रामलीला मैदान को प्रशासन ने किया सील

नगर पालिका द्वारा पिछले दो वर्षो में कराए गये निर्माण कार्यो की जांच शुरू

गाजियाबाद। उखलारसी श्मशान घाट हादसे के बाद नगर पालिका परिषद द्वारा कराए गए विकास कार्यों की जांच शुरू हो गई है। उप-जिलाधिकारी के निर्देश पर रावली रोड स्थित रामलीला मैदान में नागरिकों का प्रवेश वर्जित कर दिया गया है। वहां पर 2 साल पहले भवन निर्माण कराया गया था। बंबा मार्ग स्थित श्मशान घाट में 3 जनवरी को छत गिरने से 24 नागरिकों की मौत हो गई थी। जबकि 30 से अधिक नागरिक घायल हो गए थे।

हादसे के बाद हरकत में आए प्रशासन ने पालिका परिषद द्वारा 2 साल के अंदर कराए भवन निर्माण कार्यों की जांच कराने का फैसला लिया। 2 साल पहले साढ़े 13 लाख रुपये की लागत से रावली मार्ग स्थित रामलीला मैदान परिसर में स्टेज, 2 कमरे, शौचालय के अलावा 2 प्रवेश द्वारा का निर्माण कराया गया था। जिलाधिकारी अजय शंकर पांडेय ने रामलीला मैदान सहित 5 विकास कार्यों की जांच का आदेश दिया था। इसके बाद उप-जिलाधिकारी ने रामलीला मैदान को सील करा दिया है। मुख्य गेट पर नोटिस चस्पा किया गया है कि तकनीकी जांच पूरी होने तक यहां पर प्रवेश निषेध है। एसडीएम आदित्य प्रजापति ने बताया कि जो विकास कार्य जांच के दायरे में है, उनकी जांच होने तक सभी को सील कर दिया गया है।