गाजियाबाद में 150 करोड़ की विकास क्रांति का आगाज: शहर की सूरत बदलने को तैयार

-15वें वित्त आयोग की निधि से पांचों जोनों में 45 से अधिक निर्माण कार्यों को मिली रफ्तार
-मानसून से पहले पूरा होगा अधोसंरचना सुदृढ़ीकरण का महाभियान
-नगर निगम के पांचों जोनों में तेजी से हो रहे निर्माण कार्य

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। शहर मेंं विकास की गति अब धरातल पर स्पष्ट दिखाई देने लगी है। नगर निगम द्वारा 15वें वित्त आयोग 2024-25 के अंतर्गत करीब 150 करोड़ की लागत से निर्माण कार्य शुरू किए गए हैं। यह कार्य शहर के सभी पांचों जोनों में समान रूप से वितरित किए गए हैं, जिनका उद्देश्य अधोसंरचना को मजबूत बनाना और नागरिकों को मूलभूत सुविधाएं समय पर उपलब्ध कराना है। इन कार्यों में सड़कों के पुनर्निर्माण, नाले के निर्माण, जल निकासी व्यवस्था में सुधार, और अन्य आवश्यक अधोसंरचना विकास शामिल हैं। नगर निगम की इस पहल का नेतृत्व महापौर सुनीता दयाल और नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक कर रहे हैं, जो खुद मैदान में उतरकर कार्यों की प्रगति की निगरानी कर रहे हैं। महापौर ने स्पष्ट किया है कि ये विकास कार्य सिर्फ शुरुआत हैं और भविष्य में शहर को और अधिक सुव्यवस्थित, स्वच्छ और सुविधाजनक बनाया जाएगा।

नगर आयुक्त द्वारा निर्माण विभाग को निर्देशित किया गया कि सभी कार्य गुणवत्ता के साथ निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरे किए जाएं। शहर के विभिन्न इलाकों जैसे इंदिरापुरम, वसुंधरा, कविनगर, मोहन नगर, विजयनगर, वैशाली, पटेल नगर, शालीमार गार्डन, राजेंद्र नगर, बामेटा, गोविंदपुरम, शास्त्री नगर, वजीराबाद रोड सहित दर्जनों क्षेत्रों में सड़क और नाले के निर्माण कार्य के मुख्य अभियंता नरेंद्र कुमार चौधरी की निगरानी में तेजी से चल रहे हैं। इनमें से कई कार्यों को रात्रिकालीन शिफ्ट में भी कराया जा रहा है, ताकि आम जनमानस को जल्द से जल्द राहत मिल सके। इन कार्यों की मॉनिटरिंग मुख्य अभियंता नरेंद्र कुमार चौधरी के नेतृत्व में की जा रही है। साथ ही पार्षदगण भी निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और प्रगति पर नजर बनाए हुए हैं। पार्षदों की सक्रिय भागीदारी से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि किसी भी स्तर पर लापरवाही या गड़बड़ी न हो। कार्यों की पारदर्शिता बनाए रखने के लिए स्थानीय नागरिकों की भागीदारी भी सुनिश्चित की जा रही है।

महापौर ने क्षेत्रवासियों को आश्वस्त किया है कि मानसून से पहले अधिकतर सड़कें और नाले पूरी तरह दुरुस्त कर दिए जाएंगे, जिससे जलभराव, गड्ढों और ट्रैफिक जाम जैसी समस्याओं से राहत मिलेगी। वहीं नगर आयुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वह नियमित निरीक्षण करें और जनता को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसका विशेष ध्यान रखें। शहर के नागरिकों ने इस अभूतपूर्व विकास अभियान के लिए नगर निगम और जनप्रतिनिधियों की सराहना की है। उन्होंने कहा कि वर्षों से उपेक्षित पड़े इलाकों में अब वास्तविक बदलाव नज़र आने लगा है। यह विकास कार्य न केवल शहर की तस्वीर बदल रहे हैं, बल्कि लोगों के विश्वास को भी मज़बूत कर रहे हैं। गाजियाबाद अब एक आधुनिक, व्यवस्थित और नागरिक सुविधाओं से भरपूर स्मार्ट सिटी की ओर तेजी से अग्रसर है।

45 प्रमुख निर्माण कार्यों में तेजी
निर्माण विभाग की निगरानी में लगभग 45 से अधिक बड़े प्रोजेक्ट कार्यान्वयन की प्रक्रिया में हैं। इनमें कई कार्य रात्रिकालीन शिफ्ट में किए जा रहे हैं ताकि समयसीमा के भीतर प्रगति सुनिश्चित की जा सके।

प्रमुख क्षेत्रों में कार्यरत परियोजनाएं
• इंदिरापुरम, वैशाली, वसुंधरा
• शालीमार गार्डन, वजीराबाद रोड, मोहननगर
• लोहिया नगर, पटेल नगर, बिहार नगर, कविनगर
• शास्त्री नगर, गोविंदपुरम, डिफेंस कॉलोनी, दुहाई, रईसपुर
इनमें नाला निर्माण, जर्जर सड़कों की मरम्मत, जलभराव क्षेत्रों में पाइपलाइन बिछाने, नई सीसी रोड निर्माण, फुटपाथ पुन:निर्माण और गलियों की सुदृढ़ीकरण जैसे कार्य शामिल हैं।

पार्षदों की भूमिका और नागरिकों की भागीदारी
विकास कार्यों को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाए रखने के लिए पार्षदों की निगरानी में कार्य किए जा रहे हैं। हर वार्ड के पार्षद स्थल पर निरीक्षण कर यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि कार्य गुणवत्तापूर्ण हो और किसी नागरिक को असुविधा न हो। स्थानीय नागरिकों में गहरी संतुष्टि और उत्साह देखने को मिल रहा है। जिनका कहना है कि पहली बार निगम स्तर से इतना योजनाबद्ध और पारदर्शी विकास कार्य देखा जा रहा है। निगम की पहल को स्मार्ट सिटी के रूप में उभरते गाजियाबाद की नींव के तौर पर देखा जा रहा है।

जोनवार विकास कार्यों की योजना
जोन                                               कार्य लागत (करोड़ में)
• इंदिरापुरम व वसुंधरा                                   – 83
• सिटी जोन                                               – 18
• कविनगर जोन                                          – 19
• मोहन नगर                                             – 18
• विजयनगर                                              – 3

सुनीता दयाल
महापौर
नगर निगम गाजियाबाद।

शहर के समग्र विकास के लिए हम पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहे हैं। 15वें वित्त आयोग के तहत जो निर्माण कार्य कराए जा रहे हैं, वे सिर्फ ईंट-पत्थर के प्रोजेक्ट नहीं हैं, बल्कि शहरवासियों के बेहतर भविष्य की नींव हैं। हमने तय किया है कि मानसून से पहले शहर की अधिकांश सड़कों को गड्ढामुक्त किया जाएगा और नाले पूरी तरह दुरुस्त होंगे, जिससे जलभराव जैसी समस्याएं न रहें। हम जनहित के हर कार्य को प्राथमिकता दे रहे हैं। पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्धता हमारी तीन सबसे बड़ी प्राथमिकताएं हैं। जनता का विश्वास ही हमारी सबसे बड़ी ताकत है और हम इस विश्वास को मजबूत बनाए रखने के लिए हर संभव प्रयास करेंगे।
सुनीता दयाल
महापौर
नगर निगम गाजियाबाद।

विक्रमादित्य सिंह मलिक
म्युनिसिपल कमिश्नर, गाजियाबाद

गाजियाबाद नगर निगम द्वारा शहर में चल रहे निर्माण कार्यों की लगातार निगरानी की जा रही है। हमारी कोशिश है कि सभी कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं। निर्माण कार्यों में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए प्रत्येक ज़ोन में अभियंताओं की जिम्मेदारी तय की गई है और पार्षदों की देखरेख में कार्य करवाए जा रहे हैं। हम चाहते हैं कि मानसून से पहले सड़कों की मरम्मत और नालों की सफाई का काम पूरा हो, जिससे लोगों को किसी तरह की असुविधा न हो। निगम का लक्ष्य सिर्फ निर्माण नहीं, बल्कि जनता को सुविधा और सुरक्षित वातावरण देना है।
विक्रमादित्य सिंह मलिक
नगर आयुक्त
नगर निगम गाजियाबाद।