प्रशासन ने पटाखा कारोबारियों को नहीं जारी की गाइडलाइंस

निर्माता, होलसेल विक्रेता तथा रिटेल विक्रेताओं को जारी किए जाते है लाइसेंस

कारोबारियों को सता रही है रोजी रोटी की चिंता

अनिल तोमर
उदय भूमि ब्यूरो
हापुड़।
पटाखा फुलझड़ी अनार तथा बंम चलाए जाने के लिए मशहूर पर्व दीपावली में अब 1 माह का समय भी शेष नहीं रह गया है। लेकिन प्रशासन द्वारा अभी तक पटाखा कारोबारियों के लिए कोई गाइडलाइंस जारी नहीं की गई है । निर्माता होलसेलर अथवा रिटेलर को लाइसेंस जारी होंगे अथवा नहीं होंगे यह भी संशय बना हुआ है। जिस कारण इस व्यापार से जुड़े कारोबारियों कि धड़कने तेज हो गई है। दीपावली पर यूं तो पहले की  बनिस्पत प्रदूषण रोकने के लिए तेज शोर वाले तथा धुआं प्रदूषण फैलाने वाले पटाखों को प्रतिबंधित कर दिया गया है। जिससे कारोबार में पहले की अपेक्षा कमी आई। लेकिन ग्रीन पटाखे छोड़े जाने के कारण अभी कारोबार हो रहा था। लेकिन इस बार अभी तक निर्माताओं होलसेलर को लाइसेंस जारी न होने के कारण इस कारोबार से जुड़े लोगों के रोजी-रोटी पर संकट के बादल मंडरा रहे है। सूत्रों की माने तो शासन द्वारा प्रशासनिक अधिकारियों से पटाखा कारोबारियों संबंधित आख्या मांगी गई थी। हापुड़ जनपद के साथ-साथ गाजियाबाद जनपद में भी अभी तक पटाखा विक्रेताओं के लिए कोई गाइडलाइंस जारी नहीं हुई है। गाजियाबाद में प्रदूषण में बढ़ोतरी के कारण गत 15 तारीख से जनरेटर चलाने पर भी पाबंदी लगा दी गई है। प्रदूषण फैलाने वाली फैक्ट्रियों को भी बंद करने के आदेश दिए गए हैं। माना जा रहा है की पॉल्यूशन कंट्रोल करने तथा कोरोना काल की वजह से इस बार लाइसेंस जारी नहीं किए जाएंगे। होलसेल विक्रेता लाइसेंस ना बनाए जाने की प्रक्रिया से काफी परेशान दिख रहे हैं। 14 नवंबर को दीपावली का पर्व है रिटेलर दुकानदार भी करीब 20 दिन पहले माल खरीद लिया करते हैं लेकिन अभी तो होल सेलर के पास भी माल नहीं है। इससे इस बार यह भी प्रतीत होता है। कि दीपावली पटाखे वाली ना होकर शांत स्वभाव से मनाई जाएगी।