आबकारी विभाग का सक्रिय अभियान: तस्करों की चाल से एक कदम आगे, ग्राहक बनकर धर-दबोच की रणनीति लागू

– रात के छापों में बरामद भारी मात्रा में अवैध शराब, दो तस्कर गिरफ्तार
– जिला आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव ने कहा, “शराब तस्करी बर्दाश्त नहीं, हर कदम पर कड़ी कार्रवाई”
– लाइसेंसी दुकानों पर भी सख्त निगरानी, टेस्ट परचेजिंग और सीसीटीवी जांच जारी

उदय भूमि संवाददाता
गौतमबुद्ध नगर। जनपद में शराब तस्करी और अवैध शराब की बिक्री पर अंकुश लगाने के लिए आबकारी विभाग ने एक व्यापक और सक्रिय अभियान शुरू किया है। इस अभियान के तहत विभाग की टीम ने रात के अंधेरे में तस्करों की चाल से एक कदम आगे बढ़कर उन्हें पकडऩे की रणनीति अपनाई है। अब टीम न केवल तस्करों की हर हरकत पर नजर रख रही है, बल्कि ग्राहक बनकर तस्करों के जाल में घुसकर उन्हें मौके पर ही धर दबोच रही है। आबकारी विभाग की इस रणनीति की सफलता अब जिले में साफ नजर आने लगी है। मुखबिर नेटवर्क को सक्रिय कर टीम ने तस्करों के सभी रूट और संभावित गतिविधियों की पूरी जानकारी जुटाई, जिससे अब रात के अंधेरे में शराब तस्करी करना उनके लिए मुश्किल हो गया है। हाल ही में विभाग की टीम ने दो तस्करों को गिरफ्तार किया है, जो दिन में लाइसेंसी दुकानों से शराब खरीदकर रात में महंगे दामों पर बेचते थे। आबकारी निरीक्षक सचिन त्रिपाठी की टीम ने सोमवार को थाना सेक्टर 24 में स्थित सेक्टर 11 के पास अवैध शराब तस्करी कर रहे वाजिद पुत्र शाबिर को गिरफ्तार किया। उनके पास से 35 पौवा कैटरीना देशी शराब (200 एमएल, यूपी मार्का) बरामद की गई।

इसी तरह रविवार रात को थाना फेज 1 स्थित सेक्टर-08 एफ95 के पास तस्कर विकास पुत्र मनोज को गिरफ्तार किया गया, जिनके पास से 105 पौवा दोस्ताना देशी शराब (200 एमएल, यूपी मार्का) जब्त की गई। दोनों तस्करों के खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई की गई और उन्हें जेल भेजा गया। जिला आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि हमारा अभियान शराब तस्करी के खिलाफ लगातार जारी रहेगा। अब हमारी टीम रात के अंधेरे में ही सक्रिय हो रही है। तस्करों को पकडऩे के लिए हम पहले उनकी गतिविधियों का पूरा निरीक्षण करते हैं, फिर ग्राहक बनकर मौके पर जाकर उन्हें दबोचते हैं। जिले में शराब तस्करी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किसी को भी नहीं बख्शा जाएगा। हमारी निगरानी लाइसेंसी दुकानों पर भी लगातार चल रही है। दुकानों पर रखी शराब, सीसीटीवी कैमरे और ब्रांड की पूरी जांच की जा रही है।

आबकारी विभाग न केवल तस्करों को पकडऩे में सक्रिय है, बल्कि लाइसेंसी दुकानों पर भी सख्त निगरानी रखी जा रही है। इसके तहत गुप्त रूप से टेस्ट परचेजिंग की जाती है, दुकानों पर सीसीटीवी कैमरों की जांच होती है और हर ब्रांड की उपलब्धता पर नजर रखी जाती है। इस रणनीति का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी अवैध शराब बिक्री के माध्यम से आम जनता तक न पहुंचे और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई हो। जनपद के नागरिक आबकारी विभाग की टीम की कार्यशैली की खुलकर सराहना कर रहे हैं। विभाग ने न केवल शराब तस्करी पर नकेल कसी है, बल्कि अवैध गतिविधियों के लिए अब किसी को भी कोई मौका नहीं दिया जा रहा है। विभाग की सक्रियता और रात में किए गए छापों ने जिले में शराब तस्करों में खौफ पैदा कर दिया है।

जिला आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि अभियान लगातार जारी रहेगा और आगामी दिनों में और भी कई छापेमारी की योजना है। उन्होंने कहा कि हमारी टीम हर कदम पर सक्रिय है और तस्करों की हर चाल पर नजर रखे हुए है। हमारा लक्ष्य जिले में शराब तस्करी को पूरी तरह समाप्त करना है और कानून का भय सब पर बनाना है।
गौतमबुद्ध नगर में आबकारी विभाग ने साबित कर दिया है कि कानून का पालन करवाना और अवैध गतिविधियों को रोकना सिर्फ कागजों तक सीमित नहीं है। उनकी रात की सतर्कता, मुखबिर नेटवर्क और ग्राहक बनकर तस्करों की धरपकड़ ने जिले में अपराधियों में खौफ पैदा किया है। यह अभियान लगातार जारी रहेगा और विभाग की सक्रियता से जिले में शराब तस्करी के मामलों में कमी आएगी।