– Corona Vaccination रजिस्ट्रेशन के बाद वैक्सीनेशन नहीं लगने के मामले में पार्षद ने रखी अपनी बात, बोले सीएमओ से हूं नाराज नहीं उठाते हैं सरकारी फोन
उदय भूमि ब्यूरो
Corona Vaccination – गाजियाबाद। बिना वैक्सीन लगे वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट मिलने के मामले में भाजपा पार्षद की लापरवाही सामने आ रही है। मामले की जांच में पता चला है कि पार्षद स्वयं Corona Vaccination सेंटर पर गए थे और अपना आधार कार्ड लेकर रजिस्ट्रेशन भी कराया। लेकिन सेंटर पर भीड़ होने और बैठने की सुविधा नही होने पर बिना वैक्सीनेशन के वहां चल दिए। चूंकि पार्षद का रजिस्ट्रेशन हो चुका था, इसलिए उनके मोबाइल पर वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट का मैसेज आया।

बाद में जब फिर पार्षद वैक्सीन लगवाने के लिए सेंटर पर पहुंचे, तब तक वैक्सीन खत्म हो चुकी थी।
इस लापरवाही के बाबत पूछे जाने पर पार्षद ने बताया कि उन्होंने रजिस्ट्रेशन कराया था लेकिन उन्हें वैक्सीन नहीं लगी। वैक्सीन लगवाने के लिए उनके पास किसी ने फोन भी नहीं किया। दरअसल पार्षद सीएमओ से नाराज हैं, पार्षद का आरोप है कि सीएमओ किसी का फोन नहीं उठाते, कई बार पार्षद को फोन मिलाया गया। लेकिन सीएमओ ने हर बार फोन काट दिया।
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ज्ञात हो कि 2 दिन पूर्व नगर निगम के वार्ड नंबर-17 से भाजपा पार्षद देवेन्द्र भारती का एक वीडियो सामने आया है। जिसमें पार्षद ने वैक्सीनेशन को लेकर गंभीर आरोप लगाए है। पार्षद का आरोप है कि उन्हें और उनके बेटे को वैक्सीन नहीं लगी, फिर भी उनका वैक्सीन सर्टिफिकेट जनरेट होकर मोबाइल पर आ गया। चूंकि यह आरोप बेहद ही गंभीर था और आरोप भाजपा के पार्षद ने लगाया। इस कारण वैक्सीनेशन प्रक्रिया पर भी सवाल उठने लगे। लेकिन भाजपा पार्षद के आरोपों की तहकीकात में मामला पूरी तरह से अलग मिला है। जांच में यह पता चला कि 2 दिन पूर्व निगम पार्षद देवेन्द्र भारती और उनके बेटे नगर निगम मुख्यालय में लग रहे Corona Vaccination कैंप में वैक्सीन लगवाने के लिए पहुंचे थे। कैंप में उन्होंने अपना और बेटे का रजिस्ट्रेशन भी कराया। लेकिन वैक्सीन नहीं लगवाई। पार्षद ने वहां बैठे व्यक्ति से कहा कि वह अभी वैक्सीन नहीं लगवाएंगे। वह नगर निगम हेड ऑफिस में किसी काम से जा रहे हैं, बाद में आकर वैक्सीन लगाएंगे। बाद में जब पार्षद दोबारा Corona Vaccination कैंप में पहुंचे तो वहां वैक्सीन खत्म हो चुकी थी। चूंकि पार्षद ने अपना रजिस्ट्रेशन पहले करा लिया था। इस वजह से उनके मोबाइल पर वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट पहुंच गया।

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Corona Vaccination सेंटर पर होती है भारी भीड़
नगर निगम मुख्यालय में लगाए जाने वाले प्रशिक्षण कैंप में लोगों की भारी भीड़ जुटती है। यहां प्रतिदिन औसतन 300 से अधिक लोगों को वैक्सीन लगाए जाते हैं। नगर निगम शहर के बीचोबीच स्थित है और यहां पर लोगों की पहुंच भी आसानी से हो जाती है और यहां पर वैक्सीनेशन की प्रक्रिया भी तेजी एवं सरलता से होती है। इस कारण यहां पर लोगों की भारी भीड़ जुट रही है। Corona Vaccination सेंटर में रेड़ी-पटरी वाले एवं नगर निगम से जुड़े लोगों को प्राथमिकता के आधार पर वैक्सीन लगाई जाती है। ऐसे में लोगों की भीड़ को संभालना वैक्सीनेशन के कार्य में लगे कर्मचारियों के लिए काफी कठिनाइयों भरा होता है। Corona Vaccination सेंटर पर नगर निगम प्रवर्तन दस्ते के फोर्स की ड्यूटी लगाई गई है। लेकिन प्रवर्तन दस्ते के कर्मचारी अपनी ड्यूटी को लेकर लापरवाह रहते हैं। इस कारण कई बार पूर्व में वैक्सीनेशन का काम भी बाधित हो चुका है।
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सीएमओ नहीं उठाते फोन
भाजपा पार्षद से जब इस बाबत पूछा गया कि इस प्रकरण में कौन दोषी है तो उन्होंने सीएमओ एनके गुप्ता पर आरोप लगाते हुए उन्हें पद से हटाने की बात कही। पार्षद ने कहा कि कोरोना संकटकाल है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग को मुस्तैद रहना चाहिए। लेकिन मुख्य चिकित्सा अधिकारी एनके गुप्ता अपने कार्य को लेकर बेहद ही लापरवाह हैं। पार्षदों के फोन भी नहीं उठाते। इन अधिकारियों की वजह से सरकार की छवि धूमिल हो रही है। कोरोना संक्रमण पर रोक के लिए केन्द्र की मोदी सरकार और प्रदेश की योगी सरकार अच्छ काम कर रही है। लेकिन सरकारी अधिकारी लापरवाह है।
















