-उपाध्यक्ष अतुल वत्स की पहल से बढ़ा डिजिटल सुधार का प्रभाव
-सचिव राजेश कुमार सिंह ने प्रशस्ति पत्र देकर बढ़ाया उत्साह, अन्य कर्मचारियों को भी मिली प्रेरणा
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) में शुक्रवार का दिन उस समय ऐतिहासिक बन गया, जब प्राधिकरण में पारदर्शिता, प्रतिबद्धता और कर्मठता की मिसाल बने लिपिक राधे श्याम को ‘पहल पोर्टल’ पर उत्कृष्ट कार्य के लिए जीडीए सचिव राजेश कुमार सिंह द्वारा सार्वजनिक रूप से प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया। इस सम्मान ने न सिर्फ राधे श्याम के मनोबल को ऊंचा किया, बल्कि अन्य कर्मचारियों को भी प्रेरणा की नई ऊर्जा दी। यह सम्मान जीडीए उपाध्यक्ष अतुल वत्स की उस नीतिगत सोच का परिणाम है, जिसके तहत कार्यालयी कार्यप्रणाली में जवाबदेही, पारदर्शिता और तकनीकी दक्षता को बढ़ावा देने का निर्णय लिया गया है। हाल ही में उपाध्यक्ष अतुल वत्स ने अधिकारियों की बैठक में साफ कहा था कि पहल पोर्टल के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों पर तेजी से कार्य किया जाए और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस बैठक के बाद उन्होंने निर्देश दिए थे कि कार्य के प्रति जिम्मेदारी निभाने वाले कर्मचारियों को सम्मानित किया जाएगा और लापरवाह कर्मियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। इसी क्रम में शुक्रवार को व्यावसायिक अनुभाग के लिपिक राधे श्याम को उनके अनुकरणीय कार्य के लिए प्रशंसा पत्र प्रदान किया गया। इस दौरान जीडीए सचिव राजेश कुमार सिंह ने कहा कि राधे श्याम ने पहल पोर्टल पर जिन प्रकार की तत्परता और पारदर्शिता से काम किया है, वह आने वाले समय में सभी के लिए एक उदाहरण बनेगा।
पहल पोर्टल बना बदलाव का माध्यम, नागरिकों को घर बैठे मिल रही सेवाएं
पहल पोर्टल जीडीए की वह डिजिटल पहल है, जिसे नागरिकों की सुविधाओं के लिए शुरू किया गया था। इससे योजनाओं की जानकारी, आवेदन प्रक्रिया और समस्याओं के समाधान में काफी पारदर्शिता और गति आई है। राधे श्याम की मेहनत के कारण इस पोर्टल पर कई फाइलें समय से प्रोसेस की गईं, जिससे आवंटी वर्ग को त्वरित लाभ मिल सका। गौरतलब है कि हाल ही में भवन अनुभाग में फाइलों की धीमी प्रक्रिया और जवाबदेही की कमी पर उपाध्यक्ष अतुल वत्स ने नाराजगी जताई थी और स्पष्ट निर्देश दिए थे कि कार्य में तेजी लाने के साथ-साथ परिणाम देने वाले कर्मियों को आगे लाया जाए।
सम्मान की संस्कृति से बढ़ेगी कार्यक्षमता, जीडीए में बदलेगी कार्य संस्कृति
राधे श्याम को मिला यह सम्मान जीडीए में एक नई कार्य संस्कृति की ओर संकेत करता है, जहां केवल आदेश नहीं, कार्य निष्पादन के आधार पर पहचान और प्रशंसा होगी। सचिव राजेश कुमार सिंह ने कहा कि आने वाले समय में अन्य विभागों में भी कार्य निष्पादन की समीक्षा की जाएगी और जो अधिकारी-कर्मचारी बेहतर प्रदर्शन करेंगे, उन्हें इसी प्रकार सम्मानित किया जाएगा। इस सम्मान को जीडीए के कर्मचारियों ने भी एक सकारात्मक संदेश के रूप में देखा है और कहा है कि यदि इस तरह से मेहनत को सराहा जाएगा, तो निश्चित तौर पर हर विभाग में गुणवत्ता, जवाबदेही और पारदर्शिता में इजाफा होगा।
















