चार्ज संभालते ही एक्शन में दिखे DM कपिल सिंह, निरीक्षण के बाद की बैठक कहा लापरवाही और भ्रष्टाचार पर रहेगा जीरो टॉलरेंस, सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में पूरा योगदान दें कर्मचारी और अधिकारी

कानपुर देहात के नवनियुक्त जिलाधिकारी कपिल सिंह ने कार्यभार संभालते ही स्पष्ट कर दिया कि लापरवाही, भ्रष्टाचार और शिथिलता के लिए जिले में कोई जगह नहीं होगी। जिलाधिकारी ने कहा कि लोगों को बेहतर स्वास्थ सुविधाएं मिले यह सरकार की प्राथमिकता है। ऐसे में सरकारी अधिकारी इसमें अपना पूरा योगदान दें। आयुष्मान भारत गरीब की जीवनरेखा है, इसमें लापरवाही अपराध है। उत्तर प्रदेश के तेज तर्रार आईएएस कपिल सिंह की छवि परफारमेंस गारंटर की है। जनता के प्रति व्यवहार में सहज और कामचोर अधिकारियों व कर्मचारियों के प्रति सख्त रूख रखने वाले कपिल सिंह की गिनती रिजल्ट ओरिएंटेड अधिकारी के रूप में होती है। कानपुर देहात के डीएम बनने से पूर्व वह यमुना औद्योगिक विकास प्राधिकरण में अपर मुख्य कार्यपाल अधिकारी के पद पर तैनात थे। यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में सरकार की अति महत्वपूर्ण विकासपरक योजनाओं को तीव्र गति देने और किसानों की समस्याओं को प्राथमिकता पर हल करने वाले अधिकारी के रूप में इनकी पहचान बनी। बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग के डॉयरेक्टर के रूप में कपिल सिंह ने आंगनबाड़ी केंद्रों की व्यवस्था सुधारने के लिए काफी काम किया था। शासन द्वारा उनके कार्यों की सराहना भी की गई है। उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में वरिष्ठ प्रशासनिक पदों पर काम करते हुए हमेशा जनता से जुड़ाव रखा है। कपिल सिंह न सिर्फ एक सख्त प्रशासक हैं, बल्कि जनहित की जरूरतों को समझने वाले अधिकारी भी हैं।
उदय भूमि संवाददाता
कानपुर। जनपद के नवनियुक्त जिलाधिकारी कपिल सिंह ने कार्यभार संभालते ही यह स्पष्ट कर दिया कि लापरवाही, भ्रष्टाचार और शिथिलता के लिए जिले में कोई जगह नहीं होगी। कार्यभार संभालने के 24 घंटे के भीतर ही जिलाधिकारी कपिल सिंह ने आयुष्मान भारत योजना की समीक्षा के लिए कलेक्ट्रेट स्थित मां मुक्तेश्वरी देवी सभागार में जिला शिकायत निवारण समिति की बैठक बुलाई। बुधवार सुबह हुई बैठक में स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित मामलों की जानकारी ली गई। आमजनों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिलने में कोई देरी ना हो इसको लेकर आवश्यक दिशा निर्देश देते हुए नवनियुक्त जिलाधिकारी ने कहा कि जरूरतमंदों को समय पर इलाज मिले, आयुष्मान कार्ड बनवाने में और भुगतान में किसी तरह की परेशानी नहीं आनी चाहिये।

समयबद्धता और पारदर्शिता पर जोर देते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि कोई भी कर्मचारी या अधिकारी अपनी टेबल पर पत्रावलियों और फाइलों को अनावश्यक ना रोंके। इस तरह की शिकायतों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सरकार की योजनाओं का लाभ हर जरूरतमंद व्यक्ति तक पहुंचे और योजनाओं का व्यापक प्रचार प्रसार हो इसका सभी अधिकारी ध्यान रखें। आईजीआरएस से संबंधित शिकायतों के निस्तारण का रियल टाइम फीडबैक डेटा अपडेट रखा जाये। जिलाधिकारी कपिल सिंह ने कहा कि लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिले यह सरकार की प्राथमिकता में शामिल है। ऐसे में सरकारी अधिकारी इसमें अपना पूरा योगदान दें। आयुष्मान भारत गरीब की जीवनरेखा है, इसमें लापरवाही अपराध है। लापरवाही और भ्रष्टाचार को लेकर चेतावनी देते हुए उन्होंने कहा कि किसी अस्पताल में अवैध वसूली या इलाज से वंचित किए जाने की शिकायत मिली तो कठोर कार्रवाई की जाएगी। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी लक्ष्मी एन, एडीएम अमित कुमार, एसीएमओ डॉ. सुखलाल वर्मा, विभिन्न अस्पतालों के प्रतिनिधि व अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

उत्तर प्रदेश के तेज तर्रार आईएएस कपिल सिंह की छवि परफारमेंस गारंटर की है। जनता के प्रति व्यवहार में सहज और कामचोर अधिकारियों व कर्मचारियों के प्रति सख्त रूख रखने वाले कपिल सिंह की गिनती रिजल्ट ओरिएंटेड अधिकारी के रूप में होती है। कानपुर देहात के डीएम बनने से पूर्व वह यमुना औद्योगिक विकास प्राधिकरण में अपर मुख्य कार्यपाल अधिकारी के पद पर तैनात थे। यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में सरकार की अति महत्वपूर्ण विकासपरक योजनाओं को तीव्र गति देने और किसानों की समस्याओं को प्राथमिकता पर हल करने वाले अधिकारी के रूप में इनकी पहचान बनी। बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग के डॉयरेक्टर के रूप में कपिल सिंह ने आंगनबाड़ी केंद्रों की व्यवस्था सुधारने के लिए काफी काम किया था। शासन द्वारा उनके कार्यों की सराहना भी की गई है। उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में वरिष्ठ प्रशासनिक पदों पर काम करते हुए हमेशा जनता से जुड़ाव रखा है। कपिल सिंह न सिर्फ एक सख्त प्रशासक हैं, बल्कि जनहित की जरूरतों को समझने वाले अधिकारी भी हैं। उनके नेतृत्व में जिले में न केवल शासन की योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन होगा, बल्कि आम जनता को सशक्त और सुरक्षित भी महसूस कराया जाएगा।
मंगलवार देर शाम कलेक्ट्रेट स्थित कोषागार में कानपुर देहात के जिलाधिकारी का विधिवत कार्यभार ग्रहण करते हुए उन्होंने प्रशासनिक कार्यशैली में सख्ती, जवाबदेही और पारदर्शिता लागू करने की बात दोहराई। जिलाधिकारी ने कोषागार में स्टांप और खातों का गहन निरीक्षण कर अधिकारियों से विस्तृत जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने कहा कि विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही अधिकारियों को समन्वय और समाधान केंद्रित कार्यशैली अपनाने के निर्देश दिए।