घटी ऑक्सीजन की मांग, ऑक्सीजन प्रक्रिया में निगम ने किया बदलाव

-ऑक्सीजन फिलिंग सेंटर से अभिभावक प्राप्त कर सकेंगे ऑक्सीजन: डॉ. अनुज कुमार सिंह

गाजियाबाद। कोरोनाकाल में नगर निगम मेडिकल ऑक्सीजन की आपूर्ति का जिम्मा भी निभा रहा है। नगर निगम के पांचों जोनल कार्यालय इस जिम्मेवारी को बाखूबी निभा रहे हैं। इससे नागरिकों को काफी मदद मिली थी। शुरूआती दौर में ऑक्सीजन की मांग की 500 सिलेंडर प्रतिदिन प्राप्त हुई। धीरे-धीरे मांग घटती गई, वर्तमान में लगभग 2 से 3 सिलेंडर प्रति जोन प्राप्त होने लगी है। कोरोना संक्रमण की दुसरी लहर में नगर आयुक्त के निर्देशन में निगम अधिकारियों ने ऑक्सीजन की बढती डिमांड के बीच जिस तरह से मोर्चा संभाला था, वह काफी सराहनीय है।
21 मई से 30 मई तक प्रत्येक जोन में प्राप्त होने वाली ऑक्सीजन सिलेंडर की मांग बहुत ही कम प्राप्त हो रही है। नगर आयुक्त महेंन्द्र सिंह तंवर द्वारा नियुक्त नोडल अधिकारी, उद्यान प्रभारी डॉ अनुज कुमार सिंह ने बताया कि पांचों जोनों में शहरवासियों की ऑक्सीजन मांग को देखते हुए आवश्यक स्टाफ तथा गाड़ी ड्राइवर व अन्य व्यवस्थाएं जुटाई गई थी। वर्तमान में ऑक्सीजन की मांग कम हो गई है, अब प्रत्येक ऑक्सीजन केंद्र पर एक स्टाफ को बैठाया गया है। जोकि आने वाले अभिभावकों को ऑक्सीजन फिलिंग केंद्र की जानकारी उपलब्ध कराने में सहयोग करेंगे और अभिभावक डायरेक्ट ऑक्सीजन फीलिंग सेंटर ऑक्सीजन गैस प्राप्त कर सकेंगे। डॉ अनुज ने बताया कि ऑक्सीजन फिलिंग सेंटर पर ऑक्सीजन पर्याप्त मात्रा में है, अभिभावक सीधा ऑक्सीजन फिलिंग सेंटर से ऑक्सीजन प्राप्त कर सकते हैं। गाजियाबाद नगर निगम द्वारा ऑक्सीजन फिलिंग सेंटरों पर समन्वय बनाया हुआ है। शहर वासियों को किसी भी प्रकार की समस्या होने पर निगम द्वारा आवश्यक सहयोग किया जाएगा। वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए पांचों जोनल कार्यालयों से ऑक्सीजन उपलब्ध कराने की प्रक्रिया में बदलाव किया गया है।
शहरवासियों की घटती ऑक्सीजन मांग को दृष्टिगत रखते हुए पार्षदों, आरडब्ल्यूए पदाधिकारियों व अन्य सहयोगी संस्थाओं कि सुझाव पर प्रक्रिया में बदलाव किया गया है। सोमवार को प्रत्येक जोनल कार्यालयों में दो से चार ऑक्सीजन सिलेंडर की मांग प्राप्त हुई। जिनको आवश्यक मदद करते हुए डायरेक्ट ऑक्सीजन फिलिंग सेंटर से समन्वय करा दिया गया। उनके दूरभाष पर संपर्क स्थापित कर सिलेंडर गैस फिलिंग कराने तक संपर्क स्थापित किया गया, शहर वासियों को डायरेक्ट ऑक्सीजन फिलिंग सेंटर से ही ऑक्सीजन गैस वर्तमान में प्राप्त होगी।