राकेश कुमार सिंह ने मेरठ मंडल उप आबकारी आयुक्त का चार्ज संभालते ही अधिकारियों को दी कार्यों में सुधार की नसीहत

• समीक्षा बैठक में 6 जिलों के अधिकारियों को दिए कार्यवाही में तेजी लाने के निर्देश
• शासन द्वारा निर्धारित लक्ष्य को पूरा करने के साथ अवैध शराब के अड्डों को पूरी तरह करें समाप्त: राकेश कुमार सिंह
• ओवर रेटिंग की शिकायतों को रोकने में नाकाम अधिकारियों पर भी होगी कार्रवाई

उदय भूमि
मेरठ। लखनऊ से पदोन्नति होकर आए राकेश कुमार सिंह ने शनिवार को मेरठ मंडल उप आबकारी आयुक्त के पद पर कार्यभार ग्रहण कर लिया है। जनपद हमीरपुर, लखीमपुर खीरी, बदायूं और प्रयागराज, गोरखपुर, प्रयागराज, गौतमबुद्ध नगर, महाराजगंज, गाजियाबाद और लखनऊ में अपनी अमिट छाप छोड़ने के बाद मेरठ मंडल में अपनी धाक जमाने की तैयारी शुरु हो गई है। शनिवार को जैसे ही राकेश कुमार सिंह ने मेरठ मंडल उप आबकारी आयुक्त का पदभार ग्रहण करने के कुछ देर बाद ही मेरठ मण्डल के समस्त जिला आबकारी अधिकारियों एवं सहायक आबकारी आयुक्त आसवानी व प्रवर्तन इकाईयों की समीक्षा बैठक लेनी शुरू कर दी। जब भी कोई अधिकारी किसी जिले या मंडल का चार्ज संभालते है तो पहले वहां कार्यप्रणाली को समझने का प्रयास करता है। मगर मेरठ में उसके विपरित देखने को मिला। दरअसल पूर्व में राकेश कुमार सिंह गौतमबुद्ध नगर और गाजियाबाद जिला आबकारी अधिकारी की कमान संभाल चुके है। चूंकि उनके लिए कार्यप्रणाली को समझना बिल्कुल ही मुश्किल नहीं था।

पूर्व में एक जिले की कमान संभाल रहे थे, मगर अब उनके कंधे पर जिले की कमान है। 6 जिलों की कमान संभालना इतना आसान तो नहीं है, मगर राकेश कुमार सिंह के लिए इतना मुश्किल भी नहीं है। जिले में उन्होंने अपनी दस्तक दी है, वहां अपनी कार्रवाई की एक अनोखी ही अमिट छाप छोड़ी है। चाहे वह कार्रवाई की हो या फिर उनके द्वारा किए जा रहे नए-नए तरीके कार्यों की। मेरठ मंडल में अब उनकी दस्तक के बाद जहां एक तरफ अवैध शराब के कारोबार में लिप्त शराब माफियाओं की शामत आने वाली है तो वहीं अधिकारियों पर भी गाज गिरनी तय है। क्योंकि जिले में भले ही शराब माफिया का दबदबा कम हो गया हो, मगर ओवर रेटिंग और राजस्व वृद्धि मामले में अभी और मेहनत करने की जरूरत है। गाजियाबाद, गौतमबुद्ध नगर और मेरठ में अगर आबकारी विभाग की कार्रवाई को देखा जाए तो अवैध शराब पर अंकुश लगाने में जिले की टीमें काफी हद तक सफलता प्राप्त कर चुकी है। मगर ओवर रेटिंग के मामले सोशल मीडिया के माध्यम से सबसे अधिक सामने आते है।

पहले दिन चार्ज लेते ही शनिवार को नव नियुक्त उप आबकारी आयुक्त राकेश कुमार सिंह ने मेरठ जिला आबकारी अधिकारी प्रदीप सिंह, गाजियाबाद जिला आबकारी अधिकारी संजय कुमार प्रथम, गौतमबुद्ध नगर जिला आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव, बुलंदशहर जिला आबकारी अधिकारी राजेन्द्र कुमार, बागपत जिला आबकारी अधिकारी नवीन कुमार के साथ-साथ सहायक आबकारी आयुक्त आसवानी व प्रवर्तन इकाईयों के साथ बैठक की। बैठक में उन्होंने सभी जिलों में चल रही कार्रवाई और राजस्व वृद्धि में किए जा रहे प्रयासों की जानकारी ली। बैठक में नवनियुक्त मेरठ मंडल उप आबकारी आयुक्त राकेश कुमार सिंह ने कहा किसी भी जिले में अवैध शराब का कारोबार बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं होगा। कार्रवाई को बढ़ाने के साथ-साथ जागरूकता पर भी विशेष ध्यान दिया जाए। शराब माफिया छोटा हो या फिर बड़ा दोनों पर ही लगातार कार्रवाई होनी चाहिए।

जहां भी अवैध शराब बनाने का काम चल रहा है वहां बिना देरी के कार्रवाई करें। ग्रामीण क्षेत्रों में भी लगातार भ्रमण कर अवैध शराब के ठिकानों पर कार्रवाई करें। इसके साथ ही अवैध शराब के खिलाफ लोगों में जागरूकता बढ़ाने के लिए ज्यादा से ज्यादा प्रचार-प्रसार किया जाए। अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई में लोगों का सहयोग बेहद जरुरी है। शराब पर होने वाली ओवर रेटिंग को रोकने के लिए सभी आबकारी निरीक्षकों को चेकिंग करने के सख्त निर्देश दिए जाए। अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई में लोगों का सहयोग बेहद जरुरी है। शासन द्वारा निर्धारित लक्ष्य को शत-प्रतिशत पूरा करें। वहीं आबकारी अधिकारियों को पहले दिन की बैठक में चेतावनी देते हुए उप आबकारी आयुक्त ने कहा शासन के लक्ष्य को पूरा करने के साथ अवैध शराब पर कार्रवाई और ओवर रेटिंग की शिकायत में किसी भी अधिकारी की कार्रवाई में लापरवाही दिखाई दी तो संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

जीरो टॉलरेंस नीति के तहत कार्रवाई करें। मुखबिर तंत्र को भी सक्रिय रहने के निर्देश दिए जाए। साथ ही दुकानों पर होने वाली ओवर रेटिंग रोकने के लिए भी लगातार दुकानों का निरीक्षण करते रहे। दुकानों पर लगे सीसीटीवी फुटेज चालू है कि नहीं, इसकी भी लगातार जांच करें। जो लाइसेंसी दुकानें हैं वहां शासन की गाइडलाइन के अनुसार ही शराब बिक्री हो और रेट लिस्ट जरूर चस्पा कराई जाए। इस बीच प्रवर्तन टीम को भी निगरानी रखने और चेकिंग की कार्रवाई में तेजी लाने के निर्देश दिए। बैठक में उप आबकारी आयुक्त की सख्ती को देख अधिकारियों में हड़कंप की स्थिति दिखाई दी। इस दौरान जनपद के सभी आबकारी अधिकारियों ने उप आबकारी आयुक्त को पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया।