– 800 मीटर भूमि कराई गई मुक्त, किराया वसूलने वालों पर शिकंजा, दो दिन की आखिरी मोहलत
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। इंदिरापुरम की ग्रीन बेल्ट को अतिक्रमण मुक्त कराने के अभियान में नगर निगम ने एक बार फिर सख़्त रुख अपनाया। शुक्रवार को महापौर सुनीता दयाल स्वयं मौके पर पहुँचीं और नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक के नेतृत्व में नगर निगम की टीम के साथ ग्रीन बेल्ट क्षेत्र का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान शेष बचे अवैध कब्जों पर तत्काल कार्रवाई करते हुए बुलडोजर चलवाया गया और करीब 800 मीटर भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया। नगर निगम अधिकारियों के अनुसार इससे पूर्व भी इसी ग्रीन बेल्ट से लगभग 1100 मीटर भूमि खाली कराई जा चुकी है, लेकिन इसके बावजूद कुछ लोगों द्वारा फिर से कब्जा कर लिया गया था। मौके पर निरीक्षण के दौरान कार वॉश, कार रिपेयर, झुग्गियां और अन्य अस्थायी ढांचे ग्रीन बेल्ट पर अवैध रूप से संचालित पाए गए। जांच में यह भी सामने आया कि मोमीन, प्रमोद, राजबलिया सहित अन्य लोगों द्वारा फजरुद्दीन जैसे व्यक्तियों के माध्यम से अवैध रूप से किराया वसूला जा रहा था।
महापौर सुनीता दयाल ने मौके पर ही नगर निगम अधिकारियों को निर्देश दिए कि बचे हुए अतिक्रमण को किसी भी सूरत में बर्दाश्त न किया जाए। कुछ लोगों को मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए दो दिन का समय दिया गया है ताकि वे स्वयं अपना सामान हटा सकें और उन्हें अनावश्यक नुकसान न हो। महापौर ने स्पष्ट चेतावनी दी कि तय समय सीमा के बाद यदि ग्रीन बेल्ट खाली नहीं की गई तो दोबारा बुलडोजर कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही महापौर ने इंदिरापुरम एसटीपी के पास विकसित मियावाकी क्षेत्र का भी निरीक्षण किया। निरीक्षण में पाया गया कि नगर निगम की भूमि से सटी जगह पर झुग्गियां बनी हुई हैं, जिन्हें कनावनी क्षेत्र के कुछ लोगों द्वारा किराए पर दिया गया है। महापौर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि भूमि की जांच कर यह सुनिश्चित किया जाए कि यदि वह नगर निगम की है, तो वहां भी अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाए।
महापौर सुनीता दयाल ने कहा कि पूर्व में इंदिरापुरम क्षेत्र पर समुचित ध्यान नहीं दिया गया, जिसके चलते विकास प्राधिकरण की भूमि, जो अब नगर निगम के अधीन है, को बाहरी लोगों को अवैध रूप से किराए पर दे दिया गया। अब इंदिरापुरम नगर निगम को हस्तांतरित हो चुका है, इसलिए नगर निगम न केवल नाले, सड़क, सीवर, पेयजल लाइन और ग्रीन बेल्ट के विकास का कार्य कर रहा है, बल्कि भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने की जिम्मेदारी भी निभा रहा है। उन्होंने कहा कि इंदिरापुरम की स्थिति सुधारने में समय लगेगा, लेकिन नगर निगम लगातार प्रयास कर रहा है। ग्रीन बेल्ट से पुराने मलबे और टूट-फूट का सामान भी हटवाया गया है। महापौर ने अधिकारियों को पूरे शहर में नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए ताकि गाजियाबाद में सुव्यवस्थित, स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित किया जा सके।

















