नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक के नेतृत्व में लगातार गाजियाबाद नगर निगम संपत्ति विभाग द्वारा निगम की भूमि को कब्जा मुक्त कराया जा रहा है, इसी क्रम में सूचना मिली कि नंदग्राम स्थित घुकना में निगम की भूमि पर हो रहे अवैध निर्माण हो रहा है। तत्काल बुलडोजर से अवैध निर्माण को हटाया गया। वरिष्ठ संपत्ति प्रभारी अपर नगर आयुक्त अरुण कुमार यादव ने बताया कि नगर आयुक्त के निर्देशानुसार निगम की भूमि को चिन्हित किया जा रहा है, जिसके लिए अवैध निर्माण को हटाने की कार्यवाही भी चल रही है।
उदय भूमि ब्यूरो
गाजियाबाद। नगर निगम की जमीन कब्जा करने वालों की अब खैर नहीं है। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक को सरकारी संपत्ति कब्जाने वालों से निपटने के मामले में काफी सख्त माना जाता है। अपनी छवि के अनुरूप काम करते हुए अवैध कब्जा करने वालों की पहचान के लिए नगर आयुक्त ने टेक्नोलॉजी की मदद लेने का निर्देश दिया है। संपत्ति विभाग को निगम की जमीन कब्जामुक्त कराने के बाद उसकी निगरानी और तार फेंसिंग के जरिये उसे सुरक्षित रखने का निर्देश दिया है। नंदग्राम में नगर निगम की जमीन पर कब्जा होने की जानकारी होने पर तत्काल कार्रवाई करते हुए नगर आयुक्त ने अवैध निर्माण को ध्वस्त कराया और सीसीटीवी के जरिये अतिक्रमण करने वालों की पहचान कराई और इनके खिलाफ थाने में मुकदमा दर्ज करवाया।

नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक के नेतृत्व में लगातार गाजियाबाद नगर निगम संपत्ति विभाग द्वारा निगम की भूमि को कब्जा मुक्त कराया जा रहा है, इसी क्रम में सूचना मिली कि नंदग्राम स्थित घुकना में निगम की भूमि पर हो रहे अवैध निर्माण हो रहा है। तत्काल बुलडोजर से अवैध निर्माण को हटाया गया। वरिष्ठ संपत्ति प्रभारी अपर नगर आयुक्त अरुण कुमार यादव ने बताया कि नगर आयुक्त के निर्देशानुसार निगम की भूमि को चिन्हित किया जा रहा है, जिसके लिए अवैध निर्माण को हटाने की कार्यवाही भी चल रही है।
घुकना मे खसरा नंबर 376 पर अवैध निर्माण को मौके से हटाया गया। धारा सिंह पुत्र कन्हैया लाल निवासी सहानी द्वारा निगम की भूमि पर कब्जा कर लिया गया था। इन लोगों ने गाजियाबाद नगर निगम का बोर्ड हटाकर वहां अवैध रूप से कमरा बना लिया था, जिसकी सूचना मिलती ही तत्काल कार्यवाही कराई गई लगभग 1640 वर्ग मीटर जमीन को खाली कराया गया। इसी प्रकार का एक प्रकरण दुहाई मेरठ रोड का है जहां पर आधुनिक इंस्टीट्यूट आॅफ एजुकेशन एवं रिसर्च द्वारा नाली चक रोड की जमीन को कब्जाते हुए बाउंड्री करने का प्रयास किया, जिसको हटाया गया।

















