पीएम आवास योजना: लाभार्थियों को मिले प्रमाण पत्र, खिले चेहरे

-नगर निगम में 2349 लाभार्थियो को बांटे गये प्रमाण पत्र

गाजियाबाद। जनपद के 2349 लाभार्थियों को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सोमवार को लाभान्वित किया गया। लाभार्थियों को पीएम स्वनिधि के प्रमाण पत्र बांटे गए। नगर निगम मुख्यालय में आयोजित कार्यक्रम में मेयर आशा शर्मा, जिलाधिकारी आर.के. सिंह तथा नगरायुक्त महेंद्र सिंह तंवर द्वारा लाभार्थियों को पीएम स्वनिधि तथा प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सर्टिफिकेट तथा प्रतीक चिन्ह के रूप में घर की चाबी दी गई। परियोजना अधिकारी संजय कुमार पथरिया ने बताया कि पीडी डूडा महेंद्र सिंह तंवर के निर्देश पर जनपद में पात्र व्यक्तियों को पीएम स्वनिधि तथा पीएम आवास योजना के तहत लाभ पहुंचाने के लिए निरंतर कार्यवाही की गई, जिसके अंतर्गत सोमवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से लाभार्थियों से संवाद किया।
पीडी डूडा एवं नगरायुक्त महेंद्र सिंह तंवर ने बताया कि मुख्यमंत्री वर्चुअल संवाद के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत 2349 लाभार्थियों को वन क्लिक के जरिए धनराशि भेजी गई, जिसमें प्रथम किस्त 549, दूसरी किस्त 615 तथा तीसरी किस्त 1185 लाभार्थियों को दी गई। इस प्रकार 17 करोड़ 89 लाख की धनराशि सीधे लाभार्थियों के खाते में हस्तांतरित की गई। कार्यक्रम में सैकड़ों लाभार्थियों को पीएम स्वनिधि के तहत सर्टिफिकेट तथा घर की चाबी के रूप में प्रतीक चिन्ह भेंट किए गए। मेयर आशा शर्मा ने उपस्थित लाभार्थियों को बधाई दी। उन्होंने आगे भी इसी प्रकार योजनाओं के लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया ताकि शहर के पात्र लोगों को सरकार द्वारा उपलब्ध सुविधाएं प्राप्त हों। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के वर्चुअल संवाद के दौरान लाभार्थियों ने लाभ प्राप्त होने पर धन्यवाद तथा खुशी को जाहिर किया। साथ गाजियाबाद नगर निगम का भी आभार जताया। डीएम ने बताया आवास मिलने के बाद लोगों को काफी सुविधा मिलेगी। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारें जनहित में कई योजनाएं चला रही हैं। सरकार का उद्देश्य गरीब और पिछड़े लोगों को विकास की मुख्य धारा में शामिल करना है। अपना आवास होने के बाद लोगों की जिंदगी काफी आसान हो जाएगी। वहीं प्रधानमंत्री आवास योजना का प्रमाण पत्र मिलते ही लाभार्थी भावुक हो गए। लाभार्थियों का कहना था कि उनके पास रहने को घर नहीं था। पूरा परिवार किराए पर रहकर अपना जीवन यापन कर रहा था। कहा कि आशियाना बनने के बाद वे अपने घर में शिप्ट हो जाएंगे।