-आश्रय स्थलों में धूम्रपान निषेध सफाई का विशेष ध्यान रखें अधिकारी: विक्रमादित्य सिंह मलिक
गाजियाबाद। नगर निगम के नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने मंगलवार को मुख्य अभियंता निर्माण एनके चौधरी के साथ नगर निगम द्वारा संचालित रैन-बसेरों का निरीक्षण किया। इस दौरान सफाई व्यवस्था का जायजा लिया। रैन बसेरों के निरीक्षण में सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त मिली। नगर आयुक्त ने आश्रितों से वार्ता की और उनका हाल-चाल लिया। आश्रितों द्वारा नगर आयुक्त से मिलकर नगर निगम द्वारा की गई व्यवस्था की सराहना की। सिटी और कविनगर जोन की आश्रय स्थलों का निरीक्षण किया। पुराना बस अड्डा पहुंच कर नगर आयुक्त द्वारा अलाव की व्यवस्थाओं को देखा गया। इसी के साथ कवि नगर नसीरपुर फाटक स्थित आश्रय स्थल का जायजा लिया। दोनों तरफ मौके पर अलाव की व्यवस्था दुरुस्त मिला और आश्रितों द्वारा भी ठंड से बचाव के लिए रैन बसेरे का भरपूर उपयोग किया जा रहा था, व्यवस्थाएं पुख्ता मिली।
नगर आयुक्त द्वारा आश्रितों से बातचीत भी की गई और उनका पता भी पूछा। शौचायलयों की सफाई व्यवस्था और आश्रय स्थलों की सफाई व्यवस्था को प्रबल करने के लिए विभाग को निर्देश दिए। नसीरपुर फाटक आश्रय स्थल में 28 आश्रितों की संख्या रही। वहीं सिटी जोन अंतर्गत पुराने बस अड्डे के समीप आश्रय स्थल में 25 आश्रितों की संख्या रही। नगर आयुक्त द्वारा रजिस्टर भी जांचे गए और गार्ड को अलर्ट रहने के लिए कहा। आश्रितों ने ठंड से बचाव के लिए निगम के इंतजाम पर नगर आयुक्त को धन्यवाद भी कहा। बिस्तरों की व्यवस्था, शौचालय की व्यवस्था, अलाव व्यवस्था की प्रशंसा की।
मौके पर दोनों आश्रय स्थलों में दूर के यात्री भी मिले, जिनमें चंडीगढ़ और पलवल जाने वाले यात्रियों से नगर आयुक्त ने आश्रय स्थल की व्यवस्थाओं के बारे में भी बातचीत की। साथ ही ठंड से बचाव के लिए आराम से रुकने के लिए भी कहा। धूम्रपान को लेकर नगर आयुक्त ने सभी आश्रितों से आश्रय स्थलों में किसी प्रकार का नशा, धूमपान न करने के लिए भी कहा। बीडी, सिगरेट, तंबाकू, गुटका का सेवन आश्रय स्थलों में न करने की अपील की गई। सफाई व्यवस्था को बनाए रखने के लिए भी अपील की। स्वास्थ्य विभाग अधिकारियों को सफाई व्यवस्था को और अधिक मजबूती देने के निर्देश दिए।

















