अवैध शराब की गिरफ्त में तस्कर, अआबकारी विभाग की चक्रव्यूह रणनीति से अवैध शराब का हो रहा सफाया

  • जिला आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव के नेतृत्व में सड़क और मोहल्लों में छापेमारी
  • लाइसेंसी दुकानों की गुप्त जांच और बंद होने के बाद भी औचक निरीक्षण
  • बिहार विधानसभा चुनाव और त्योहारों के मद्देनजर अतिरिक्त चौकसी
  • संदिग्ध वाहनों की रोड चेकिंग, बाहरी राज्यों की शराब पर कड़ी कार्रवाई
  • लाइसेंसी दुकानों से शराब खरीद कर अवैध बिक्री करने वाले तस्करों का पर्दाफाश
  • जिला प्रशासन की जनता सुरक्षा और कानून व्यवस्था सुनिश्चित करने की रणनीति

उदय भूमि संवाददाता
गौतमबुद्ध नगर। जिले में आबकारी विभाग ने अवैध शराब के काले कारोबार पर सख्त कार्रवाई करते हुए अपनी सक्रियता और चौकसी का स्पष्ट उदाहरण पेश किया है। आबकारी विभाग की टीम दिन-रात जिले के विभिन्न क्षेत्रों में निगरानी रख रही है और गली-मोहल्लों में छापेमारी कर रही है। जिले के आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव की कुशल नेतृत्व क्षमता और रणनीतिक कार्यशैली के चलते अब जिले में शराब के अवैध कारोबार पर नियंत्रण करना संभव हो पा रहा है। आबकारी विभाग का यह अभियान सिर्फ कोई कागजी कार्रवाई तक सीमित नहीं है, बल्कि अधिकारी और निरीक्षक खुद सड़क पर उतरकर लाइसेंसी शराब की दुकानों का निरीक्षण कर रहे हैं। इसके साथ ही, दुकान बंद होने के बाद भी टीम औचक निरीक्षण कर यह सुनिश्चित करती है कि कोई भी अवैध शराब बाहर न बिके। सुबोध कुमार श्रीवास्तव ने स्पष्ट किया है कि जिले में शराब तस्करों को किसी भी कीमत पर बाज़ार में दावत देने की अनुमति नहीं दी जाएगी।

जिला आबकारी अधिकारी ने कहा कि हमारा लक्ष्य न केवल अवैध शराब की बिक्री को रोकना है बल्कि आम जनता को सुरक्षित वातावरण प्रदान करना भी है। शराब तस्करी के कारण कई सामाजिक समस्याएं उत्पन्न होती हैं, और इन्हें रोकना हमारी प्राथमिक जिम्मेदारी है। इसके लिए हम लाइसेंसी दुकानों, मोहल्लों और सड़क मार्गों पर नियमित निगरानी रख रहे हैं। आबकारी विभाग ने दिन और रात दोनों समय अपनी टीमों को सक्रिय रखा है। विशेष तौर पर बिहार में आगामी विधानसभा चुनाव और त्योहारी सीजन के मद्देनजर अधिकारियों ने चौकसी और भी बढ़ा दी है। सड़क मार्गों पर वाहनों की जांच की जा रही है, ताकि बाहरी राज्यों से अवैध शराब जिले में प्रवेश न कर सके। आबकारी विभाग की टीम ने लोहारली टोल, सिरसा टोल और अन्य प्रमुख मार्गों पर गुप्त रूप से वाहन चेकिंग कर अवैध शराब की तस्करी को रोका। सुबोध कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि हम किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं करेंगे। विभाग की टीम दिन-रात सक्रिय है। यदि किसी वाहन में अवैध शराब पाई जाती है, तो न केवल शराब जब्त की जाएगी बल्कि संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी।

अवैध शराब तस्करों की धरपकड़
अधिकारियों की सतर्कता और कुशल कार्यशैली के चलते हाल ही में दो शराब तस्करों को गिरफ्तार किया गया। आबकारी निरीक्षक डॉ. शिखा ठाकुर और थाना सेक्टर 135 की संयुक्त टीम ने रात के समय उखलारसी गोल चक्कर से करण पुत्र शंकर कश्यप को कैटरीना ब्रांड देशी शराब की अवैध बिक्री करते हुए पकड़ लिया। उसके पास से 115 पव्वों कैटरीना ब्रांड शराब बरामद हुई। इसी प्रकार पाल मार्केट, सेक्टर 93 से प्रदीप पुत्र राजपाल को गिरफ्तार किया गया, जो लाइसेंसी दुकानों से शराब खरीदकर उसे महंगे दामों पर बेचा करता था। पकड़े गए तस्कर ने बताया कि वह लाइसेंसी दुकान से शराब खरीद कर उसे अपने घर या दुकान में छिपा देता था और दुकान बंद होने के बाद ग्राहकों को महंगे दामों में बेचता था। जिला आबकारी अधिकारी ने कहा, इन मामलों से यह स्पष्ट होता है कि शराब तस्कर अपनी गंदी चालों से लोगों को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे थे। हमारी टीम की सतर्कता और सक्रियता ने समय रहते इन्हें पकड़ा। यह कार्रवाई जिले में कानून और व्यवस्था के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाती है।

आबकारी विभाग की रणनीति और टीम की सक्रियता
गौतमबुद्ध नगर में आबकारी विभाग की यह कार्रवाई न केवल अपराध नियंत्रण के लिए महत्वपूर्ण है बल्कि नागरिकों के बीच विश्वास भी बढ़ाती है। अधिकारी हर गली, मोहल्ले और सड़कों पर गुप्त निगरानी कर रहे हैं। लापरवाह या अवैध तरीके से शराब बेचने वालों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई की जा रही है। जिले की आबकारी टीम में निरीक्षक आशीष पांडेय, अखिलेश बिहारी वर्मा, सचिन त्रिपाठी, डॉ. शिखा ठाकुर, नामवर सिंह, अभिनव शाही और संजय चन्द्र जैसे अनुभवी अधिकारी शामिल हैं, जो अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित रूप से सक्रिय हैं। जिला आबकारी अधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि हमारी कार्रवाई लगातार और सघन होगी। अवैध शराब का कारोबार किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हमने पूरी टीम को निर्देश दिया है कि वे लाइसेंसी दुकानों के निरीक्षण के साथ ही दुकानों के खुलने और बंद होने के समय भी गुप्त जांच करें।

जनता और प्रशासन के बीच भरोसे की मजबूत कड़ी
आबकारी विभाग की इस सक्रियता से नागरिकों के बीच यह संदेश गया है कि प्रशासन उनकी सुरक्षा और कानून व्यवस्था के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है। अधिकारियों की कार्यशैली न केवल शराब तस्करी को रोकने में प्रभावी है बल्कि लोगों में सुरक्षा और विश्वास की भावना को भी मजबूत कर रही है। जिला आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव के नेतृत्व में विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि नशे और अवैध शराब से संबंधित किसी भी मामले में कोई नरमी नहीं बरती जाएगी। उनके आदेशों के तहत टीम ने जिले के हर हिस्से में गुप्त निगरानी, सड़क चेकिंग और दुकान निरीक्षण के माध्यम से सख्त कार्रवाई जारी रखी है। इस अभियान से यह भी सुनिश्चित होगा कि जिले के युवा और आम जनता शराब तस्करी और अवैध शराब की बिक्री से सुरक्षित रहें। साथ ही, आने वाले त्योहारी सीजन और चुनाव के समय भी आबकारी विभाग की सतर्कता जिले में कानून और व्यवस्था बनाए रखने में सहायक होगी। गौतमबुद्ध नगर में आबकारी विभाग की यह कार्रवाई अधिकारियों की निष्ठा, कुशल रणनीति और निरंतर सक्रियता का उदाहरण है, जो दिखाता है कि प्रशासन कानून और व्यवस्था को बनाए रखने में कितना गंभीर और प्रतिबद्ध है।