ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण गंभीर, उठाए फौरी कदम
ग्रेटर नोएडा। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण जलपुरा गौशाला के प्रति ज्यादा गंभीर नजर आ रहा है। गौशाला में प्रबंधकों की डयूटी राउंड द क्लॉक लगाई गई है। गोवंश को समय पर चारा-पानी मिल सके, इसके लिए इन अधिकारियों को 6-6 घंटे की डयूटी करनी होगी। गौशाला की व्यवस्थाओं में सुधार लाने को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण निरंतर प्रयासरत है। जलपुरा गौशाला में गायों की मौत के बाद शासन-प्रशासन सख्त हो गया है। इस प्रकरण में ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने इकोटेक-3 में वरिष्ठ प्रबंधक रमेश चंद, पशु चिकित्सक डॉ. प्रेमचंद समेत 4 व्यक्तियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई। कोर्ट ने वरिष्ठ प्रबंधक व डॉक्टर को अंतरिम जमानत दे दी थी, जबकि 2 व्यक्तियों को जेल भेज दिया गया था। इस प्रकरण में 6 अप्रैल को सुनवाई होगी। तदुपरांत ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने गौशाला में व्यवस्थाओं को सुधारने के लिए अभियान तेज कर दिया। गौशाला में गायों को समय पर चारा-पानी व इलाज मिल सके, इसके लिए अधिकारियों की राउंड द क्लॉक डयूटी लगाई गई है। इन अधिकारियों को 6-6 घंटे गौशाला में मौजूद रहना होगा। वरिष्ठ प्रबंधक सलिल यादव, प्रबंधक उमेश चंद्रा, प्रबंधक जितेंद्र यादव व सहायक प्रबंधक वैभव नागर की गौशाला में डयूटी लगाई गई है। इसके अलावा रात के समय 2 सुरक्षा गार्ड तैनात किए गए हैं। गौ सेवक राहुज गुर्जर नारौली ने बताया कि प्राधिकरण के पास जैतपुर गांव के निकट निर्माणाधीन गंगाजल वाटर ट्रीटमेंट प्लांट की पाइप लाइन के मैन हॉल में गाय के गिरने से मौत हो गई। गाय की अंत्येष्टि कर दी गई। साकीपुर गांव में भी एक गाय की मौत हो गई थी।
















