-विश्वस्तरीय प्रारूप पर आधारित प्रतियोगिता में विभिन्न राज्यों के विद्यार्थियों ने दिखाया तार्किक कौशल, श्रेष्ठ वक्ताओं को मिले सम्मान
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। शास्त्री नगर स्थित नेहरू वर्ल्ड स्कूल में शुक्रवार को ‘वाद-विवाद कौशल कार्यशाला एवं प्रतियोगिता’ का भव्य आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम विश्वस्तरीय वाद-विवाद प्रतियोगिता के प्रारूप पर आधारित था, जिसमें विभिन्न टीमों के बीच निरंतर तर्क-वितर्क की जीवंतता बनी रही। प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों में तार्किक सोच, स्पष्ट अभिव्यक्ति और असहमति को शालीन एवं तथ्यों के साथ प्रस्तुत करने की क्षमता का विकास करना रहा। कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर वरिष्ठ विद्यालय की प्रधानाचार्या मंजुला सिंह ने सभी प्रतिभागी विद्यालयों एवं निर्णायक मंडल का स्वागत किया। अपने स्वागत भाषण में उन्होंने कहा कि इस प्रकार के आयोजनों का मुख्य उद्देश्य छात्रों को अपने विचारों को स्पष्टता के साथ रखने तथा असंगत विचारों का तर्कपूर्ण विरोध करने का अवसर प्रदान करना है। उन्होंने यह भी कहा कि ऐसे मंचों के माध्यम से विद्यार्थी विभिन्न सामाजिक और शैक्षिक विषयों पर अपने विचार प्रस्तुत करने का कौशल विकसित करते हैं। साथ ही उन्होंने श्रोताओं की भूमिका पर बल देते हुए कहा कि जागरूक श्रोता किसी भी वाद-विवाद को सार्थक बनाते हैं।
इस प्रतियोगिता से पूर्व 11 दिसंबर 2025 को एक ऑनलाइन कार्यशाला का आयोजन किया गया था, जिसमें सभी प्रतिभागी विद्यालयों एवं अंग्रेज़ी विषय के अध्यापकों को सम्मिलित होने का अवसर मिला। प्रतियोगिता के आरंभ में सुश्री स्मृति राजीव शर्मा ने नियमों की जानकारी देने के साथ-साथ एक प्रभावी तर्ककर्ता के गुणों पर भी प्रकाश डाला। इस कार्यशाला के माध्यम से गाजियाबाद, गुरुग्राम, दिल्ली, नोएडा, वाराणसी और प्रयागराज के विद्यार्थियों को तर्क कौशल विकसित करने के नए और आधुनिक तरीकों से परिचित कराया गया। प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में स्मृति राजीव शर्मा के साथ यजुर डोलवानी एवं मोहित हुड्डा शामिल रहे। प्रतियोगिता को तीन वर्गों में विभाजित किया गया, जिसमें कक्षा 6-7, 8-9 तथा 10-12 के विद्यार्थी सम्मिलित हुए। प्रत्येक वर्ग के लिए वाद-विवाद हेतु तीन विषय निर्धारित किए गए, जो समाज और विद्यालयी शिक्षा से जुड़े समसामयिक मुद्दों पर आधारित थे।
कार्यक्रम में कुल 12 टीमों ने सहभागिता की, जिनमें नेहरू वर्ल्ड स्कूल, उत्तम स्कूल फॉर गर्ल्स, खेतान वर्ल्ड स्कूल, दिल्ली पब्लिक स्कूल गुरुग्राम, दिल्ली पब्लिक स्कूल नोएडा, एलन हाउस पब्लिक स्कूल वसुंधरा, गौर इंटरनेशनल स्कूल, जी.डी. गोयनका पब्लिक स्कूल, अहल्कोन इंटरनेशनल स्कूल दिल्ली, लॉरेल्स इंटरनेशनल स्कूल प्रयागराज, सनबीम स्कूल लहरतारा वाराणसी तथा सनबीम स्कूल वरुणा वाराणसी शामिल रहे। तीनों वर्गों में श्रेष्ठ वक्ता को टैबलेट पुरस्कार प्रदान किया गया। कक्षा 6-7 वर्ग में एलन हाउस पब्लिक स्कूल वसुंधरा के आरित जैन, कक्षा 8-9 वर्ग में आरनी महेंद्र तथा कक्षा 10-12 वर्ग में नेहरू वर्ल्ड स्कूल के दक्षराज सिंह और एलन हाउस पब्लिक स्कूल वसुंधरा की समृद्धि सिंह ने संयुक्त रूप से श्रेष्ठ वक्ता का सम्मान प्राप्त किया। विजेता टीम का खिताब सनबीम स्कूल लहरतारा वाराणसी को प्रदान किया गया, जिन्हें ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया।
श्रेष्ठ वक्ताओं को टैबलेट, स्पीकर, बैग और पुस्तकें पुरस्कार स्वरूप प्रदान की गईं, जबकि अन्य सभी प्रतिभागियों को पुस्तकें और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया। पूरी प्रतियोगिता रोचक और विचारोत्तेजक तर्कों से परिपूर्ण रही, जिसमें विद्यार्थियों ने न केवल दूसरों के तर्कों का खंडन किया, बल्कि अपने विचार भी ठोस तथ्यों के साथ प्रस्तुत किए। कार्यक्रम के समापन अवसर पर जूनियर विद्यालय की प्रधानाचार्या पूनम गैरोला ने सभी अतिथियों, निर्णायकों और प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि जीत या हार से अधिक महत्वपूर्ण सीखने की प्रक्रिया है। प्रत्येक प्रतिभागी अपने आप में विजेता है, क्योंकि हर अनुभव विद्यार्थियों को कुछ नया सिखाता है। इस आयोजन के माध्यम से नेहरू वर्ल्ड स्कूल ने किशोरों को एक ऐसा सशक्त मंच प्रदान किया, जहां वे समकालीन ज्वलंत मुद्दों पर अपने विचार निर्भीकता से रख सके और दूसरों के दृष्टिकोण को भी समझ सके।


















