-आबकारी विभाग की टीम ने अवैध शराब समेत होटल मालिक और कर्मचारी को किया गिरफ्तार
गौतमबुद्ध नगर। जिले में अवैध शराब को लेकर आबकारी विभाग की सख्ती के बाद भी शराब तस्कर अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे है। इसी बीच आबकारी विभाग की टीम ने दो शराब तस्करों को गिरफ्तार किया है। जो कि दुपहिया वाहन से हरियाणा शराब की तस्करी कर रहे थे। दरअसल आईटी सेक्टर की दिग्गज कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीए) दिल्ली-एनसीआर में अपना विस्तार करने जा रही है। वह नोएडा में 400000 वर्ग फुट का ऑफिस के लिए स्थान ले लिया है। जिसका निर्माण कार्य चल रहा है। निर्माण कार्य के लिए करीब चार हजार से अधिक लेबर वहा काम कर रही है। जो कि निर्माण कार्य के बाद झट्टा गांव में अपना रहना-सहन कर रही है। इनके खाने-पीने के लिए कुछ लोगों ने वहीं पास में ढाबा भी खोला हुआ है। मगर इस बीच एक ढाबा मालिक ने खाने के साथ पीने की सुविधा की सुविधा मजदूरों को देने के लिए हरियाणा शराब की तस्करी करने लगा। जिससे क्षेत्र की लाइसेंसी शराब की दुकान बंद होने के बाद उक्त शराब को मजदूरों को बेचकर अपनी अधिक कमाई कर सकें। रात भी ढाबा मालिक अपने कर्मचारी के साथ हरियाणा शराब की तस्करी कर रहा था, मगर ठिकाने से पहले ही आबकारी विभाग की टीम ने उसे दबोच लिया। जिसके कब्जे से हरियाणा शराब के पव्वे बरामद किए गए।
जिला आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव ने बताया जिले में अवैध शराब के खिलाफ टीम द्वारा लगातार कार्रवाई की जा रही है। सोमवार रात को आबकारी निरीक्षक चन्द्र शेखर एवं एवं थाना नॉलेज पार्क पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा ग्राम झट्टा के पास चेकिंग अभियान चलाया गया। चेकिंग के दौरान बाइक सवार दो व्यक्तियों को रुकने का इशारा किया तो वह टीम को देख भागने लगा। टीम ने पीछा कर कुछ दूरी पर ही बाइक सवारों को पकड़ लिया। बाइक पर पीछे बैठे व्यक्ति के पास प्लास्टिक के कट्टे की जब तलाशी ली गई तो उसमें से हरियाणा मार्का फ्रेश संतरा के 250 पौवों बरामद किया गया। पूछताछ में तस्करों की पहचान सुखराम पुत्र नत्थू निवासी इब्राहिमपुर गढ़ी सहसवान जि़ला बदायूं और मूनव्वर पुत्र आफताब शाह निवासी जागा पाकड़ हरसीढ़ी जिला मोतिहारी के रूप में हुई है। सुखराम ग्राम झट्टा के पास ढाबा भी चलाता है। वहां चार हजार से अधिक मजदूर प्रवास करते है। पास में ही टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीए) कंपनी का निर्माण कार्य चल रहा है।
जिसके लिए यह मजदूरों को बुलाया गया। वहीं पर ढाबा मालिक सुखराम उन्होंने खाने की सुविधा देने के साथ रात में शराब पीने की सुविधा के साथ उन्हें शराब भी बेचता था। दरअसल जिले में 10 बजे लाइसेंसी शराब की दुकान बंद होने के बाद वह मजदूरों को महंगे दामों हरियाणा शराब की तस्करी करता था। जिसकी शिकायत पिछले काफी समय से मिल रही थी। सोमवार रात को सूचना मिली की ढाबा मालिक तस्करी के लिए हरियाणा की शराब बाइक पर लेकर आने वाला है। सूचना पर कार्रवाई करते हुए टीम गठित की गई और अवैध शराब समेत पकड़ लिया गया। जिनके खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए जेल भेज गया और तस्करी में प्रयुक्त वाहन को सीज कर दिया गया। अवैध शराब के खिलाफ आबकारी विभाग की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

















