शराब तस्करों पर कार्रवाई के साथ खुले में शराब पीने वालों को आबकारी विभाग ने सिखाया सबक

-होटल, बार, रेस्टोरेंट व शराब की दुकानों पर ग्राहकों के चेक किए आईडी कार्ड
-युवा पीढ़ी को नशे से बचाने के लिए आबकारी विभाग की नई पहल
-शराब विक्रेताओं को दिए सख्त निर्देश, कम उम्र वाले को बेची शराब तो होगी जेल

उदय भूमि
लखनऊ। जिले में शराब तस्करों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत आबकारी विभाग की टीम खुले में शराब पीने वाले और बिना लाइसेंस के शराब पिलाने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है। इस बीच एक नई मुहिम की भी शुरुआत की गई है। अक्सर शराब की दुकानों को बाहर लिखा होता है 18 वर्ष से कम उम्र के किसी भी युवा को शराब नहीं दी जाएगी। इसका शत प्रतिशत पालन कराने के लिए आबकारी विभाग ने नई मुहिम की शुरुआत कर दी है। जिससे युवाओं को नशे के सेवन से बचाया जा सकें, इसी के साथ युवाओं को जागरुक भी किया जा रहा है। जिले में शराब तस्करों की कमर तोडऩे के लिए बाद आबकारी विभाग नई युवा पीढ़ी को भी नशे से बचाने के लिए आए दिन ठोस कदम उठा रहा है। युवाओं मे नशे की लत समाज ही लगाता है, इसके फायदे गिना काल्पनिक बहाने बता। यह बहाने इतने गहरे होते हैं कि एक शरीफ व्यक्ति को खिंचा चला आता है, नशे की दुनिया में फिर नशेड़ी का परिवार बिलख-बिलख कर रोता है, दिन कि दोपहरी में नशेड़ी के बच्चे दाने-दाने को मोहताज हो जाते हैं और नशेड़ी मस्त रहता है।

नशे की ओर आगे बढ़ रही युवा पीढ़ी का सबसे बड़ा कारण यह भी है कि बार, रेस्टोरेंट में जाकर पार्टी के नाम पर पहले शौक में नशा करते है और लत पडऩे पर वहीं नशा पूरी तरह से शरीर में उतर जाता है। आबकारी विभाग को भले ही राजस्व शराब की बिक्री से होता है, मगर विभाग का उद्देश्य कभी यह नहीं होता है कि युवा पीढ़ी नशे की ओर बढ़े। युवाओं को नशे से बचाने के लिए ही विभाग अवैध शराब के खिलाफ जन-जागरुकता अभियान, एक युद्ध नशे के विरुद्ध आदि चलाकर लोगों को जागरूक करता है। इसी मुहिम को अपने तरीके से विभाग ने शुरु किया है, अब अगर कोई विक्रेता 18 उम्र से कम वाले किसी भी युवा को शराब बेचेगा तो संबंधित के खिलाफ भी कार्रवाई होगी। अब सिर्फ बोर्ड पर लिखने से ही काम नहीं चलेगा, इसका शत प्रतिशत सभी विक्रेताओं को पालन करना होगा। जिसके लिए आबकारी विभाग की टीमें भी दुकानों के पास खड़े होकर शराब खरीदने वालों पर नजर रखेंगी और संदिग्ध पाए जाने पर उसका आईडी चेक की जाएगी, जिससे यह पुष्टि हो सके कि शराब खरीदने वाला व्यक्ति 18 की उम्र का हो चुका है। इन सबके बीच में आबकारी विभाग की टीम ने बार, रेस्टोरेंट और होटल में भी चेकिंग अभियान चलाया। चेकिंग के दौरान इसकी पुष्टि की गई कि कहीं कोई बार, होटल मालिक बिना लाइसेंस के शराब तो नहीं पिला रहा है।

जिला आबकारी अधिकारी राकेश कुमार सिंह ने बताया जिले में अवैध शराब के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत आबकारी विभाग की टीम द्वारा शराब की दुकान, होटल, बार और रेस्टोरेंट पर भी चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। शनिवार को आबकारी निरीक्षक विवेक सिंह, रजनीश प्रताप सिंह, कौशलेंद्र रात की संयुक्त टीम द्वारा सुशांत गोल्फ सिटी थाना अंतर्गत इको पार्क अंसल और लूलू मॉल व मेदांता हॉस्पिटल के आस पास के इलाकों में सार्वजनिक स्थानों पर पीने व पिलाने वालों के विरुद्ध अभियान चलाया गया। इसके अतिरिक्त फीनिक्स प्लास्सियो मॉल एवं अंटास मॉल गोमतीनगर विस्तार में स्थित बार का आकस्मिक निरीक्षण किया गया। बारों में मदिरा का स्टॉक रजिस्टर से मिलान किया गया। बार व शराब की दुकान पर मौजूद ग्राहकों की आईडी कार्ड द्वारा रैंडम आधार पर उम्र वेरीफाई की गई।

सभी बार संचालकों को नियमानुसार बार चलाने, पॉश मशीन से शराब की बिक्री करने और समय सीमा का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए गए। जिला आबकारी अधिकारी ने बताया चेकिंग अभियान के तहत खुले में शराब का पीने और बिना लाइसेंस के शराब पिलाने वालों के खिलाफ अभियान चलाकर कार्रवाई की जा रही है। साथ ही सभी विक्रेताओं को भी सख्त निर्देश दिए गए है कि किसी भी नाबालिग को शराब न बेचे, शक होने पर उसकी आईडी चेक करें। अगर कोई भी विक्रेता किसी नाबालिग को शराब देता हुआ पाया गया तो संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इन सबके लिए सभी आबकारी निरीक्षकों को भी सख्त निर्देश दिए गए है कि शराब की दुकान, रेस्टोरेंट व होटल में जाकर चेकिंग करें। नशे के सेवन से युवाओं को बचना समाज के साथ आबकारी विभाग की भी जिम्मेदारी है। यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।