• विद्यार्थियों को मिलेगा आधुनिक सुविधा युक्त अध्ययन केंद्र, जल्द शुरू होगा निर्माण कार्य
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। नगर निगम के एक और महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट को शासन की मंजूरी मिल गई है। नंदग्राम क्षेत्र में 9 करोड़ 80 लाख रुपये की लागत से द्वि-मंजिला डिजिटल लाइब्रेरी का निर्माण किया जाएगा। यह लाइब्रेरी एक साथ 300 से अधिक विद्यार्थियों को अध्ययन की सुविधा देगी और आधुनिक तकनीक से सुसज्जित होगी। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक के प्रयासों से यह योजना मंजूर हुई है, जिसका उद्देश्य शहर के विद्यार्थियों को उच्च गुणवत्ता वाली अध्ययन सुविधाएं प्रदान करना है। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने बताया कि डीपीआर (डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार करने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है और शीघ्र ही शासन को अंतिम स्वीकृति के लिए भेजी जाएगी। लाइब्रेरी निर्माण का कार्य सी एंड डी एस और उत्तर प्रदेश जल निगम को सौंपा गया है। निर्माण कार्य को जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।
लाइब्रेरी की खासियतें:
• द्वि-मंजिला संरचना (ग्राउंड + फर्स्ट + सेकंड फ्लोर)
• 1500 वर्ग मीटर में बनेगी डिजिटल लाइब्रेरी
• छत (टैरेस) को भी अध्ययन और अन्य सुविधाओं के लिए शामिल किया जाएगा
• 300+ विद्यार्थियों के बैठने की व्यवस्था
• आधुनिक तकनीक से युक्त डिजिटल संसाधन
शिक्षा को मिलेगा बढ़ावा, हर वर्ग को मिलेगा लाभ
नगर निगम गाजियाबाद के सर्वांगीण विकास पर जोर दे रहा है। हाल ही में शहर में स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स की मंजूरी मिलने के बाद, अब विद्यार्थियों के लिए डिजिटल लाइब्रेरी की सौगात मिली है। यह हर वर्ग के विद्यार्थियों के लिए उपयोगी होगी और उनके अध्ययन में सहायक साबित होगी। मुख्य अभियंता निर्माण नरेंद्र कुमार चौधरी ने बताया कि यह गाजियाबाद की सबसे बड़ी डिजिटल लाइब्रेरी होगी। इसमें न केवल पुस्तकों की भरपूर व्यवस्था होगी, बल्कि डिजिटल संसाधन भी उपलब्ध होंगे, जिससे विद्यार्थियों को नवीनतम तकनीक का लाभ मिल सकेगा।
नगर निगम के कुशल नेतृत्व में तेजी से बढ़ रहे विकास कार्य
नगर निगम गाजियाबाद जनहित में लगातार नई योजनाओं को मूर्त रूप दे रहा है। शहर के नियमित विकास कार्यों के साथ-साथ नवीन और अत्याधुनिक सुविधाओं को भी तेजी से लागू किया जा रहा है। शिक्षा और खेल से जुड़ी योजनाओं को प्राथमिकता दी जा रही है, ताकि युवा पीढ़ी को एक उज्जवल भविष्य मिल सके। नागरिकों और विद्यार्थियों के लिए यह लाइब्रेरी एक वरदान साबित होगी। इसके निर्माण से क्षेत्र में शिक्षा के स्तर में बड़ा बदलाव आएगा और हजारों विद्यार्थियों को अध्ययन का बेहतर वातावरण मिलेगा।

नगर आयुक्त
नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने बताया कि गाजियाबाद नगर निगम जनहित में निरंतर कार्य कर रहा है। शहर में विकास की गति को तेज किया गया है और शिक्षा से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है। इसी क्रम में नंदग्राम क्षेत्र में डिजिटल लाइब्रेरी बनाने की योजना को शासन से स्वीकृति मिल गई है। यह शहर की पहली आधुनिक डिजिटल लाइब्रेरी होगी, जहां विद्यार्थियों को अध्ययन के लिए बेहतरीन माहौल मिलेगा। लगभग 9 करोड़ 80 लाख रुपये की लागत से बनने वाली यह लाइब्रेरी 1500 वर्ग मीटर में फैली होगी और एक साथ 300 से अधिक विद्यार्थी यहां अध्ययन कर सकेंगे। इसमें ग्राउंड, फर्स्ट और सेकंड फ्लोर के अलावा टैरेस को भी उपयोग में लिया जाएगा। हमारी कोशिश है कि निर्माण कार्य शीघ्र शुरू हो और निर्धारित समय में पूरा किया जाए। डीपीआर तैयार कर शासन को भेजी जा रही है। निर्माण कार्य की जिम्मेदारी सी एंड डी एस और उत्तर प्रदेश जल निगम को दी गई है। इससे विद्यार्थियों के साथ-साथ शहरवासियों को भी लाभ मिलेगा। नगर आयुक्त ने कहा कि गाजियाबाद में शिक्षा और खेल को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। पहले स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स की मंजूरी मिली थी, और अब डिजिटल लाइब्रेरी के निर्माण की दिशा में कदम बढ़ाया गया है। इससे शहर का बौद्धिक और शैक्षिक विकास होगा और विद्यार्थियों को एक नई दिशा मिलेगी।
















