-नगर आयुक्त सख्त, एफआईआर दर्ज कराने की तैयारी
-कोरोना प्रोटोकॉल की अनदेखी कर प्रदर्र्शन करना मालियों को पड़ा मंहगा
गाजियाबाद। नगर निगम के उद्यान विभाग में कार्यरत मालियों (ठेका श्रमिक) द्वारा आवंटित कार्यों को बंद कर हाजिरी स्थल पर धरना-प्रदर्शन किया गया। कोरोना काल में बगैर पूर्व सूचना के कोविड प्रोटोकॉल का उल्लंघन कर धरना-प्रदर्शन किए जाने पर नगर निगम के अधिकारी बेहद नाराज हैं। प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराने की बात कही गई है। ठेका श्रमिकों द्वारा बिना किसी सूचना के कार्य को इस प्रकार बंद कर शहर के विकास में बाधा उत्पन्न की गई। जिसमें 5 मालियों द्वारा अन्य मालियों को भड़काया तथा प्रदर्शन का कार्य शुरू किया जोकि कोविड-19 के दृष्टिगत पूर्ण रूप से गलत है। नगरायुक्त महेंद्र सिंह तंवर ने अवगत कराया कि कोविड-19 की महामारी की वजह से महामारी एक्ट लागू है। ऐसी स्थिति में कोई भी कर्मचारी अपने कार्य से विरत नहीं रह सकता है तथा उत्तर प्रदेश शासन कार्मिक अनुभाग लखनऊ द्वारा 25 मई 2021 अपर मुख्य सचिव द्वारा प्रदेश में हड़ताल धरना-प्रदर्शन प्रतिबंधित किया हुआ है। इसके बावजूद जगत राम अनुरागी, राजवीर, संतोष पांडे, दीपक कुमार, राकेश ठेका श्रमिक द्वारा अन्य मालियों को कार्य करने से रोका है तथा उन्हें भड़काया भी है, जिनके विरुद्ध कड़ी कार्यवाही हेतु उद्यान प्रभारी डॉ. अनुज कुमार सिंह को निर्देशित किया गया है तथा उनके खिलाफ एफआईआर की कार्यवाही भी की जा सकती है। उद्यान प्रभारी डॉ. अनुज कुमार सिंह ने बताया कि उक्त पांच ठेका श्रमिक (मालियों) द्वारा कोविड-19 महामारी के समय में प्रदर्शन किया गया, जोकि नियमानुसार प्रतिबंधित है। सरकार द्वारा इस समय किसी प्रकार का प्रदर्शन करना प्रतिबंधित है। उसके बावजूद पांचों मालियों द्वारा सरकारी कार्य में बाधा भी उत्पन्न की गई है तथा उनके खिलाफ एफ आईआर दर्ज कराई जा रही है। सीएलसी को उक्त पांचों को कार्यमुक्त करने के निर्देश दिए गए हैं। महापौर तथा नगरायुक्त के निर्देश में जो माली अपने कार्यस्थल पर उपस्थित नहीं हुए, उनके वेतन को काटने की कार्यवाही भी की जाएगी। यदि सोमवार से वह माली अपने-अपने कार्य पर नहीं पहुंचते हैं तो उन्हें भी सीएलसी को पत्र लिखकर हटाने की कार्यवाही की जाएगी। कोविड-19 महामारी के बावजूद इस प्रकार प्रदर्शन करना पूर्ण रूप से गलत है, जिसकी पार्षदों द्वारा भी निंदा की जा रही है तथा शहर के विकास कार्य में बाधा उत्पन्न करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही की मांग की जा रही है। उधर, अपर नगरायुक्त आर.एन. पांडे द्वारा पांचों मालियों को सीएलसी से हटाने के लिए पत्र लिखा गया था, जिसके जवाब में पांचों प्रदर्शनकारी ठेका श्रमिक मालियों को हटा दिया गया है। पत्र के माध्यम से सीएलसी द्वारा अपर नगरायुक्त आर.एन. पांडे को अवगत कराया गया। सोमवार को उनके स्थान पर नए माली ज्वाइन कर कार्य करेंगे।
















