गाजियाबाद। जिले में बाहरी राज्यों से होने वाली शराब तस्करी पर रोक लगने के बाद अब छोटे शराब तस्करों ने अपने क्षेत्र को ही शराब तस्करी का अड्डा बना लिया है। कमाई थोड़ी कम भले क्यों न हो, लेकिन सुरक्षित तो है। ऐसे ही एक मामले में आबकारी विभाग की टीम ने शराब तस्कर को गिरफ्तार किया है। जिसके कब्जे से टीम ने यूपी मार्का की शराब की पेटी बरामद किया है। पकड़ा गया शराब तस्कर बुलंदशहर से मुरादनगर में किराए पर रह रहा था। जहां पर वह दिहाड़ी मजदूरी का काम करता था। दिहाड़ी मजदूरी में ज्यादा कमाई न होने के कारण वह पहले हरियाणा शराब तस्करी करता था। मगर जब आबकारी विभाग की सख्ती होने लगी तो अपने इस धंधे को छोड़कर फिर से दिहाड़ी मजदूरी करने लगा था। लेकिन शराब तस्करी का नशा और अधिक कमाई का लालच मन में फिर से आ जाने पर वह क्षेत्र की लाइसेंसी शराब की दुकान से ही शराब खरीदकर तस्करी करने लगा। दिन में ही ठेके से शराब की पेटी ले लेता था और रात में दुकान बंद होते ही क्षेत्र में शराब तस्करी कर का कारोबार शुरु कर देता था।
गौरतलब हो कि जिले में बाहरी राज्यों से होने वाली शराब तस्करी पर रोक लगाने के लिए आबकारी विभाग की टीमें दिल्ली से सटी सभी सीमाओं पर मुस्तैद है। हाईवे, राजमार्ग से लेकर छोटी-छोटी गलियों में भी आबकारी निरीक्षकों के साथ उनके मुखबिर तंत्र निगाह बनाएं हुए है। जिसके चलते जिले में काफी हद तक बाहरी राज्यों से होने वाली शराब तस्करी पर रोक लगाने में में आबकारी विभाग की टीम ने सफलता हासिल की है।
जिला आबकारी राकेश कुमार सिंह ने बताया अवैध शराब के निर्माण, परिवहन एवं बिक्री पर रोक लगाने के लिए आबकारी विभाग की टीमें अपने-अपने क्षेत्र में लगातार चेकिंग एवं दबिश की कार्रवाई कर रही है। साथ ही शराब तस्करों के संबंधित ठिकानों पर भी लगातार छापेमारी की कार्रवाई की जा रही है। शनिवार को आबकारी निरीक्षक अनुज वर्मा की टीम ने मुखबिर की सूचना पर थाना मुरादनगर के अंतर्गत खीमावती गांव के पास दबिश दी गई। दबिश के दौरान शराब तस्करी कर रहे सोमप्रकाश पुत्र रामरिख निवासी परवाना जिला बुलंदशहर को गिरफ्तार किया गया। जिसके कब्जे से यूपी मार्का 48 पौवे मिस इंडिया मसालेदार देसी शराब बरामद किया गया। पकड़े गए तस्कर के खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए थाना मुरादनगर में मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा गया।
उन्होंने बताया पकड़ा गया तस्कर मुरादनगर में किराए के मकान में रहता था। जो कि दिहाड़ी मजदूरी का काम करता है। जिसमें कमाई न होने के कारण वह शराब तस्करी का कारोबार करने लगा। आरोपी पूर्व में हरियाणा शराब की तस्करी करता था। सख्ती होने के बाद कुछ समय तस्करी बंद कर दी, मगर फिर से वह शराब तस्करी करने लगा। पुलिस से बचने के लिए आरोपी दिन में ही शराब की दुकान से शराब खरीदकर स्टॉक कर लेता था और रात होने के बाद उसी शराब को वह महंगे दामों में बेच देता था। अवैध शराब के खिलाफ टीम द्वारा लगातार कार्रवाई की जा रही है। जिनके खिलाफ अभियान चलाकर कार्रवाई की जा रही है।
















