VIP कल्चर पर नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक का सर्जिकल स्ट्राइक कार्यालय में कुर्सियों पर तौलिया रखने की प्रथा पर लगाई रोक, बेवजह चलता मिला एसी कूलर और पंखा तो होगी कार्रवाई

गाजियाबाद के नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक की गिनती वीआईपी कल्चर के खिलाफ सख्त रुख रखने वाले अधिकारियों में होती है। विक्रमादित्य सिंह मलिक का मानना है कि वीआईपी कल्चर कामकाज में अवरोधक बनते हैं और भेदभाव की भावना को प्रदर्शित करते हैं। कोई भी कार्य जो वीआईपी कल्चर को प्रदर्शित करता हो या उसे बढ़ावा देता हो उस पर रोक लगनी चाहिए। गाजियाबाद के नगर आयुक्त का चार्ज संभालने के दौरान विक्रमादित्य सिंह मलिक ने सबसे पहले अपनी कुर्सी से तौलिया हटाया था। कुर्सियों पर तौलियों का प्रदर्शन लालफीताशाही और बाबूशाही कार्यप्रणाली को प्रदर्शित करता है। शुक्रवार को नगर निगम मुख्यालय में निरीक्षण के दौरान जब उन्होंने अधिकारियों और बाबुओं के बैठने की कुर्सी पर तौलिया लगा देखा तो बिफर गए। नगर आयुक्त ने नजारत प्रभारी डॉ अनुज कुमार सिंह को ताकीद करते हुए कहा कि वह कुर्सियों पर तौलिया लगाने और अन्य वीआईपी कल्चर को प्रदर्शित करने वाले अधिकारियों पर नजर रखें एवं उनकी रिपोर्ट भेजें।

उदय भूमि संवाददाता 
गाजियाबाद। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने वीआईपी कल्चर पर सर्जिकल स्ट्राइक किया है। नगर आयुक्त ने कार्यालय में अधिकारियों की कुर्सी पर तौलिया रखने सहित वीआईपी कल्चर को प्रदर्शित करने वाले तमाम गतिविधियों पर रोक लगा दी है। वीआईपी कल्चर को प्रदर्शित करने और उसे बढ़ावा देने वाली गतिविधियों एवं क्रियाकलापों में शामिल होने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जएगी। शुक्रवार को नगर आयुक्त ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों के कमरों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कामकाज एवं कार्यालय में रखें फाइलों के बाबत जानकारी ली। नगर निगम में वीआईपी कल्चर बंद करने के साथ ही फिजूलखर्ची पर भी विराम लगाने को लेकर आवश्यक निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान कुछ अधिकारियों के कमरे में एसी और पंखे चलते हुए मिले। इस पर नाराजगी जताते हुए संबंधित अधिकारी और कर्मचारी को फटकार लगाई।

गाजियाबाद के नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक की गिनती वीआईपी कल्चर के खिलाफ सख्त रुख रखने वाले अधिकारियों में होती है। विक्रमादित्य सिंह मलिक का मानना है कि वीआईपी कल्चर कामकाज में अवरोधक बनते हैं और भेदभाव की भावना को प्रदर्शित करते हैं। कोई भी कार्य जो वीआईपी कल्चर को प्रदर्शित करता हो या उसे बढ़ावा देता हो उस पर रोक लगनी चाहिए। गाजियाबाद के नगर आयुक्त का चार्ज संभालने के दौरान विक्रमादित्य सिंह मलिक ने सबसे पहले अपनी कुर्सी से तौलिया हटाया था। कुर्सियों पर तौलियों का प्रदर्शन लालफीताशाही और बाबूशाही कार्यप्रणाली को प्रदर्शित करता है। शुक्रवार को नगर निगम मुख्यालय में निरीक्षण के दौरान जब उन्होंने अधिकारियों और बाबुओं के बैठने की कुर्सी पर तोलिया लगा देखा तो बिफर गए। नगर आयुक्त ने नजारत प्रभारी डॉ अनुज कुमार सिंह को ताकीद करते हुए कहा कि वह कुर्सियों पर तौलिया लगाने और अन्य वीआईपी कल्चर को प्रदर्शित करने वाले अधिकारियों पर नजर रखें एवं उनकी रिपोर्ट भेजें। उन्होंने बिजली व पानी की  बर्बादी रोकने को लेकर भी निर्देश दिया। नगर आयुक्त का सख्त निर्देश है जब तक अधिकारी और कर्मचारी कार्यालय में रहे तभी तक लाइट, पंखा, कूलर को चलाएं। यदि वह कमरे से बाहर जा रहे हैं तो विद्युत उपकरणों का स्विच बंद कर दें। इन निर्देशों का अमल नहीं करने वालों के खिलाफ कार्रवाई होगी। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने निगम अधिकारियों और कर्मचारियों को जो निर्देश दिए उसे पर वह स्वयं अमल करते हैं। विक्रमादित्य सिंह मलिक का मानना है कि खुद से की गई शुरुआत से ही बदलाव होता है। नगर आयुक्त का कहना है कि चेतावनी और निर्देशों पर अमल नहीं करने वालों को ढीठ मानते हुए उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

शुक्रवार को नगर आयुक्त ने निगम मुख्यालय में प्रथम तल से लेकर पंचम तल तक निरीक्षण किया। नगर आयुक्त के इस तरह औचक निरीक्षण से विभाग में हड़कंप मच गया। निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त के साथ नजारत एवं उद्यान प्रभारी डॉ. अनुज कुमार सिंह, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथिलेश कुमार एवं लेखा अधिकारी डॉ गीता कुमारी मौजूद रही।