गाजियाबाद। जिलाधिकारी इन्द्र विक्रम सिंह ने कहा कि टीबी के प्रति आमजन को जागरूक करें। इसके साथ ही टीबी की जांच भी बढ़ाए। बुधवार को सेक्टर-23 संजय नगर स्थित संयुक्त जिला चिकित्सालय में आयोजित क्षय रोगी गोद कार्यक्रम में पहुंचे जिलाधिकारी ने क्षय रोगियों को पुष्टाहार प्रदान किया। उन्होंने टीबी उन्मूलन कार्यक्रम के स्टाफ से जिले में क्षय रोगियों के बारे में जानकारी ली और जन समुदाय में टीबी के प्रति जागरूकता और जांच बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने क्षय रोगियों से बात भी की। उनका हालचाल जानते हुए दवा आदि के बारे में पूछा।जिलाधिकारी ने क्षय रोगियों को मास्क का इस्तेमाल करने व नियमित रूप से दवा खाते रहने के लिए प्रेरित किया।जिलाधिकारी ने क्षय रोगियों से कहा कि टीबी की दवा बीच में छोड़ देने से बिगड़ी टीबी (मल्टी ड्रग रजिस्टेंट) हो जाती है। बिगड़ी टीबी का उपचार महंगा और मुश्किल, ज्यादा टॉक्सिक होता है, इसलिए दवा नियमित रूप से अवश्य खाएं। प्रदेश सरकार की ओर से मिलने वाली 500 रुपए की पोषण राशि से वह स्वयं पौष्टिक भोजन करें और पुष्टाहार का भी उन्हें खुद ही सेवन करना है।
टीबी की दवाओं के साथ पौष्टिक आहार लेना बहुत जरूरी होता है। उन्होंने कहा कि लगातार संपर्क में रहने के कारण परिजनों को भी संक्रमण का खतरा होता है, इसलिए अपने परिजनों को भी जांच कराने के लिए प्रेरित करें। बुधवार को आयोजित कार्यक्रम में रेडक्रॉस सोसायटी के सभापति और रोटेरियन डॉ.सुभाष गुप्ता ने अपने जन्मदिन के मौके पर 50 क्षय रोगियों को गोद लिया। रोटेरियन गौरव और नीतिका त्यागी ने शादी की सालगिरह क्षय रोगियों के बीच मनाई। इस मौके पर दोनों ने 50 क्षय रोगियों को गोद लेकर उपचार जारी रहने तक हर माह पुष्टाहार उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. भवतोष शंखधर ने इन्हें पौधा भेंटकर शुभकामनाएं दीं। सीएमओ ने क्षय रोगियों से आहवान किया कि वह सभी अपने परिजनों की टीबी जांच अवश्य कराते रहें। फेफड़ों की टीबी संक्रामक रोग है, जो सांस के जरिए फैलती है।
सार्वजनिक स्थान पर क्षय रोगी मास्क लगाएंगे तो अन्य लोगों को संक्रमण का खतरा कम होगा। सीएमओ ने समाज के जागरूक और सक्षम लोगों से क्षय रोगियों को गोद लेकर भावनात्मक और सामाजिक सहयोग उपलब्ध कराने का भी आहवान किया। उन्होंने कहा जन्मदिन और शादी की सालगिरह जैसे अवसर पर इस तरह के कार्य खुशी देने वाले होते हैं। इस मौके पर संयुक्त जिला चिकित्सालय के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. विनोद चंद्र पांडेय रेडक्रॉस सोसायटी की सचिव डॉ. किरण गर्ग, अस्पताल के स्टॉफ एवं जिला क्षय रोग अधिकारी (डीटीओ) डॉ. अमित विक्रम व टीबी उन्मूलन कार्यक्रम का स्टाफ भी मौजूद रहा।
















