नगर निगम की मेगा प्लानिंग: गाजियाबाद को मिलेगा हाईटेक लुक

-स्पोर्ट्स जोन, ट्रैफिक पार्क, म्यूजियम और शॉपिंग कॉम्प्लेक्स जैसे प्रोजेक्ट से शहरवासियों को मिलेगा नया अनुभव
-250 करोड़ की विकास सौगात, शहर के हर कोने में चमकेगा बदलाव का नया सूरज

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। नगर निगम अब गाजियाबाद शहर की तस्वीर बदलने की नई पटकथा लिखने जा रहा है। सोमवार को नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने निगम मुख्यालय में निर्माण विभाग के अधिकारियों के साथ अहम बैठक कर 250 करोड़ रुपये के नए विकास प्रोजेक्ट पर मंथन किया। यदि यह योजनाएं शासन से स्वीकृत होती हैं, तो गाजियाबाद की सूरत ही नहीं, इसकी विकास की परिभाषा भी बदल जाएगी। बैठक के दौरान नगर आयुक्त ने न सिर्फ भविष्य की योजनाओं पर विमर्श किया, बल्कि वर्तमान में शहर में चल रहे 350 करोड़ रुपये के कार्यों की भी बारीकी से समीक्षा की। इसमें सड़कों का निर्माण, नालों की सफाई और सुदृढ़ीकरण, बाउंड्रीवाल निर्माण समेत कई आधारभूत परियोजनाएं शामिल हैं। निर्माण विभाग के चीफ इंजीनियर एन.के. चौधरी ने प्रजेंटेशन के जरिए नगर आयुक्त को पूरे प्रगति विवरण से अवगत कराया।

बैठक में तय किया गया कि 250 करोड़ की आगामी योजनाएं खासतौर से विजयनगर जोन को केंद्र बनाकर तैयार की जाएंगी। इनमें क्रॉसिंग रिपब्लिक के पास भव्य मंडपम, एक आधुनिक म्यूजियम, एक अस्पताल और एक भव्य स्पोर्ट्स जोन का प्रस्ताव शामिल है। यह सभी प्रोजेक्ट मुख्यमंत्री वैश्विक नगरोदय योजना के अंतर्गत प्रस्तावित किए जा रहे हैं, जिससे स्थानीय लोगों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। वहीं मोहन नगर जोन क्षेत्र के अंतर्गत शहीद नगर मेट्रो स्टेशन के आसपास एक अत्याधुनिक शॉपिंग कॉम्प्लेक्स की योजना भी बनाई गई है। सिटी जोन क्षेत्र में नंदग्राम को ट्रैफिक पार्क और एक और बड़े स्पोर्ट्स जोन के ज़रिए नया रूप दिया जाएगा। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने स्पष्ट निर्देश दिए कि इन सभी प्रस्तावों की विस्तृत रूपरेखा तैयार कर शासन को तत्काल भेजी जाए।

उन्होंने कहा कि गाजियाबाद नगर निगम शहरवासियों को बेहतर जीवनशैली देने के लिए प्रतिबद्ध है। नए प्रोजेक्ट न सिर्फ शहर की भव्यता बढ़ाएंगे, बल्कि रोजगार और पर्यटन की संभावनाएं भी पैदा करेंगे। महापौर सुनीता दयाल और नगर आयुक्त के नेतृत्व में यह पहल गाजियाबाद को प्रदेश के अग्रणी नगरों की सूची में लाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। शहरवासियों को उम्मीद है कि ये योजनाएं जल्द साकार होंगी और गाजियाबाद स्मार्ट सिटी की अवधारणा को वास्तव में मूर्त रूप दे सकेगा।