्वामियों से यूजर चार्ज का ससमय पर भुगतान करने की अपील की है। उन्होंने कहा है कि यूजर चार्ज में शासन की नीति के अनुसार संशोधन की कार्यवाही संभव है।

मुख्य कर निर्धारण अधिकारी डॉ. संजीव सिन्हा ने बताया कि शासन की नीति के अनुसार उपविधि 2016 के अनुरूप कूड़ा कलेक्शन की एवज में यूजर चार्ज का निर्धारण किया गया है। सभी भवन स्वामियों को इसका भुगतान करना है। यूजर चार्ज के विषय में नगर निगम कार्यकारिणी सदस्यों द्वारा केवल चर्चा की गई थी, जिसमें यूजर चार्जेस के सरलीकरण की बात रखी गई थी। किसी प्रकार का कोई प्रस्ताव नहीं था। उन्होंने बताया कि यदि भविष्य में यूजर चार्ज के संबंध में कोई प्रस्ताव आता है और उसके क्रम में कोई आदेश  सदन द्वारा किया जाता है तो सभी औपचारिकता पूर्ण करने के बाद अंतिम निर्णय पर अमल किया जाएगा तब तक उपविधि 2016 के अनुसार यूजर चार्ज का भुगतान किया जाना है।

उन्होंने बताया कि शासन की नीति के अनुसार यूजर चार्जेस की वसूली के लिए 2019 में बाइलॉज बनाकर दिया गया है, जिसमें सभी निगमों को निर्देश दिया गया है कि उसी के अनुरूप अपने-अपने बाइलॉज बना सकते हैं। शासन की नीति के अनुसार कार्यवाही की जाएगी। नगर विकास अनुभाग-5 द्वारा 2019 के बाइलॉज अनुसार यूजर चार्ज लागू किया गया है। बायलॉज में कोई भी संशोधन शासन की नीति के अनुसार संभव हो पाएगा। मुख्य कर निर्धारण अधिकारी डॉ. संजीव सिन्हा ने बताया कि वर्तमान में जो ठोस अपशिष्ट प्रबंधक उपविधि 2016 लागू है उसमें निर्धारित दरों के अनुसार ही यूजर चार्ज का भुगतान किया जाना है तथा दरों में संशोधन के लिए निर्धारित प्रक्रिया पूर्ण होने के उपरांत शासन से अनुमति प्राप्त होने के बाद उन संशोधित दरों को लागू किया जाएगा। उन्होंने बताया कि नगर निगम द्वारा नियमानुसार वसूले जा रहे डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन उपरांत यूजर चार्जेस की स्पष्ट जानकारी के लिए पार्षद भी क्षेत्रीय नागरिकों का सहयोग कर रहे हैं ताकि किसी प्रकार की भ्रांति शहरवासियों को ना रहे।