एडिशनल सीपी का बदमाशों पर चला हंटर 82 बदमाश गुंडा घोषित, 6 माह के लिए जिला बदर

गाजियाबाद। लूट-डकैती, हत्या का प्रयास एवं नाबालिग के साथ बलात्कार से लेकर गैंगस्टर 82 बदमाशों को गुंडा घोषित करते हुए जिले की सीमा से 6 माह के लिए जिला बदर किया गया है।
एडिशनल पुलिस कमिश्नर दिनेश कुमार पी. की न्यायालय में तीन दिन उत्तर प्रदेश गुंडा नियंत्रण अधिनियम-1970 के अंतर्गत की गई सुनवाई के बाद उक्त 82 अभियुक्तों को गुंडा घोषित करते हुए 6 माह के लिए जिला बदर किया गया है। एडिशनल पुलिस कमिश्नर दिनेश कुमार पी. ने बताया कि अपराधों में लिप्त इन बदमाशों के खिलाफ कोई भी व्यक्ति रिपोर्ट दर्ज कराने एवं साक्ष्य देने का साहस नहीं जुटा पाता है। जिले में कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने और आमजन को अपराध मुक्त माहौल देने के लिए इन्हें जिला बदर किया गया है।

एडिशनल पुलिस कमिश्नर ने बताया कि जिला बदर किए गए इन बदमाशों में चंद्रकांत उर्फ वीरेंद्र,गौरव उर्फ यशविंदर, रूपेश, सलमान, कुक्षांक, मनीष, मोहम्मद नाजिम, वसीम, सोनू उर्फ सद्दाम, करन उर्फ बर्तन, डिस्पेंद्र उर्फडिसू, अकरम, दिलशाद, आजाद, आरिफ, परवेज, शाहिद, इस्माईल, शेरखान, जोगिंदर गुर्जर, मानिक सांगवान, चिंटू उर्फ रवि, सुमित सिंह, अंकित, गुलजार, बंगाली उर्फ आसिफ, रिहान उर्फ लादेन, रवि, सोनू, राहुल कटारा, बल्लू उर्फ नौशाद कबाड़ी, राहुल कुमार, महताब, सोनू उर्फ बिच्छू, अजय राणा, नदीम, शकील, यश उर्फ कैंडी उर्फ यशपाल, दिलशाद उर्फ दिल्ला, सुनील उर्फ गोलू, अभिषेक उर्फ अभि, अरूण, किशन, नीरज कश्यप, रितिक, शिवम उर्फ काला, अमर खान, आशु, निखिल, आकाश, सुजीत उर्फ प्रदीप उर्फ पोदी, हारून उर्फ मुस्कान, नेत्रपाल, संजीव उर्फ संजय ठाकुर, अंकित कुमार, संजीव उर्फ लारा, आलम, बंटी उर्फ आशीष, सुल्तान,रिंकू, रामध्यानी यादव, जमशेद, इरफान, मुस्तकीम, साजिद, विकास कुमार, हनी उर्फ आकाश वर्मा,सलमान उर्फ खुर्शीद, गुलजार सिद्दीकी, अनूप उर्फ अन्नू, अरशद, जहीरूद्दीन, फैजान, अनस, सुबराती उर्फ समीर,अंश शर्मा, शकील, शिवम, अभिमन्यु, वकील शामिल हैं। इन बदमाशों के खिलाफ विभिन्न थानों में संगीन धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। एडिशनल पुलिस कमिश्नर ने बताया कि जिले में पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली लागू होने के बाद अब तक कुल 380 अभियुक्तों को गुंडा घोषित करते हुए जिले की सीमा से 6 माह के लिए जिला बदर किया जा चुका हैं।जबकि 129 अभियुक्तों को स्थानीय थाने में हाजिरी देने के लिए आदेशित किया गया हैं।