जीडीए का बुलडोजर एक्शन: अवैध कॉलोनियों पर बड़ी कार्रवाई, 19 हजार वर्गमीटर भूमि मुक्त

-जीडीए उपाध्यक्ष अतुल वत्स के निर्देश पर मोदीनगर में तीन अवैध कॉलोनियों ध्वस्त, निर्माणकर्ताओं में हड़कंप

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। अनाधिकृत निर्माण और अवैध कॉलोनियों पर गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। सोमवार को जीडीए ने एक और बड़ा कदम उठाते हुए मोदीनगर क्षेत्र की तीन अवैध कॉलोनियों पर बुलडोज़र चला दिया। कुल मिलाकर 19 हजार वर्गमीटर क्षेत्रफल में फैली इन कॉलोनियों को ध्वस्त कर दिया गया। जीडीए उपाध्यक्ष अतुल वत्स के निर्देश पर चल रही इस सख्त कार्रवाई ने अवैध कॉलोनाइज़रों की नींद उड़ा दी है। जीडीए प्रवर्तन जोन-2 के प्रभारी अधिशासी अभियंता वीरेंद्र कुमार ने सहायक अभियंता विनय वर्मा और अवर अभियंता योगेश वर्मा की टीम तथा पुलिस बल के साथ ग्राम याकूतपुर मवी और बेगमाबाद क्षेत्र में बनाई जा रही कॉलोनियों की सड़कों, बाउंड्रीवाल, इंटरलॉकिंग टाइल्स, मिट्टी भराई, बिजली खंभे और साईट ऑफिस को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया।

जांच में सामने आया कि कॉलोनाइजरों बृजेश कुमार नेहरा, अनूप सिंह, कृष्णपाल, गौरव नेहरा, ओमपाल सिंह, सतपाल, रूकनपाल, हरेंद्र, देवेन्द्र समेत कई स्थानीय लोगों ने खसरा संख्याओं पर अवैध तरीके से सड़कों का निर्माण, प्लॉट सीमांकन, मिट्टी भराई और साइट डेवलपमेंट का कार्य शुरू कर रखा था। जीडीए ने बिना मंजूरी और नियमों के उल्लंघन पर इन्हें सीधा ध्वस्त कर दिया। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण यहीं नहीं रुका। मोदीनगर के निवाड़ी क्षेत्र में अवैध रूप से संचालित दो ओयो होटल्स को भी सील कर दिया गया। जीडीए अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई नियमों के उल्लंघन और बिना अनुमति चल रहे व्यवसायों के खिलाफ की गई है।

जब बुलडोजर कार्रवाई शुरू हुई तो कई स्थानीय विकासकर्ताओं और प्लॉट बेचने वालों ने विरोध करना शुरू किया, लेकिन मौके पर तैनात जीडीए पुलिस बल ने स्थिति को नियंत्रण में लेते हुए विरोध कर रहे लोगों को खदेड़ दिया। जीडीए अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई चेतावनी स्वरूप है अब बिना अनुमति किसी भी निर्माण को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जीडीए प्रवर्तन जोन-2 के प्रभारी वीरेंद्र कुमार ने कहा कि यह सिर्फ शुरुआत है। जुलाई माह में भी इस तरह की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। जीडीए का स्पष्ट संदेश है जो भी बिना स्वीकृति कॉलोनी काटेगा या निर्माण करेगा, उसे ध्वस्तीकरण और सीलिंग के लिए तैयार रहना चाहिए।