-स्पिक मैके के सौजन्य से आयोजित संगीत कार्यक्रम में छात्रों ने जाना भारतीय शास्त्रीय संगीत का सौंदर्य
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। शास्त्री नगर स्थित नेहरू वर्ल्ड स्कूल में स्पिक मैके (भारतीय सांस्कृतिक चेतना संवर्धन सोसायटी) के सहयोग से शुक्रवार को एक विशेष भारतीय शास्त्रीय संगीत कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम की मुख्य प्रस्तुति प्रख्यात संतूर वादक पंडित अभय रुसतम सोपोरी जी ने दी, जिनकी संतूर की मधुर स्वर लहरियों ने उपस्थित श्रोताओं को भावविभोर कर दिया। पंडित सोपोरी, जिन्हें संयुक्त राष्ट्र महात्मा गांधी वैश्विक शांति सम्मान, राष्ट्रीय अटल शिखर सम्मान, राधाकृष्णन राष्ट्रीय पुरस्कार, भारत शिरोमणि पुरस्कार और जम्मू-कश्मीर राज्य सम्मान से अलंकृत किया जा चुका है, ने अपने संगीतमय वादन से छात्रों को शास्त्रीय संगीत की गहराइयों से परिचित कराया। कार्यक्रम में पंडित सोपोरी का साथ तबला वादक सचिन शर्मा और पखावज वादक ऋषि शंकर उपाध्याय ने दिया। तीनों कलाकारों की सामूहिक प्रस्तुति ने संगीतमय वातावरण को और भी जीवंत बना दिया।
विद्यार्थियों को मिला संगीत का जीवंत अनुभव
कार्यक्रम की शुरुआत नेहरू वर्ल्ड स्कूल की कार्यकारी प्रमुख सुश्री सुजन होम्स एवं प्रशासन निदेशक श्री के. पी. सिंह द्वारा कलाकारों के पुष्प स्वागत एवं स्मृति चिह्न भेंट कर की गई। पंडित सोपोरी की प्रस्तुति सिर्फ एक संगीत कार्यक्रम न होकर एक शैक्षिक सत्र भी था, जिसमें उन्होंने कक्षा 10 से 12 तक के विद्यार्थियों को भारतीय शास्त्रीय संगीत के रागों की रचना, सुरों का संयोजन तथा शास्त्रीय परंपरा की सूक्ष्मताओं से परिचित कराया। उन्होंने अपने वादन को संवादात्मक रूप में प्रस्तुत किया, जिससे छात्रों को न केवल शास्त्रीय संगीत सुनने का आनंद मिला बल्कि वे उसके शिक्षात्मक पहलुओं से भी परिचित हुए। छात्रों ने विशेष रूप से पंडित सोपोरी जी की सरलता, सौम्यता और आत्मीयता को सराहा और उनके साथ संवाद स्थापित करने का अवसर भी प्राप्त किया।
भारतीय सांस्कृतिक विरासत से जोडऩे वाला एक अद्वितीय अनुभव
कार्यक्रम में उपस्थित छात्रों के अनुसार, यह आयोजन उनके लिए भारतीय सांस्कृतिक धरोहर को नज़दीक से देखने और समझने का एक अनमोल अवसर रहा। कई छात्रों ने पहली बार किसी संतूर वादन को इतने करीब से देखा और सुना। कार्यक्रम के अंत में वरिष्ठ विद्यालय की प्रधानाचार्या मंजुला सिंह ने मंच से सभी कलाकारों को कोटि-कोटि धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम न केवल संगीतमय था, बल्कि एक संवेदनशील सांस्कृतिक अनुभव भी था, जिसने विद्यार्थियों में भारतीयता के मूल तत्वों को आत्मसात करने की भावना जागृत की। कार्यक्रम की सफलता का श्रेय गाजियाबाद की नगर समन्वयक आभा बंसल को भी दिया गया, जिनके अथक प्रयासों से यह संगीतमयी आयोजन संभव हो पाया। स्कूल प्रशासन ने उन्हें विशेष धन्यवाद दिया।


















