-मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय मंत्री भी होंगे उपस्थित, औद्योगिक विकास को मिलेगा नया आयाम
-500 से अधिक विदेशी खरीदार और 2200 प्रदर्शक, ट्रेड शो से प्रदेश के उद्योगों को वैश्विक पहचान
उदय भूमि संवाददाता
ग्रेटर नोएडा। प्रदेश के उद्यमियों के लिए यह सप्ताह ऐतिहासिक साबित होने जा रहा है। 25 से 29 सितंबर तक आयोजित होने वाले यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करेंगे। उद्घाटन समारोह सुबह 9:30 बजे आयोजित होगा, जिसमें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, केंद्रीय और राज्य सरकार के वरिष्ठ मंत्री, सांसद और स्थानीय विधायक भी उपस्थित रहेंगे। यह आयोजन उत्तर प्रदेश के उद्यमियों को अपने उत्पादों और सेवाओं को वैश्विक मंच पर प्रदर्शित करने का सुनहरा अवसर प्रदान करेगा। प्रधानमंत्री मोदी उद्घाटन समारोह में उपस्थित उद्यमियों को संबोधित करेंगे और प्रदेश में उद्योग और व्यापार के विकास पर अपने विचार साझा करेंगे। इसके साथ ही वे “एक जिला, एक उत्पाद” योजना के तहत प्रदेश के कारीगरों और शिल्पकारों से भी मुलाकात करेंगे। प्रधानमंत्री कार्यक्रम स्थल पर करीब एक घंटे तक रहेंगे और व्यवसायिक विकास और वैश्विक साझेदारी पर मार्गदर्शन प्रदान करेंगे।
सीएम योगी ने किया यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो का स्थलीय निरीक्षण
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा कल ग्रेटर नोएडा में आयोजित होने वाले उत्तर प्रदेश अंतरराष्ट्रीय व्यापार शो (UPITS) 2025 के उद्घाटन से पहले स्थलीय निरीक्षण किया। प्रधानमंत्री मोदी इस मेगा इवेंट का उद्घाटन 25 से 29 सितम्बर तक इंडिया एक्सपो मार्ट, ग्रेटर नोएडा में करेंगे। यह तीसरा संस्करण है, जिसमें प्रदेश और देश के उद्यमियों के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय कंपनियाँ भी हिस्सा लेंगी। इस आयोजन में उत्तर प्रदेश सरकार की वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट (ODOP) योजना और युवा उद्यमिता को वैश्विक मंच प्रदान करने पर विशेष जोर रहेगा। उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित केंद्र और राज्य सरकार के मंत्री भी मौजूद रहेंगे। UPITS 2025 का उद्देश्य प्रदेश की आर्थिक वृद्धि को बढ़ावा देना और स्थानीय उत्पादों को वैश्विक स्तर पर प्रदर्शित करना है।
रूस कंट्री पार्टनर के रूप में शामिल
इस बार रूस को कंट्री पार्टनर के रूप में शामिल किया गया है। रूस की करीब 80 कंपनियाँ इस आयोजन में भाग लेंगी, जिससे द्विपक्षीय व्यापारिक संबंधों को मजबूती मिलेगी और दोनों देशों के उद्योगों के बीच निवेश और सहयोग के अवसर बढ़ेंगे। बुधवार को आयोजित प्रेसवार्ता के दौरान उत्तर प्रदेश के औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी ने बताया कि यह ट्रेड शो प्रदेश की वन ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि पिछली सरकारों में प्रदेश की अर्थव्यवस्था अपेक्षित गति से नहीं बढ़ी थी, जबकि वर्तमान सरकार का मुख्य फोकस प्रदेश के औद्योगिक और आर्थिक विकास को प्राथमिकता देना है। मंत्री राकेश सचान ने कहा कि उत्तर प्रदेश पहला राज्य है जो इस स्तर का अंतरराष्ट्रीय ट्रेड शो आयोजित कर रहा है। इस अवसर पर लगभग 2200 प्रदर्शक अपने उत्पादों और सेवाओं को प्रदर्शित करेंगे।
लोकल से ग्लोबल तक का सफर
इस बार ट्रेड शो का सबसे खास आकर्षण “एक जिला, एक उत्पाद” पवेलियन है, जो हॉल नंबर-9 में स्थापित किया गया है। इस पवेलियन में उत्तर प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर, शिल्प और कारीगरी को प्रदर्शित किया जाएगा। यहां 343 स्टॉल लगाए गए हैं, जिनमें भदोही की कालीन, फिरोजाबाद की कांच की कारीगरी, मुरादाबाद का ब्रासवेयर, सहारनपुर की लकड़ी पर नक्काशी और एटा के घुंघरू व घंटियाँ प्रदर्शित किए जाएंगे। इस पवेलियन का उद्देश्य स्थानीय उत्पादों को वैश्विक मंच पर पहचान दिलाना और “लोकल से ग्लोबल” की थीम को साकार करना है। यह पहल न केवल कारीगरों और उद्यमियों को वैश्विक पहचान दिलाएगी, बल्कि प्रदेश के आर्थिक विकास को भी गति प्रदान करेगी।
औद्योगिक सत्र और बिजनेस टू बिज़नेस संवाद
उद्यमियों के अनुभव साझा करने और नई तकनीक व व्यापारिक रणनीतियों पर चर्चा के लिए ट्रेड शो में औद्योगिक सत्र आयोजित किए जाएंगे। इसमें बिज़नेस टू बिज़नेस और बिज़नेस टू कस्टमर दोनों प्रकार की वार्ता शामिल हैं। इसके साथ ही 500 से अधिक विदेशी खरीदार भी इस आयोजन में भाग ले रहे हैं, जो उत्तर प्रदेश के उद्योगों को अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने में मदद करेंगे। इस आयोजन के माध्यम से प्रदेश के छोटे और मध्यम उद्योगों को बड़े बाजार में प्रवेश का अवसर मिलेगा। प्रदर्शक अपनी उत्पाद श्रृंखला, सेवाओं और नवाचार को वैश्विक निवेशकों के समक्ष पेश कर सकते हैं। इस प्रकार, यह ट्रेड शो न केवल व्यवसायिक अवसरों को बढ़ावा देगा, बल्कि प्रदेश के उद्योगों और कारीगरों की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उपस्थिति भी सुनिश्चित करेगा।
प्रदर्शनी का महत्व और भविष्य की संभावनाएँ
यहां 10 से अधिक हॉल में एक साथ प्रदर्शनी आयोजित की जाएगी और अनुमान है कि पांच दिन के इस आयोजन में लगभग 10 लाख विजिटर्स शामिल होंगे। यह ट्रेड शो प्रदेश के उद्यमियों के लिए व्यवसायिक अवसरों का सुनहरा मंच है, जिससे वे अपनी उत्पाद श्रृंखला को वैश्विक स्तर पर प्रदर्शित कर सकते हैं। इसके साथ ही यह आयोजन प्रदेश के औद्योगिक और आर्थिक विकास में मील का पत्थर साबित होने की पूरी संभावना रखता है। यह न केवल प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई ऊँचाइयों तक ले जाएगा, बल्कि उत्तर प्रदेश के कारीगरों और उद्यमियों को वैश्विक पहचान दिलाने में भी सफल साबित होगा। यह आयोजन प्रदेश के व्यवसायिक और औद्योगिक विकास के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर और प्रेरणा का स्रोत बनकर उभरेगा।
आकर्षक थीम और गतिविधियाँ
स्वाद उत्तर प्रदेश थीम के तहत गेट नंबर-3 से हॉल नंबर-7 तक कुल 25 आकर्षक फूड स्टॉल्स लगाए जाएंगे। मुरादाबादी दान, बनारसी पान व लस्सी, पंछी पेठा, जैन शिकंजी, मधुरा का पेड़ा और खुर्जा की खुरचन जैसे लजीज व्यंजन आगंतुकों को यूपी की खानपान परंपरा का अनुभव कराएंगे। प्रत्येक स्टॉल 3×3 मीटर ऑक्टोनॉम स्टॉल्स और 100 किलोवॉट पावर बैकअप से सुसज्जित होगा। यह सेक्शन एमएसएमई उद्यमियों और फूड ब्रांड्स को राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुँचाने का माध्यम बनेगा।
युवाओं को उद्यमिता से जोड़ेगा
मुख्यमंत्री की महत्वाकांक्षा योजना सीएम मुवा के तहत हॉल नंबर 18ए में 150 इनोवेटिव स्टॉल्स स्थापित किए जाएंगे। यहां फ्रेंचाइजी और टेक्नोलॉजी आधारित बिजनेस मॉडल्स, एग्रीटेक, हेल्थटेक और स्टार्टअप आइडियाज प्रदर्शित होंगे। 27 सितंबर को 27 प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों के साथ एमओयू हस्तांतरण होगा। अंतिम वर्ष के छात्र और पूर्व छात्र अपने प्रोजेक्ट्स में शामिल हो सकेंगे। बैंकर्स और इंडस्ट्री लीडर्स वित्तीय सहयोग और मार्गदर्शन प्रदान करेंगे। प्रदेश के सभी 75 जिलों के युवा फेलोज अपने ब्रांड्स की जानकारी अपने क्षेत्रों तक पहुंचाएंगे।
नॉलेज सेशन्स
26 से 28 सितंबर तक आयोजित नॉलेज सेशन्स में स्टार्टअप्स, आईटी और इलेक्ट्रॉनिक्स, मेडिकल हेल्थ, इंश्योरेंस अवेयरनेस, ई-कॉमर्स एक्सपोर्टर्स और स्किल डेवलपमेंट जैसे विषयों पर विशेषज्ञ मार्गदर्शन देंगे।
27 सितंबर को सीएम मुवा योजना के तहत 27 यूनिवर्सिटीज के साथ एमओयू एक्सचेंज और खादी फैशन शो आयोजित होंगे। बीवी और बीसी मीटिंग्स के माध्यम से यह नॉलेज सेशन युवाओं, उद्यमियों और निवेशकों को नवाचार और विकास की नई दिशा देगा।
सांस्कृतिक धरोहर का जीवंत प्रदर्शन
यूपीआईटीएस 2025 न केवल व्यापार का मंच होगा, बल्कि उत्तर प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर का भी जीवंत प्रदर्शन करेगा। आगंतुक भोजपुरी, अवधी, बुंदेली और धारू लोक परंपराओं के रंगीन प्रदर्शन का आनंद लेंगे। सूफी गायन, कथक नृत्य और सुगम संगीत के कार्यक्रम आयोजित होंगे। प्रसिद्ध कलाकार दिनेश ताल निरहुआ, पद्मश्री मालिनी अवस्थी और प्रतिभा सिंह बघेल अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों का मन मोहेंगे। प्रत्येक शाम में कला और संस्कृति का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा।


















