ग्रेटर नोएडा। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) के निर्माण का जिम्मा मिलने के बाद नामी टाटा कंपनी ने अपने स्तर से तैयारियां शुरू कर दी हैं। यह कंपनी रनवे और टर्मिनल की इमारत का काम साथ-साथ आरंभ हरेगी। समय से काम पूरा करने के मकसद से यह रणनीति बनाई गई है। दरअसल टाटा कंपनी अपनी अलग कार्यप्रणाली के लिए जानी जाती है। यमुना इंटरनेशनल एयरपोटज़् प्रालि (वाईआईएपीएल) ने 3 जून को इस कंपनी को जेवर एयरपोर्ट के निर्माण का ठेका दिया था। इसके बाद कंपनी ने धरातल पर काम शुरू करने के लिए तैयारी तेज कर दी है।
एयरपोर्ट साइट में समतलीकरण और चारदीवारी का काम लगभग पूरा हो चुका है। विकासकर्ता कंपनी के साथ किए गए अनुबंध के मुताबिक 30 सितंबर 2024 से पहले एयरपोर्ट से उड़ान शुरू होनी हैं। अगर निर्माण कार्य व उड़ान में देरी होती है तो दस लाख रुपये प्रतिदिन के हिसाब से जुर्माना लगाया जाएगा। यह एयरपोटर्ट पूरी तरह डिजिटल होगा। इसमें ऊर्जा बचाने वाला मॉडल अपनाया जा रहा है।
एयरपोर्ट में भारतीय संस्कृति, आतिथ्य और स्विस तकनीक का संगम होगा। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह ने बताया कि अगले तीन सप्ताह में काम शुरू हो जाएगा। विश्व पर्यावरण दिवस पर जेवर में एयरपोर्ट की निर्माणाधीन साइट पर वाईआईएपीएल के सीईओ क्रिस्टोफ श्लमैन व अधिकारियों ने पौधारोपण किया। उन्होंने कहा कि एयरपोर्ट निर्माण से पर्यावरण को नुकसान नहीं पहुंचेगा। यहां पर पौधे लगाए जाएंगे।
















