गाजियाबाद। कोरोना संक्रमण बीते कुछ दिनों से तेजी से फैल रहा है। संक्रमण की रफ्तार बढऩे का मुख्य कारण लापरवाही ही है। सरकार की ओर से स्पष्ट कहा गया है कि जब तक कोरोना की दवा नहीं आ जाती तब तक नियमों (मास्क, शारीरिक दूरी) का पालन करके ही खुद का बचाव करें, लेकिन अब लोग कोरोना वायरस को लेकर इतने लापरवाह हो गए हैं कि न तो वे मास्क लगा रहे हैं, न समय-समय पर साबुन से हाथ धो रहे हैं, न सैनिटाइजर का प्रयोग कर रहे हैं और न ही शारीरिक दूरी का पालन कर रहे हैं। नतीजन हर रोज हजारों लोगों को कोरोना वायरस अपनी चपेट में ले रहा है। वायु प्रदूषण का श्रेणी स्तर लगातार खराब होने के चलते अब कोरोना संक्रमण के फैलने को रोकने के लिए जिला प्रशासन सख्त कदम उठा रहा है। 
वहीं, कोरोना प्रोटोकॉल का पालन कराने के लिए अब मजिस्ट्रेटों की तैनाती कर दी गई है। जिलाधिकारी डॉ.अजय शंकर पांडेय ने कहा कि त्योहार के चलते बाजारों,मॉल्स में खरीदारी करने वालों की भीड़ जुट रही है। ऐसे में कोरोना वायरस का संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ता जा रहा है। इस खतरे से निपटने के लिए प्रशासन ने योजना तैयार की हैं। प्रशासन-पुलिस के अधिकारी बाजारों व मॉल्स का भ्रमण कर कोविड-19 के प्रोटोकॉल के पालन के साथ शारीरिक दूरी के नियम का पालन भी कराएंगे। कोविड-19 के प्रोटोकॉल का पालन नहीं करने वाले गैर जिम्मेदारों के साथ प्रशासन सख्ती से पेश आएगा। इन व्यक्तियों पर न केवल जुर्माना लगाया जाएगा बल्कि एनडीएम एक्ट के तहत कार्रवाई भी की जाएगी। जिलाधिकारी अजय शंकर पांडेय ने मजिस्ट्रेटों की जिम्मेदारी तय कर दी है। इसके साथ ही पुलिस व यातायात पुलिस को भी निर्देश दिए गए हैं कि वह मास्क नहीं लगाने वालों पर कार्रवाई करते हुए जुर्माना वसूल करें। बता दें कि नवंबर माह में ठंड बढऩे के साथ ही कोरोना वायरस के संक्रमण बढऩे का अंदेशा जताया जा रहा है। इस आशंका को लेकर ही प्रशासन खासा सक्रिय हो गया है। इसके चलते जिलाधिकारी ने नवंबर माह में अलर्ट जारी किया है। ताकि आमजन को जागरुक कर व कोविड-19 के प्रोटोकॉल का पालन कराते हुए संक्रमण पर काबू पाया जाएगा। खासतौर पर त्योहारी सीजन में बाजारों में भीड़ बढऩे को लेकर प्रशासन खासा सतर्क है। कोरोना प्रोटोकॉल का जिले में सख्ती से पालन कराया जाएगा। लापरवाह व्यक्तियों से प्रशासन सख्ती से पेश आएगा। मजिस्ट्रेटों व यातायात पुलिस के अधिकारियों समेत पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं।
बैठक से नदारद बीएसए को कारण बताओ नोटिस जारी
जिलाधिकारी अजय शंकर पांडेय ने अनुश्रवण समिति की बैठक में अनुपस्थित रहने पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ब्रजभूषण चौधरी को कारण बताओ नोटिस जारी करने के आदेश दिए है। नोटिस में कहा गया कि इस महत्वपूर्ण बैठक में अनुपस्थित होने के लिए क्यों न आपके विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई कर इस मामले में उच्चाधिकारियों को अवगत करा दिया जाए। बुधवार को कलेक्ट्रेट स्थित महात्मा गांधी सभागार में जिलाधिकारी डॉ.अजय शंकर पांडेय ने सीडीओ अस्मिता लाल,सीएमओ डॉ.एनके गुप्ता, जिला विद्यालय निरीक्षक रविदत्त शर्मा, एबीएसए और अनुश्रवण समिति के पदाधिकारियों के साथ बैठक की। शिक्षा विभाग से संबंधित अनुश्रवण समिति की बैठक निर्धारित की गई थी,लेकिन बैठक शुरू होने से पहले ही बीएसए ब्रजभूषण चौधरी बैठक में उपस्थित नहीं हुए। इससे पूर्व भी दो दिन पहले एक बैठक में वह अनुपस्थित थे। जिलाधिकारी के संज्ञान में जब यह मामला आया तो उन्होंने इसे गंभीरता से लेते हुए बेसिक शिक्षा अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी करा दिया। सीडीओ ने बीएसए को फोन किया तो फोन नहीं उठाया। जिलाधिकारी ने शिक्षा विभाग से संबंधित अनुश्रवण समिति की बैठक करते हुए सरकारी स्कूलों में मरम्मत, रंगाई-पुताई आदि कार्यों पर विस्तार से चर्चा करते हुए जल्द निर्माण कार्य पूरा करने के लिए निर्देश दिए।
















