जीएसटी घोटाले में विधायक का बेटा अरेस्ट

बिजनेस पार्टनर को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया

मुंबई। महाराष्ट्र में लगभग 520 करोड़ रुपए का जीएसटी घोटाला प्रकाश में आया है। इस प्रकरण में पुलिस ने विधायक के बेटे सुनील रत्नाकर गुट्टे और उसके बिजनेस पार्टनर विजेंद्र रांका को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई से सियासी हलकों में भी हलचल देखने को मिल रही है। सुनील गुट्टे के पिता रत्नाकर गुट्टे महाराष्ट्र में विधायक है। सुनील हाईटेक कंपनी के प्रबंध निदेशक सुनील गुट्टे के साथ उसके बिजनेस पार्टनर विजेंद्र रांका को भी दबोचा गया है। जीएसटी इंटेलीजेंस महानिदेशालय (डीजीजीआई) मुंबई जोन की टीम ने यह कार्रवाई की है। सुनील और विजेंद्र को घोटाले का सूत्रधार माना जा रहा है। दरअसल जीएसटी इंटेलीजेंस यूनिट देशभर में जीएसटी के फर्जीवाड़े का पता लगाने को विशेष अभियान चला रही है। डीजीजीआई सूत्रों ने बताया कि सुनील हाईटेक इंजीनियर्स ने फर्जी बिलों के आधार पर इनपुट टैक्स क्रेडिट प्राप्त किया। इसके बदले किसी प्रकार के माल या सेवा की आपूर्ति नहीं की गई थी। इसके अतिरिक्त कंपनी का टर्नओवर बढ़ाकर दिखाया जाता था। बैंकों से ज्यादा लोन या क्रेडिट लिमिट हासिल किया जाता था। कंपनी सुनील हाईटेक में विधायक रत्नाक गुट्टे निदेशक भी हैं। इस परिवार के एक सदस्य फिल्म निदेशक हैं। जिन्हें अगस्त 2018 में फर्जी जीएसटी रिफंड हासिल करने के सिलसिले में गिरफ्तार किया गया था। सुनील के पिता रत्नाकर एक चीनी मिल के मालिक हैं। उन पर भी साल 2017 में महाराष्ट्र पुलिस और प्रवर्तन निदेशालय ने 6 बैंकों से 328 करोड़ रुपये की लोन धोखाधड़ी के मामले में रिपोर्ट दर्ज की थी। उन्होंने जनपद परभणी में करीब 2,298 किसानों के नाम पर ऋण लियसा था और इनमें से कई किसानों की मौत हो चुकी थी। फिलहाल गिरफ्तार में आए सुनील रत्नाकर गुट्टे और विजेंद्र रांका से पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसी को पूछताछ में महत्वपूर्ण जानकारी मिलने की उम्मीद है।