– मधुबनी जिला के हटनी गांव पहुंचे राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान, ग्रामीणों से किया संवाद
उदय भूमि संवाददाता
हटनी (मधुबनी)। पुलिस प्रशासन की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच बृहस्पतिवार को बिहार के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान घोघरडीहा के हटनी गांव पहुंचे। वह अपने परिचित समाजसेवी तरुण मिश्र के घर निजी कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आये थे। पटना से स्टेट प्लेन से दरभंगा पहुंचने के बाद से सड़क मार्ग से होकर हटनी गांव पहुंचे। राज्यपाल ने दरभंगा से हटनी गांव तक की लगभग 75 किलोमीटर लंबी यात्रा कार से की। यह यात्रा राज्यपाल की ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है। उनके साथ राज्यपाल सचिवालय और जिला प्रशासन की टीम भी मौजूद थी।
हटनी (मधुबनी)। पुलिस प्रशासन की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच बृहस्पतिवार को बिहार के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान घोघरडीहा के हटनी गांव पहुंचे। वह अपने परिचित समाजसेवी तरुण मिश्र के घर निजी कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आये थे। पटना से स्टेट प्लेन से दरभंगा पहुंचने के बाद से सड़क मार्ग से होकर हटनी गांव पहुंचे। राज्यपाल ने दरभंगा से हटनी गांव तक की लगभग 75 किलोमीटर लंबी यात्रा कार से की। यह यात्रा राज्यपाल की ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है। उनके साथ राज्यपाल सचिवालय और जिला प्रशासन की टीम भी मौजूद थी।
हटनी गांव में तरुण मिश्र के आवास पर राज्यपाल के पहुंचते ही जिला प्रशासन की ओर से गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया. सलामी की औपचारिकता के बाद राज्यपाल ने तरुण मिश्र के परिवारजनों और सगे संबंधियों से आत्मीयता पूर्वक मुलाकात की। तरुण मिश्र के बहनोई श्यामा नंद झा ने मिथिला परंपरा के अनुरूप राज्यपाल को पाग व डोपटा (शॉल) ओढ़ाकर स्वागत किया। तरुण मिश्र ने राज्यपाल को उनकी बनाई एक पेंटिंग स्मृति-चिह्न के रूप में भेंट की। इस अवसर पर परिवारजनों के अलावा पूर्व मुखिया संजय कुमार निराला, गंगाधर झा, राजपाल मिश्र, माधव झा, निरंजन झा और शंकर झा काफी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।

मिथिलांचल की आत्मीयता से प्रभावित राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने कहा कि मैं तरुण मिश्र के निमंत्रण पर हटनी गांव आया हूं। वह मेरे पूर्व परिचित हैं और मैं मैं उनके आग्रह के आग्रह को टाल नहीं सकता। पहले दो बार कार्यक्रम किसी कारणवश स्थगित हुआ था, लेकिन आज का ग्रह-नक्षत्र शुभ है. इसलिए यहां तक पहुंचने में सफल रहा। पटना से सीधे हटनी गांव पहुंचे राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान काफी देर तक गांव में रूके और ग्रामीणों से भी बातचीत की। उन्होंने कहा कि मिथिला की मिट्टी में जो अपनापन है, वह अनमोल है और यही इसकी सबसे बड़ी शक्ति है। राज्यपाल ने गांव के बुर्जुगों, युवाओं और स्थानीय जनप्रतिनिधियों से संवाद किया। राज्यपाल ने कहा कि गांव की आत्मा ही भारत की आत्मा है। जब गांव मजबूत होंगे, तभी देश सशक्त होगा।तरुण मिश्र ने बताया कि राज्यपाल से उनका व्यक्तिगत संबंध है। राज्यपाल के रूप में वह बिहार के विकास के लिए सराहनीय योगदान दे रहे हैं। राज्यपाल के आगमन से पहले पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार ने सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया। पूरे क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहे। राज्यपाल के गांव पहुंचते ही मिथिला की अतिथि-देवो-भव: परंपरा का परिचय देते हुए उनका गर्मजोशी से स्वागत किया गया।
राज्यपाल के आगमन से कोसी क्षेत्र में विकास की उम्मीद जगी, बिहार के अति पिछड़े क्षेत्र में शामिल है कोसी बेल्ट
कोसी क्षेत्र के प्रवेश द्वार हटनी गांव ने गुरुवार को इतिहास रचा, जब बिहार के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान का यह दौरा न केवल ऐतिहासिक था बल्कि ग्रामीण विकास, शिक्षा और सामाजिक चेतना के लिए एक प्रेरक घटना साबित हुआ। राज्यपाल ने समाजसेवी तरुण मिश्र के निजी निमंत्रण पर यह दौरा किया, जो क्षेत्र में सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यों के लिए लंबे समय से जाने जाते हैं। कोसी क्षेत्र बिहार का सबसे पिछड़ा और उपेक्षित क्षेत्र है। राज्यपाल के आगमन से कोसी बेल्ट में विकास की उम्मीद जगी है। राज्यपाल ने ग्रामीणों से हाथ मिलाया, उनका अभिवादन किया और बच्चों, बुजुर्गों तथा महिलाओं के साथ संवाद किया। राज्यपाल ने ग्रामीणों से कहा कि मैं हमेशा ग्रामीण क्षेत्रों के विकास के लिए प्रतिबद्ध रहा हूँ। आपकी शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक उत्थान मेरी प्राथमिकता है। आरिफ मोहम्मद खान ने कहा कि यह क्षेत्र प्राकृतिक सुंदरता और सांस्कृतिक धरोहर में समृद्ध है। मैं यहाँ शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में सुधार और सामाजिक विकास को प्रोत्साहित करने के लिए आया हूँ।
हटनी गांव में ग्रामीणों ने राज्यपाल से डिग्री कॉलेज खोलने की मांग रखी। ग्रामीणों ने बताया कि सुदूर क्षेत्र होने के कारण युवाओं को उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए काफी दूरी तय करनी पड़ती है। राज्यपाल ने बच्चों से बातचीत करते हुए उनका नाम, कक्षा और अध्ययन की स्थिति पूछी। उन्होंने कहा कि शिक्षा एक मजबूत समाज की आधारशिला है और सरकार ग्रामीण बच्चों के लिए उच्च शिक्षा के अवसर सुनिश्चित करने में लगी हुई है। महिलाओं से भी राज्यपाल ने मुलाकात की और कहा कि ग्रामीण महिलाओं की सक्रिय भागीदारी क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
हटनी गांव और आसपास के क्षेत्र में राज्यपाल के दौरे ने ग्रामीणों में उत्साह और गर्व की भावना उत्पन्न की। ग्रामीणों ने राज्यपाल का स्वागत करते हुए अपने अनुभव साझा किए और उनकी उपस्थिति को प्रेरणा का स्रोत माना। राज्यपाल ने ग्रामीणों से संवाद के दौरान कहा कि गांव की समस्याओं और सुझावों को गंभीरता से सुनकर उसका समाधान सुनिश्चित किया जाएगा। हटनी गांव में आयोजित कार्यक्रम के दौरान ग्रामीण बच्चों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं, जिसमें पारंपरिक मिथिला कला और संगीत शामिल थे। राज्यपाल ने बच्चों की प्रस्तुति की सराहना करते हुए कहा कि युवा पीढ़ी ही समाज और संस्कृति के संरक्षण और विकास की आधारशिला है।
राज्यपाल का यह दौरा कोसी क्षेत्र के विकास, शिक्षा और सामाजिक चेतना के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता का प्रतीक है। ग्रामीणों ने राज्यपाल को देखकर उत्साह और गर्व का अनुभव किया। उनके आने से ग्रामीण समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार हुआ और स्थानीय प्रशासन के प्रति विश्वास बढ़ा। राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान का हटनी गांव दौरा कोसी क्षेत्र में शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक विकास के लिए एक ऐतिहासिक और प्रेरक कदम साबित हुआ। समाजसेवी तरुण मिश्र के सक्रिय प्रयासों और राज्यपाल के सहयोग से सुदूर ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षा, सामाजिक चेतना और विकास की नई राह तय होगी। ग्रामीणों की मांगों और सुझावों के आधार पर डिग्री कॉलेज की स्थापना को सुनिश्चित करने के लिए राज्यपाल ने अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।


























